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रेप की रिपोर्ट दर्ज कराएं कैमरे की निगरानी में
Mirzapur
Updated Sun, 16 Mar 2014 05:31 AM IST
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मिर्जापुर। महिलाओं से संबंधित अपराध की एफआईआर कैमरे की निगरानी में ही दर्ज की जाए। साथ ही एफआईआर दर्ज करने और इस प्रक्रिया की वीडियोग्राफी का काम भी महिला पुलिस द्वारा ही किया जाए। सूबे के पुलिस महानिरीक्षक (अपराध) आशीष गुप्ता ने सभी एसपी/एसएसपी को उक्त आशय का पत्र जारी करते हुए कहा है कि निर्देश का अनुपालन हर हाल में कड़ाई से सुनिश्चित कराया जाए।
बता दें कि बीते साल जनवरी महीने में सनसनीखेज व महिलाओं से संबंधित अपराधों की विवेचना में कार्यवाही करने के लिए सूबे के पुलिस महानिदेशक मुख्यालय से निर्देश जारी किए गए थे। कहा गया था कि हत्या, डकैती, लूट, चोरी, नकबजनी और बलात्कार जैसे अपराधों से संबंधित घटनास्थलों को सूचना मिलते ही येलो टेप से सुरक्षित कर लिया जाए। साथ ही घटनास्थल की फोटोग्राफी व वीडियोग्राफी करा कर जरूरी हो तो फोरेंसिक टीम की मदद से साक्ष्य सुरक्षित कर लिए जाएं। इसके साथ ही निर्देश दिया गया था कि एसिड हमले या एसिड हमले की धमकी से संबंधित, महिलाओं को डराने-धमकाने से संबंधित, बलात्कार और महिलाओं की गरिमा को ठोस पहुंचाने संबंधी मामलों में महिला पुलिस द्वारा एफआईआर दर्ज किया जाए और एफआईआर दर्ज होने की महिला पुलिस द्वारा वीडियोग्राफी की जाए। लेकिन हकीकत के धरातल पर डीजीपी के निर्देशों का सही तरीके से अनुपालन नहीं हो रहा है। जिसको गंभीरता से लेते हुए आईजी (क्राइम) आशीष गुप्ता ने बुधवार को सभी जनपदों के एसपी/एसएसपी को पत्र भेज कर कहा है कि पूर्व में जारी निर्देशों का सख्ती के साथ अनुपालन कराया जाए।
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बता दें कि बीते साल जनवरी महीने में सनसनीखेज व महिलाओं से संबंधित अपराधों की विवेचना में कार्यवाही करने के लिए सूबे के पुलिस महानिदेशक मुख्यालय से निर्देश जारी किए गए थे। कहा गया था कि हत्या, डकैती, लूट, चोरी, नकबजनी और बलात्कार जैसे अपराधों से संबंधित घटनास्थलों को सूचना मिलते ही येलो टेप से सुरक्षित कर लिया जाए। साथ ही घटनास्थल की फोटोग्राफी व वीडियोग्राफी करा कर जरूरी हो तो फोरेंसिक टीम की मदद से साक्ष्य सुरक्षित कर लिए जाएं। इसके साथ ही निर्देश दिया गया था कि एसिड हमले या एसिड हमले की धमकी से संबंधित, महिलाओं को डराने-धमकाने से संबंधित, बलात्कार और महिलाओं की गरिमा को ठोस पहुंचाने संबंधी मामलों में महिला पुलिस द्वारा एफआईआर दर्ज किया जाए और एफआईआर दर्ज होने की महिला पुलिस द्वारा वीडियोग्राफी की जाए। लेकिन हकीकत के धरातल पर डीजीपी के निर्देशों का सही तरीके से अनुपालन नहीं हो रहा है। जिसको गंभीरता से लेते हुए आईजी (क्राइम) आशीष गुप्ता ने बुधवार को सभी जनपदों के एसपी/एसएसपी को पत्र भेज कर कहा है कि पूर्व में जारी निर्देशों का सख्ती के साथ अनुपालन कराया जाए।
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