मिर्जापुर। 10 दिन बीतने के बाद भी भटौली पुल के पास से लापता डाक्टर का कहीं पता नहीं चल सका। गंगा में पीएसी की फ्लड टीम से लेकर एनडीआरएफ ने छानबीन किया पर पता नहीं चल सका। गंगा में तलाश न होने पर पुलिस उनको अयंत्र खोजने के लिए गुरुवार को उनके साथ ओपीडी करने वाले डाक्टरों से बात कर उनकके बारे में जानकारी प्राप्त किया। जिससे पुलिस को कुछ सुराग मिल सके की वो कहां जा सकते है।
23 अगस्त को मंडलीय अस्पताल में तैनात डा. जेपी त्रिपाठी शनिवार को मिर्जापुर मंडलीय अस्पताल ड्यूटी करने आ रहे थे। भटौली पुल पर कार खड़ी कराकर शौच के लिए उतरे और लापता हो गए। काफी देर तक उनका पता न चलने पर चालक पवन ने उनकी पत्नी और पुलिस को फोन कर जानकारी दिया। तीन दिनों तक एनडीआरएफ की टीम गंगा में उनकी तलाश करती रही। गांवों में पुलिस गश्त कर उनकी तलाश करती रही। इसके अलावा मंदिर और मठों में मिर्जापुर से लेकर यूपी के अन्य जिलों में उनकी तलाश होती रही, पर उनका कुछ भी पता नहीं चल सका। एएसपी सिटी संजय कुमार ने गुरुवार को मंडलीय अस्पताल में लापता डा. जेपी त्रिपाठी के साथ काम करने वाले डाक्टरों से पूछताछ कर जानकारी किया कि डा. जेपी त्रिपाठी की क्या गतिविधियां थी। उनके साथ क्या हो सकता है। एएसपी ने बताया कि डाक्टरों से जानकारी लेेने के बाद उन लोगों को कहना था कि हो सकता है कोरोना ड्यूटी के चलते कहीं चले गए हों। वापस आ जाएंगे।