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कांवड़ यात्रा में परेशानी
Updated Sat, 21 Jul 2018 12:20 AM IST
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मिर्जापुर। शिव उपासना का सावन माह 28 जुलाई से शुरू हो रहा है। पूरे सावन माह में बड़ी संख्या में कांवरिये गंगा जल लेकर बाबा धाम, सोनभद्र स्थित शिवद्वार, वाराणसी, भदोही और जौनपुर समेत अन्य स्थानों पर महादेव का जलाभिषेक करने के लिए जाते हैं। गंगा घाटों पर कांवरियों की भीड़ उमड़ती है लेकिन अभी तक गंगा घाटों पर कांवरियों के लिए कोई तैयारी नहीं की गई है। सोनभद्र स्थित शिवद्वार जाने वाला मार्ग जर्जर है जिसे दुरुस्त नहीं किया जा सका है। मुकम्मल सफाई की भी व्यवस्था नहीं की जा सकी है।
सावन मास शुरू होते ही विंध्याचल में कांवरियों का रेला उमड़ पड़ता है। नगर के बरियाघाट पर इनका सैलाब देखते बनता है। विंध्याचल में जल लेने के लिए बड़ी संख्या में शिवभक्त आते हैं। शिव भक्त दीवानघाट, पक्काघाट व कच्चा घाट से प्रत्येक शुक्रवार, शनिवार व रविवार को कांवड़ में गंगा जल भर कर बाबा बैजनाथ धाम, शिवद्वार, वाराणसी, भदोही व जौनपुर के लिए प्रस्थान करते हैं। सावन के मद्देनजर अभी तक गंगाघाटों व गलियों में कोई विशेष तैयारियां नहीं की गई हैं। घाट पर न तो अभी तक कोई बैरिकेडिंग की व्यवस्था की गई है और नहीं प्रकाश की। घाटों पर कोई अनहोनी न हो इसके लिए घाटों पर गोताखोर, नाव, स्टीमर, सीसी कैमरे का प्रबंध किया जाता है। अभी तक तैयारी शुरू नहीं की जा सकी है। आलम यह है कि गंगा घाटों पर अभी पिछले नवरात्र की पड़ी गंदगियां जहां तहां पड़ी हैं। घाटो पर कांवरियों के बैठने व आराम करने की व्यवस्था नहीं की गई है। गंगाघाट से जल भरकर जाने वाले अधिकतर मार्ग जर्जर है। इसी तरह नगर के बरियाघाट पर सावन के महिने बाबा भोलेनाथ का जलाभिषेक के लिए कांवड़िये व डाक बम जाते हैं जो स्नान व ध्यान बाद शुक्रवार को गंगा जल ले काशी व शिवद्वार के लिए प्रस्थान करते हैं। बरियाघाट पर भी कोई तैयारी नहीं की गई है। अगर सफाई नहीं हुई तो गंगा के किनारे फैले कूड़े से कांवरियों को परेशानी होगी।
कांवरिया बरियाघाट से जल लेकर गिरधर चौराहा, महुवरिया, तहसील चौराहा, भरूहना रोड होते हुए मुहकुचवा से सोनभद्र स्थित शिव द्वार जाते हैं लेकिन इस मार्ग को गड्ढामुक्त नहीं किया जा सका है। सावन में नगर के पंचमुखी महादेव मंदिर, बरियाघाट, इमलहा महादेव, बूढ़ेनाथ मंदिर, शिवमंदिर गणेशगंज, विन्ध्याचल और कंतित स्थित शिव मंदिरों पर भक्तों की भीड़ उमड़ेगी। इसके लिए मंदिरों पर पर्याप्त मात्रा में सुरक्षा प्रबंध किए जा रहे हैं। जिलाधिकारी अनुराग पटेल ने कावंरियों के लिए विश्राम स्थल बनवाए जाएंगे। कांवरियां बेलहरा मोड, कोटवा, सिरसी मोड़, तहसील मड़िहान, जमुई, कलवारी, मड़िहान बाजार में निर्धारित विश्राम स्थल पर विश्राम कर सकेंगे। इन शिविरों में चिकित्सकों की तैनाती की जाएगी।
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नगर पालिका अध्यक्ष मनोज जायसवाल ने कहा कि नगर के गंगा घाटों पर सफाई, प्रकाश और चेंजिंग रूम बनवाने का निर्देश दिया गया है। कांवरियों को किसी तरह की परेशानी न हो, इसके लिए सभी व्यवस्था की जाएगी।
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सावन मास शुरू होते ही विंध्याचल में कांवरियों का रेला उमड़ पड़ता है। नगर के बरियाघाट पर इनका सैलाब देखते बनता है। विंध्याचल में जल लेने के लिए बड़ी संख्या में शिवभक्त आते हैं। शिव भक्त दीवानघाट, पक्काघाट व कच्चा घाट से प्रत्येक शुक्रवार, शनिवार व रविवार को कांवड़ में गंगा जल भर कर बाबा बैजनाथ धाम, शिवद्वार, वाराणसी, भदोही व जौनपुर के लिए प्रस्थान करते हैं। सावन के मद्देनजर अभी तक गंगाघाटों व गलियों में कोई विशेष तैयारियां नहीं की गई हैं। घाट पर न तो अभी तक कोई बैरिकेडिंग की व्यवस्था की गई है और नहीं प्रकाश की। घाटों पर कोई अनहोनी न हो इसके लिए घाटों पर गोताखोर, नाव, स्टीमर, सीसी कैमरे का प्रबंध किया जाता है। अभी तक तैयारी शुरू नहीं की जा सकी है। आलम यह है कि गंगा घाटों पर अभी पिछले नवरात्र की पड़ी गंदगियां जहां तहां पड़ी हैं। घाटो पर कांवरियों के बैठने व आराम करने की व्यवस्था नहीं की गई है। गंगाघाट से जल भरकर जाने वाले अधिकतर मार्ग जर्जर है। इसी तरह नगर के बरियाघाट पर सावन के महिने बाबा भोलेनाथ का जलाभिषेक के लिए कांवड़िये व डाक बम जाते हैं जो स्नान व ध्यान बाद शुक्रवार को गंगा जल ले काशी व शिवद्वार के लिए प्रस्थान करते हैं। बरियाघाट पर भी कोई तैयारी नहीं की गई है। अगर सफाई नहीं हुई तो गंगा के किनारे फैले कूड़े से कांवरियों को परेशानी होगी।
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कांवरिया बरियाघाट से जल लेकर गिरधर चौराहा, महुवरिया, तहसील चौराहा, भरूहना रोड होते हुए मुहकुचवा से सोनभद्र स्थित शिव द्वार जाते हैं लेकिन इस मार्ग को गड्ढामुक्त नहीं किया जा सका है। सावन में नगर के पंचमुखी महादेव मंदिर, बरियाघाट, इमलहा महादेव, बूढ़ेनाथ मंदिर, शिवमंदिर गणेशगंज, विन्ध्याचल और कंतित स्थित शिव मंदिरों पर भक्तों की भीड़ उमड़ेगी। इसके लिए मंदिरों पर पर्याप्त मात्रा में सुरक्षा प्रबंध किए जा रहे हैं। जिलाधिकारी अनुराग पटेल ने कावंरियों के लिए विश्राम स्थल बनवाए जाएंगे। कांवरियां बेलहरा मोड, कोटवा, सिरसी मोड़, तहसील मड़िहान, जमुई, कलवारी, मड़िहान बाजार में निर्धारित विश्राम स्थल पर विश्राम कर सकेंगे। इन शिविरों में चिकित्सकों की तैनाती की जाएगी।
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नगर पालिका अध्यक्ष मनोज जायसवाल ने कहा कि नगर के गंगा घाटों पर सफाई, प्रकाश और चेंजिंग रूम बनवाने का निर्देश दिया गया है। कांवरियों को किसी तरह की परेशानी न हो, इसके लिए सभी व्यवस्था की जाएगी।