फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Moradabad News ›   18.75 लाख के घपले में फंसे जिला सहकारी बैंक चेयरमैन

18.75 लाख के घपले में फंसे जिला सहकारी बैंक चेयरमैन

Mon, 11 Sep 2017 01:25 AM IST
Updated Mon, 11 Sep 2017 01:25 AM IST
विज्ञापन
18.75 लाख के घपले में फंसे जिला सहकारी बैंक चेयरमैन
18.75 लाख के घपले में फंसे जिला सहकारी बैंक चेयरमैन
विज्ञापन

रामपुर। जिला सहकारी बैंक के चेयरमैन और एक पूर्व मंत्री के बेहद करीबी सलीम कासिम लाखों के घपले में फंस गए हैं। उन पर चार साल तक कार में भ्रमण के फर्जी बिल लगाकर 18.75 लाख का भुगतान हासिल करने का आरोप है। जांच के दौरान यह बात भी सामने आई है कि कंडम घोषित हो चुकी दूसरी कार को भी फर्जी बिल बाउचर के जरिये इस्तेमाल किया जाता रहा। जांच में इसकी पुष्टि होने के बाद चार अफसरों की जांच कमेटी ने अपनी रिपोर्ट सहकारिता विभाग के उप निदेशक को भेज दी है। बता दें कि रामपुर की जिला सहकारी बैंक को देश की नंबर वन बैंक का सर्टिफिकेट भी मिल चुका है।
जिला सहकारी बैंक के चेयरमैन सलीम कासिम व महाप्रबंधक अंजुम घपलेबाजी में फंस गए हैं। इस घपलेबाजी की शिकायत जिला सहकारी बैंक की उपाध्यक्ष एवं भाजपा नेत्री निधि रुहेला ने सहकारिता विभाग के संयुक्त आयुक्त एवं संयुक्त निबंधक से मई माह में की थी, जिसमें जिला सहकारी बैंक के चेयरमैन व महाप्रबंधक पर फर्जी तरीके से बिलों का भुगतान कर लाखों की घपलेबाजी करने का आरोप लगाते हुए कार्रवाई की मांग रखी थी, जिसके बाद संयुक्त आयुक्त ने इस मामले की जांच के लिए चार अफसरों की कमेटी गठित की गई। चार सदस्यीय जांच कमेटी ने अपनी जांच शुरू कर दी।
विज्ञापन

जांच कमेटी ने अपनी जांच अब पूरी कर ली है। जांच में जिला सहकारी बैंक के चेयरमैन पर लगाए आरोप की पुष्टि की है। जांच रिपोर्ट में साफ किया है बैंक द्वारा अनुबंधित इंडिका कार के वर्ष 2013 से अब तक गलत तरीके से भ्रमण के बिल लगाए जाते रहे और उसका करीब 18.75 लाख रुपये का भुगतान प्राप्त कर लिया। जांच में यह बात सामने आई कि चेयरमैन को फायदा पहुंचाने के लिए महाप्रबंधक ने भी कोई कसर नहीं छोड़ी। जांच रिपोर्ट में कहा गया कि नियम कायदों को दरकिनार करते हुए चेयरमैन अनुबंधित इंडिका कार से वह चार साल तक घूमते रहे और उसका फर्जी बिल लगाकर बैंक को चूना लगाते रहे। रिपोर्ट में यह भी साफ किया है कि सहकारी बैंक को इस कुल 1875161 रुपये का भुगतान प्राप्त कर लिया। जांच के दौरान बैंक की ओर से कार का अनुबंध पत्र तो पेश किया गया, लेकिन अनुबंध कब से कब तक है इसका कोई सुबूत ही नहीं दिया गया।
विज्ञापन
विज्ञापन

आरोप है कि कंडम बुलेरो कार को भी दौड़ाना दिखाया गया। बाद में इसके चोरी होने की बात सामने आई थी। हालांकि पुलिस ने इसे बरामद भी कर लिया था। फिलहाल जांच कमेटी ने अपनी रिपोर्ट उपनिदेशक को भेज दी है। इस मामले में रिपोर्ट दर्ज करने की तैयारी चल रही है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed