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Mirzapur News: बादल छोड़ नहीं रहे पीछा, फसलों की कटाई और मड़ाई पर संकट

Mon, 23 Mar 2026 01:24 AM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Mon, 23 Mar 2026 01:24 AM IST
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The clouds are not leaving, causing trouble for the harvesting and threshing of crops.
शेरवां क्षेत्र में खेत में काटकर पड़ी सरसों की फसल।- संवाद। - फोटो : Samvad
-खेत और खलिहानों में बूंदाबादी से भीगकर पड़े सरसों, चना, मसूर को नुकसान, गेहूं का बालिया पड़ रहीं काली
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मिर्जापुर। पिछले दिनों शुक्रवार की भोर से लेकर शनिवार को हुई बारिश के साथ दिन में कई राउंड हुई बूंदाबांदी का फसलों पर असर पड़ रहा है। रविवार को भी बादल छाए रहे। खेतों में पानी से भींगी सरसों, चना, मसूर, अरहर सहित अन्य फसलें खलिहान तक नहीं पहुंच रहीं। पानी के चलते गेहूं की बालियां काले पड़ने लगी हैं। किसानों की मानें तो यदि फिर से बारिश या ओलावृष्टि हुई तो नुकसान से इन्कार नहीं किया जा सकता है।
शेरवां, चक्रवात एवं सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ से शुक्रवार को मौसम में बदलाव के चलते बूंदाबांदी व शनिवार को भी दिन में तीन बार रूक रूक कर हल्की बारिश से किसान परेशान रहे। पटेहरा में शनिवार को हुई बारिश से सरसों, गेहूं, चना की तैयार फसल को काफी नुकसान पहुंचा है। मौसम परिवर्तन से संतोष तिवारी, जमोहर सिंह, मुन्ना सिंह समेत अन्य किसानों को डर है कि कहीं बारिश के साथ ओले ना पड़ जाए नहीं तो पूरी फसल बर्बाद हो जाएगी। भावां, क्षेत्र में शनिवार की भोर हुई तेज बारिश के चलते चना, मटर, मसूर, अरहर के साथ सरसों की फसल की पैदावार पर अच्छा खासा असर पड़ा है। किसान उदय प्रताप ने बताया कि 10 बीघा गेहूं की फसल पककर तैयार है। ऐसे में ओला वृष्टि हुई तो, गाढ़ी कमाई बर्बाद हो जाएगी। सीखड़, मौसम के अचानक बदलाव से सभी फसलों को काफी नुकसान पहुंचा है। लगातार बारिश से गेहूं के फूल झड़ गए हैं, इससे पैदावार में कमी आने की आशंका है। हलिया, क्षेत्र में दो दिन पूर्व बूंदाबांदी तथा हल्की बारिश के कारण मौसम में बदलाव आ गया है। ठंड बढ़ गई है।
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जिगना: छानबे क्षेत्र में सुबह से ही बादलों की आवाजाही व धूप छांव के बीच सरसों, जौ, गेहूं आदि की कटाई के लिए मजदूर अथवा मशीन की ब्यवस्था में किसान लगे रहे। लालगंज: मौसम के बदलते तेवर का असर अब साफ तौर पर जनजीवन पर दिखने लगा है। रबी फसलों पर तापमान के उतार-चढ़ाव का असर पड़ रहा है। उत्पादन प्रभावित होने की आशंका है। दिन में गर्मी और सुबह-शाम ठंड के कारण सर्दी-जुकाम व वायरल बीमारियां बढ़ रही हैं। पड़री: क्षेत्र में अचानक दो दिन पहले आई आंधी पानी से जहां एक ओर तापमान में गिरावट होने से आम जन मानस को राहत मिली है। दूसरी ओर बारिश एवं आंधी के कारण तापमान में उतार चढ़ाव से सर्दी जुकाम , बुखार आदि से पीड़ित मरीजों की संख्या में वृद्धि हुई है। किसान, राजू दुबे, चंदन सिंह, अनिल मौर्य आदि ने बताया बारिश से सब्जी, सरसों, चना, मटर, मसूर, गेहूं, आम की फसल पर काफी प्रभाव पड़ा है। गेहूं की फसलें जहां गिर गई है वहीं आम के बौर में लाही लगना शुरू हो गया है।
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