{"_id":"5c82d092bdec2214530f8f98","slug":"141552076946-moradabad-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"गुरूग्राम से भी ज्यादा प्रदूषित रही मुरादाबाद की हवा, 194 पहुंचा वायु गुणवत्ता सूचकांक","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
गुरूग्राम से भी ज्यादा प्रदूषित रही मुरादाबाद की हवा, 194 पहुंचा वायु गुणवत्ता सूचकांक
Sat, 09 Mar 2019 01:59 AM IST
Priyesh Mishra
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मुरादाबाद
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मुरादाबाद
Published by: Priyesh Mishra
Updated Sat, 09 Mar 2019 01:59 AM IST
विज्ञापन
वायु प्रदूषण (फाइल फोटो)
- फोटो : PTI
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
वातावरण में चटख धूप खिलने के साथ वायु प्रदूषण में भी बढ़ोतरी हो रही है। शुक्रवार को पीतलनगरी की हवा गुरूग्राम से भी जहरीली रही। गुरुग्राम का वायु गुणवत्ता सूचकांक 155 रहा तो वहीं, मुरादाबाद में एक्यूआई 194 दर्ज किया गया।
पिछले चार दिन से मौसम खुला हुआ है। सुबह से लेकर शाम तक चटख धूप खिली रहती है। इससे गर्मी के स्तर में बढ़ोतरी हुई है। मौसम विभाग की वेबसाइट के अनुसार अधिकतम तापमान 27 डिग्री सेल्सियस ओर न्यूनतम 12 डिग्री सेल्सियस के आस-पास है। वहीं हवा में प्रदूषण के स्तर में बढ़ोतरी दर्ज की गई है। गुरुवार को वायु प्रदूषण 169 एक्यूआई थी, जो शुक्रवार को 194 तक पहुंच गया। हालांकि रात करीब दस बजे गिरावट के साथ 163 एक्यूआई पहुंच गया।
पीएम 2.5 का औसत स्तर 163, न्यूनतम 29 और अधिकतम 315 रहा। पीएम 10 का स्तर औसतन 146, न्यूनतम 101 और अधिकतम 2016 दर्ज किया गया। समन्वयक नैम्प व एसोसिएट प्रोफेसर वनस्पति विज्ञान डॉ. अनामिका त्रिपाठी ने बताया कि मुरादाबाद में प्रदूषण का कारण वाहन, इलेक्ट्रानिक कचरा और ब्रास की छोटी-छोटी भट्टियां हैं। कहीं भी कूड़ा जलाने वालों के खिलाफ भी कार्रवाई होनी चाहिए।
विज्ञापन
वायु प्रदूषण का मानक 50 एक्यूआई होना चाहिए। यहां पर तीन गुना रहता है। चिंता की बात है कि बारिश होने के बाद प्रदूषण का स्तर बना हुआ है। उन्होंने कहा कि जब तक कार्ययोजना नहीं बनेगी, प्रदूषण का स्तर कम नहीं हो पाएगा। यह कार्ययोजना सरकार ही क्रियान्वित कर सकती है।
डॉ. अनामिका त्रिपाठी ने बताया कि सरकार की तरफ से वायु प्रदूषण की स्थिति को जानने के लिए एक टीम आई हुई है। अभी इसने रिपोर्ट नहीं सौंपी है। यहां पर बड़े स्तर पर कार्य होना है। शीघ्र ही इसके परिणाम जारी किए जाएंगे। वहीं, दिल्ली का एक्यूआई 237 और लखनऊ का 282 दर्ज किया गया।
विज्ञापन
पिछले चार दिन से मौसम खुला हुआ है। सुबह से लेकर शाम तक चटख धूप खिली रहती है। इससे गर्मी के स्तर में बढ़ोतरी हुई है। मौसम विभाग की वेबसाइट के अनुसार अधिकतम तापमान 27 डिग्री सेल्सियस ओर न्यूनतम 12 डिग्री सेल्सियस के आस-पास है। वहीं हवा में प्रदूषण के स्तर में बढ़ोतरी दर्ज की गई है। गुरुवार को वायु प्रदूषण 169 एक्यूआई थी, जो शुक्रवार को 194 तक पहुंच गया। हालांकि रात करीब दस बजे गिरावट के साथ 163 एक्यूआई पहुंच गया।
विज्ञापन
पीएम 2.5 का औसत स्तर 163, न्यूनतम 29 और अधिकतम 315 रहा। पीएम 10 का स्तर औसतन 146, न्यूनतम 101 और अधिकतम 2016 दर्ज किया गया। समन्वयक नैम्प व एसोसिएट प्रोफेसर वनस्पति विज्ञान डॉ. अनामिका त्रिपाठी ने बताया कि मुरादाबाद में प्रदूषण का कारण वाहन, इलेक्ट्रानिक कचरा और ब्रास की छोटी-छोटी भट्टियां हैं। कहीं भी कूड़ा जलाने वालों के खिलाफ भी कार्रवाई होनी चाहिए।
विज्ञापन
वायु प्रदूषण का मानक 50 एक्यूआई होना चाहिए। यहां पर तीन गुना रहता है। चिंता की बात है कि बारिश होने के बाद प्रदूषण का स्तर बना हुआ है। उन्होंने कहा कि जब तक कार्ययोजना नहीं बनेगी, प्रदूषण का स्तर कम नहीं हो पाएगा। यह कार्ययोजना सरकार ही क्रियान्वित कर सकती है।
डॉ. अनामिका त्रिपाठी ने बताया कि सरकार की तरफ से वायु प्रदूषण की स्थिति को जानने के लिए एक टीम आई हुई है। अभी इसने रिपोर्ट नहीं सौंपी है। यहां पर बड़े स्तर पर कार्य होना है। शीघ्र ही इसके परिणाम जारी किए जाएंगे। वहीं, दिल्ली का एक्यूआई 237 और लखनऊ का 282 दर्ज किया गया।