{"_id":"68b1fd930c9033e3ec0ebe7e","slug":"out-of-180-patients-in-opd-40-complained-of-burning-and-itching-in-the-eyes-mirzapur-news-c-192-1-svns1035-139116-2025-08-30","type":"story","status":"publish","title_hn":"Mirzapur News: ओपीडी में 180 मरीजों में से 40 की आंखों में जलन-खुजली की शिकायत","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Mirzapur News: ओपीडी में 180 मरीजों में से 40 की आंखों में जलन-खुजली की शिकायत
विज्ञापन
भैरो प्रसाद नेत्र चिकित्सालय में मरीज के आंख की जांच करती डा. खुशबू शिखांगी। स्रोत- संवाद
- फोटो : mathura
मिर्जापुर। बारिश से हुए जलभराव के बाद सड़कों के कीचड़ अब धूल बनकर सांस और आंख के रोगियों को परेशान कर रहे हैं। मेडिकल कॉलेज से संबंद्ध भैरो प्रसाद चिकित्सालय में संचालित नेत्र रोग विभाग में आंख की ओपीडी में शुक्रवार को आए 180 मरीजों में से 40 मरीजों की आंख में जलन और खुजली की शिकायत रही। वहीं, कुछ मरीजों के आंखों में धूल जाने से लालिमा की समस्या रही।
पांच किलोमीटर परिधि क्षेत्र में नगर क्षेत्र की एक भी सड़क ऐसी नहीं है कि जहां बिना धूल के सफर किया जा सके। बारिश के बाद सड़क के गड्ढों को भरने के लिए गिट्टी भरी जा रही है। कार सवार तो गाड़ी के अंदर होने से बच जाते हैं। बाइक, साइकिल सवार और पैदल चलने वालों को धूल का सामना करना पड़ता है। बिना चश्मा लगाए सड़क पर चलना दुश्वार है।
आंख की सुरक्षा के लिए बिना पावर वाला चश्मा लगाएं
घर से बाहर निकलने से पहले मास्क जरूर लगाएं
बाहर से घर लौटने पर ठंडे पानी से आंख जरूर धुलें
कार्निया में गड़ जाती है सड़क पर उड़ने वाली धूल
वरिष्ठ नेत्र रोग विशेषज्ञ डा. अरविंद सिन्हा ने बताया कि बारिश के बाद सड़क पर उड़ने वाली धूल आंखों में जाने पर कार्निया में गड़ जाता है। कभी-कभी समस्या बढ़ने पर उसे निकाला जाता है। धूल से आंख लाल होना, एलर्जी, जलन होने की समस्या आती है। नगरपालिका को सड़कों पर पानी का छिड़काव कराना चाहिए। आंखों की सुरक्षा के लिए चश्मा और हेलमेट लगाकर चलें। बाहर से घर लौटें तो आंख में ठंडे पानी का छिड़काव करें।
विज्ञापन
मास्क लगाकर चलें, नहीं बढ़ेगी एलर्जी व सांस की समस्या
मंडलीय अस्पताल के चिकित्सा अधीक्षक व वरिष्ठ फिजिशीयन डा. पंकज पांडेय ने बताया कि धूल से सांस और एलर्जी के मरीजों को समस्या होती है। बारिश होने पर गाड़ियों के टायर में कीचड़ चिपक जाता है। धूप निकलने पर टायर सूखने पर सड़क पर चिपकी मिट्टी रगड़ से हवा में उड़ती है। ये धूल के कण बहुत महीन होते हैं जो श्वास नली में जाकर फंस जाती है। जो सांस और एलर्जी के मरीज के लिए घातक होती है। सड़क पर निकलने से पहले मास्क जरूर लगाएं।
विज्ञापन
पांच किलोमीटर परिधि क्षेत्र में नगर क्षेत्र की एक भी सड़क ऐसी नहीं है कि जहां बिना धूल के सफर किया जा सके। बारिश के बाद सड़क के गड्ढों को भरने के लिए गिट्टी भरी जा रही है। कार सवार तो गाड़ी के अंदर होने से बच जाते हैं। बाइक, साइकिल सवार और पैदल चलने वालों को धूल का सामना करना पड़ता है। बिना चश्मा लगाए सड़क पर चलना दुश्वार है।
विज्ञापन
आंख की सुरक्षा के लिए बिना पावर वाला चश्मा लगाएं
घर से बाहर निकलने से पहले मास्क जरूर लगाएं
बाहर से घर लौटने पर ठंडे पानी से आंख जरूर धुलें
कार्निया में गड़ जाती है सड़क पर उड़ने वाली धूल
वरिष्ठ नेत्र रोग विशेषज्ञ डा. अरविंद सिन्हा ने बताया कि बारिश के बाद सड़क पर उड़ने वाली धूल आंखों में जाने पर कार्निया में गड़ जाता है। कभी-कभी समस्या बढ़ने पर उसे निकाला जाता है। धूल से आंख लाल होना, एलर्जी, जलन होने की समस्या आती है। नगरपालिका को सड़कों पर पानी का छिड़काव कराना चाहिए। आंखों की सुरक्षा के लिए चश्मा और हेलमेट लगाकर चलें। बाहर से घर लौटें तो आंख में ठंडे पानी का छिड़काव करें।
विज्ञापन
मास्क लगाकर चलें, नहीं बढ़ेगी एलर्जी व सांस की समस्या
मंडलीय अस्पताल के चिकित्सा अधीक्षक व वरिष्ठ फिजिशीयन डा. पंकज पांडेय ने बताया कि धूल से सांस और एलर्जी के मरीजों को समस्या होती है। बारिश होने पर गाड़ियों के टायर में कीचड़ चिपक जाता है। धूप निकलने पर टायर सूखने पर सड़क पर चिपकी मिट्टी रगड़ से हवा में उड़ती है। ये धूल के कण बहुत महीन होते हैं जो श्वास नली में जाकर फंस जाती है। जो सांस और एलर्जी के मरीज के लिए घातक होती है। सड़क पर निकलने से पहले मास्क जरूर लगाएं।