फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Mirzapur News ›   Assets of power towers endangered due to illegal mining

अवैध खनन के चलते विद्युत टावरों के आस्तित्व खतरे में

Sun, 20 Dec 2020 12:23 AM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Sun, 20 Dec 2020 12:23 AM IST
विज्ञापन
Assets of power towers endangered due to illegal mining
अदलहाट। क्षेत्र के भुइलीखास पहाड़ी पर लगे छह की संख्या में शक्तिशाली विद्युत टावर के पास हो रहे खनन के चलते ओबरा से साहूपुरी को जाने वाली 220 केवीए विद्युत लाइन पर संकट मंडरा रहा है। यदि समय रहते इसपर ध्यान न दिया गया तो कभी भी टावर गिर सकते हैं। इससे बिजली व्यवस्था चरमरा जाएगी।
विज्ञापन

भुइलीखास पहाड़ी पर बिजली के छह टावर लगे हैं। टावर के आसपास 80 मीटर की परिधि में किसी प्रकार के खनन पर पूरी तरह प्रतिबंध है। 24 दिसंबर 2012 को इसी पहाङ़ी पर खनन माफियाओं की ओर से अवैध खनन के दौरान विस्फोट में 60-60 मन के चार चट्टान पहाड़ी के नीचे बस्ती में राधे बियार के मकान के आसपास गिर चुके हैं। टावर के पास चार वर्ष पहले तत्कालीन उपजिलाधिकारी चुनार डॉ. विश्राम ने भइलीखास पहाङ़ी पर प्रतिबंधित कर 80 मीटर की परिधि में किसी भी प्रकार के खनन पर पूर्ण रोक लगा दी थी। लेकिन इस समय खनन कार्य जारी है।
विज्ञापन

अवर अभियंता विद्युत टावर राबर्ट्सगंज, सोनभद्र अशोक मौर्य का कहना है कि टावर के आसपास अवैध खनन की सूचना मिली है, जांच कराई जाएगी। मामला यदि सही पाया जाता है तो अवैध खनन पर रोक लगाई जाएगी। उनके खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed