फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Meerut News ›   Weird story of West UP: surrogate mother created dangerous game, knowing your heart will rise

इस मां ने रची खतरनाक साजिश, जानकर कांप उठेगा आपका कलेजा

Wed, 12 Apr 2017 07:38 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो/ मेरठ
अमर उजाला ब्यूरो/ मेरठ Updated Wed, 12 Apr 2017 07:38 PM IST
विज्ञापन
Weird story of West UP: surrogate mother created dangerous game, knowing your heart will rise
सरोगेट मां ने रची खतरनाक साजिश

मेरठ के खरखौदा में सरोगेट मां और अपने वंश की तलाश का गजब किस्सा शुक्रवार को खरखौदा थाने में देखने को मिला। एक महिला पुलिस लेकर ऋषिकेश से खरखौदा थाने पहुंच गई। बताया कि उस सरोगेट मां को दो जुड़वा बच्चे हुए थे। एक बच्चा तो हमें मिल गया था। लेकिन दूसरा बच्चा उसने मरा बताकर किसी और को बेच दे दिया है। खरखौदा और ऋषिकेश पुलिस ने सरोगेट मां की तलाश में लोहियानगर में दबिश दी। लेकिन सुराग नहीं लगा।

विज्ञापन


पुलिस के अनुसार ऋषिकेश निवासी रंजना रावत की शादी विजय वर्धन से 15 साल पहले हुई थी। सन 2014 में रंजना अपना इलाज कराने मेरठ में एक महिला चिकित्सक के पास आयी थी। रंजना ने परिवार की सहमति से महिला डॉक्टर से सरोगेट मां (किराए की कोख) दिलवाने की बात कही। महिला डॉक्टर ने रंजना की मुलाकात टीपी नगर निवासी एक महिला से कराई थी। दोनों परिवारों की सहमति के बाद वह महिला अपनी कोख किराए पर देने को तैयार हो गई थी। 
विज्ञापन


बताया गया कि उस सरोगेट मां ने दो जुड़वा बच्चों को जन्म दिया। जिसमें एक बच्चे को मरा हुआ पैदा होना बताया। जबकि दूसरे बच्चे को रंजना ले गई थी। करीब छह माह पहले रंजना को पता चला कि दूसरा बच्चा जीवित है, जिसे सरोगेट मां ने बेच दिया है। पति का दूसरा बच्चा हासिल करने के लिए रंजना पहले महिला डॉक्टर से मिली और फिर उस सेरोगेट मां को तलाशा। आसपास पूछताछ में पता चला कि वह महिला टीपीनगर से खरखौदा के लोहियानगर में किराए के मकान में जाकर रहने लगी है। 
विज्ञापन
विज्ञापन


15 दिन पहले भी आई थी 
तत्कालीन इंस्पेक्टर खरखौदा मनीष सक्सेना ने बताया कि रंजना 15 दिन पहले भी थाने पर आई थी। मैंने रंजना को टीपीनगर थाने में मुकदमा दर्ज कराने की सलाह दी थी। शुक्रवार को रंजना ऋषिकेश कोतवाली के दरोगा रियाज अहमद, कांस्टेबल राधेश्याम व महिला कांस्टेबल कविता के साथ खरखौदा थाने पहुंची। जिसके बाद खरखौदा और ऋषिकेश पुलिस ने लोहियानगर में सरोगेट मां की तलाश में कई जगहों पर दबिश दी। लेकिन उसका सुराग नहीं लगा। 

‘हमारा वंश दिलवा दो’ 
रंजना ने कहा कि मेरे पति का दूसरा बच्चा जीवित है, जिसे उस सरोगेट मां ने पैसा लेकर बेच दिया है। हमारा सरोगेट महिला से कोई विवाद नहीं, हमें तो सिर्फ हमारा वंश चाहिए। मैंने एसएसपी मेरठ से भी शिकायत की थी। अधिवक्ताओं की सलाह लेकर ऋषिकेश थाने में केस कराया और फिर सरोगेट बनी महिला की तलाश शुरू की। 


क्या है सरोगेट मदर
यदि कोई महिला मातृत्व के अहसास से वंचित हो जाती है तो उसके लिए सरोगेसी चिकित्सा बेहतरीन विकल्प माना जाता है। इसके तहत किसी दूसरी महिला की कोख दोनों पक्षों की सहमति से किराए पर ली जाती है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed