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Mirzapur News: विंध्यधाम में उमड़े आस्थावान, मां के दर्शन के लिए श्रद्धालाओं की लगी लंबी कतार
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शारदीय नवरात्र मेले के छठवें दिन मां विंध्यवासिनी देवी दरबार की तरफ लगी लंबी कतारें।-संवाद।शारद
विंध्याचल। शारदीय नवरात्र की षष्ठी तिथि पर शुक्रवार को विंध्यधाम में आस्थावान उमड़े। मां विंध्यवासिनी के दर्शन के लिए भोर से ही श्रद्धालुओं की कतार लग गई। मंगला आरती और शृंगार पूजन के बाद मां के दिव्य स्वरूप का दर्शन पाकर भक्त निहाल हो उठे।
मंदिर परिसर से लेकर विंध्य की गलियों और गंगा घाटों तक दिनभर श्रद्धालुओं की चहल-पहल रही। मां के जयकारों से पूरा धाम गुंजायमान रहा। देश के विभिन्न हिस्सों से पहुंचे श्रद्धालुओं ने गंगा स्नान के बाद मां विंध्यवासिनी के दरबार में मत्था टेका। हाथों में नारियल, चुनरी, माला और प्रसाद लिए भक्त अपनी बारी का इंतजार करते रहे। गुड़हल, कमल और गुलाब के पुष्पों से सजी मां की मनोहारी झांकी ने श्रद्धालुओं को भावविभोर कर दिया।
दर्शन-पूजन के बाद लोगों ने परिवार के साथ धाम की गलियों में खरीदारी भी की। कालीखोह और अष्टभुजा धाम में भी उमड़ी भीड़ षष्ठी पर कालीखोह पहाड़ स्थित मां महाकाली के दरबार में भी दर्शनार्थियों का तांता लगा रहा।
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मां के भव्य शृंगार के दर्शन कर भक्तों ने मन्नतें मांगी और मंदिर परिसर में रक्षा बांधी। वहीं, अष्टभुजा पहाड़ पर भी श्रद्धालुओं की लंबी कतारें लगी रहीं। मां विंध्यवासिनी के दर्शन के बाद किसी ने रोपवे तो किसी ने सीढ़ियों के रास्ते मां अष्टभुजा के दरबार में पहुंचकर मत्था टेका। त्रिकोण परिक्रमा मार्ग पर स्थित तीनों प्रमुख देवी मंदिरों में दर्शन-पूजन का सिलसिला दिनभर चलता रहा। पहाड़ों पर साधक मंत्रोच्चार के बीच अनुष्ठान में लीन रहे। ढोलक और मंजीरों की थाप पर श्रद्धालुओं ने देवी की आराधना की।
घाटों पर गंगा स्नान करने को उमड़ रहे भक्त : धाम क्षेत्र के गंगा घाटों पर छठवें दिन पर स्नान ध्यान करने के लिए श्रद्धालुओं की भारी भीड़ रही सुरक्षा की दृष्टि से गंगा में बैरिकेडिंग लगाई गई है वहीं गोताखोर और महिला पुलिस बल की भी तैनाती गंगा घाट पर कराई गई है। साफ सफाई के साथ ही गंगा घाटों पर वस्त्र बदलने के लिए अस्थाई टेंट का भी निर्माण कराया गया है।
भजन कीर्तन से गुलजार रहे मंदिर परिसर : षष्ठी तिथि पर विंध्य क्षेत्र के मंदिरों में शाम होते ही भजन कीर्तन का दौर शुरू हो गया था ढोलक मंजीरे की थाप पर श्रद्धालु मधुर भजनों को प्रस्तुत कर देवी मां की आराधना करते रहे अष्टभुजा पहाड़ के साथ ही विंध्याचल के आसपास इलाकों में स्थित प्रमुख मंदिरों पर भजन कीर्तन का कार्यक्रम अनवरत चलता रहा भक्ति संगीत में स्थानीय नागरिकों साथ ही दूर दराज से आए भक्त भी बड़ी संख्या में शामिल हुए।
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मंदिर परिसर से लेकर विंध्य की गलियों और गंगा घाटों तक दिनभर श्रद्धालुओं की चहल-पहल रही। मां के जयकारों से पूरा धाम गुंजायमान रहा। देश के विभिन्न हिस्सों से पहुंचे श्रद्धालुओं ने गंगा स्नान के बाद मां विंध्यवासिनी के दरबार में मत्था टेका। हाथों में नारियल, चुनरी, माला और प्रसाद लिए भक्त अपनी बारी का इंतजार करते रहे। गुड़हल, कमल और गुलाब के पुष्पों से सजी मां की मनोहारी झांकी ने श्रद्धालुओं को भावविभोर कर दिया।
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दर्शन-पूजन के बाद लोगों ने परिवार के साथ धाम की गलियों में खरीदारी भी की। कालीखोह और अष्टभुजा धाम में भी उमड़ी भीड़ षष्ठी पर कालीखोह पहाड़ स्थित मां महाकाली के दरबार में भी दर्शनार्थियों का तांता लगा रहा।
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मां के भव्य शृंगार के दर्शन कर भक्तों ने मन्नतें मांगी और मंदिर परिसर में रक्षा बांधी। वहीं, अष्टभुजा पहाड़ पर भी श्रद्धालुओं की लंबी कतारें लगी रहीं। मां विंध्यवासिनी के दर्शन के बाद किसी ने रोपवे तो किसी ने सीढ़ियों के रास्ते मां अष्टभुजा के दरबार में पहुंचकर मत्था टेका। त्रिकोण परिक्रमा मार्ग पर स्थित तीनों प्रमुख देवी मंदिरों में दर्शन-पूजन का सिलसिला दिनभर चलता रहा। पहाड़ों पर साधक मंत्रोच्चार के बीच अनुष्ठान में लीन रहे। ढोलक और मंजीरों की थाप पर श्रद्धालुओं ने देवी की आराधना की।
घाटों पर गंगा स्नान करने को उमड़ रहे भक्त : धाम क्षेत्र के गंगा घाटों पर छठवें दिन पर स्नान ध्यान करने के लिए श्रद्धालुओं की भारी भीड़ रही सुरक्षा की दृष्टि से गंगा में बैरिकेडिंग लगाई गई है वहीं गोताखोर और महिला पुलिस बल की भी तैनाती गंगा घाट पर कराई गई है। साफ सफाई के साथ ही गंगा घाटों पर वस्त्र बदलने के लिए अस्थाई टेंट का भी निर्माण कराया गया है।
भजन कीर्तन से गुलजार रहे मंदिर परिसर : षष्ठी तिथि पर विंध्य क्षेत्र के मंदिरों में शाम होते ही भजन कीर्तन का दौर शुरू हो गया था ढोलक मंजीरे की थाप पर श्रद्धालु मधुर भजनों को प्रस्तुत कर देवी मां की आराधना करते रहे अष्टभुजा पहाड़ के साथ ही विंध्याचल के आसपास इलाकों में स्थित प्रमुख मंदिरों पर भजन कीर्तन का कार्यक्रम अनवरत चलता रहा भक्ति संगीत में स्थानीय नागरिकों साथ ही दूर दराज से आए भक्त भी बड़ी संख्या में शामिल हुए।