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वीआईपी बनकर की दवा कारोबारी के घर डकैती
अमर उजाला ब्यूरों
Updated Sun, 06 Nov 2016 02:12 AM IST
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फाइल फोटो
- फोटो : अमर उजाला
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मवाना में दवा कारोबारी के यहां डकैती करने वाले आरोपियों ने बड़ा खुलासा किया है। आरोपियों ने बताया कि वह वीआईपी बनकर घर में एंट्री करते थे। उसके बाद परिवार को बंधक बनाकर डाका डालते थे। वारदात करके आसानी से गाड़ी से फरार हो जाते थे। आरोपियों ने कई अन्य वारदात भी कबूली हैं।
शनिवार दोपहर पुलिस लाइन में हुई प्रेसवार्ता में एसपी सिटी आलोक प्रियदर्शी ने बताया कि मवाना की प्रीत नगर कॉलोनी में धनतेरस को दवा कारोबारी रवि मलिक के मकान में दिनदहाडे़ बदमाशों ने डकैती डाली थी। सदर पुलिस ने बृहस्पतिवार रात आरोपी नईम कुरैशी पुत्र यूसुफ और पप्पू भांजा उर्फ गुफरान पुत्र इरफान उर्फ इमरान निवासी खालापार मुजफ्फरनगर को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर एक लाख कैश, एक जोड़ी कंगन, दो जोड़ी टॉप्स, एक सोने की अंगूठी, दो तमंचे बरामद किए हैं। पुलिस के मुताबिक गिरोह का सरगना नईम कुरैशी है।
पुलिस पूछताछ में नईम ने बताया कि नफीस उर्फ सपाटा निवासी सरधना ने दवा कारोबारी के घर की रेकी की थी। बाद में नईम अपने गिरोह के साथ कारोबारी के घर पहुंचा। वह त्योहार पर मिठाई देने की बात कहकर घर में एंट्री कर गया। नईम कुरैशी ने खुद को बड़ा अफसर बताया था। उसने बताया वह अक्सर वीआईपी बनकर ही घरों में प्रवेश करता था। नईम कुरैशी दसवी पास है। उसने नोएडा और गाजियाबाद में दर्जनों डकैती की वारदात इसी तरह से करने की बात कही है।
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पुलिस को इनकी तलाश
नईम कुरैशी ने बताया कि डकैती में नईम उर्फ चंबल पुत्र अब्दुल रशीद निवासी करीमनगर कोतवाली, नफीस उर्फ सपाटा पुत्र अब्दुल अजीज निवासी सरधना, साबिर पुत्र कालू निवासी निमलाना रोड जामा मस्जिद के पास कोतवाली मुजफ्फरनगर, चांद पुत्र मुन्ना ताहरी वाले निवासी रहमत नगर कोतवाली मुजफ्फरनगर और शौकीन उर्फ पहलवान थे। पुलिस ने इनकी तलाश में कई जगह पर दबिश दी, लेकिन सुराग नहीं लगा।
नफीस कालिया का शूटर है नईम
नईम कुरैशी मुजफ्फरनगर के कुख्यात नफीस कालिया का शूटर है। नफीस कालिया को 2004 में कुख्यात सुशील मूंछ के बदमाशों ने मारा था। बाद में नईम ने अपना अलग गिरोह बना लिया। वह लूट और डकैती की वारदात करता है। नईम अक्सर नोएडा और गाजियाबाद में बड़े घरानों को टारगेट करता है। नईम पर दो दर्जन से अधिक आपराधिक मुकदमे पंजीकृत है।
पुलिस टीम को पांच हजार का इनाम
एसपी सिटी ने बताया कि एसएसपी जे. रविंदर गौड़ की तरफ से इंस्पेक्टर सदर बाजार पंकज पंत, एसएसआई अजय कुमार, दरोगा सतवीर सिंह, एचसीपी जयवीर सिंह, देवेंद्र कुमार, कांस्टेबल विपिन भाटी, राजकुमार को पांच हजार का इनाम दिया गया है।
प्रमुख वारदातें, जो कबूली
1. 2012 में नोएडा में इन्कम टैक्स अधिकारी बनकर डकैती डाली।
2. 2012 में ही करोलबाग, दिल्ली में डकैती के दौरान हत्या को अंजाम दिया।
3. 2004 में गाजियाबाद में बिल्डर्स के यहां अधिकारी बनकर पहुंचे और डकैती डाली।
4. 2005 में कमला मार्केट, दिल्ली में डकैती के दौरान एक व्यक्ति की हत्या को अंजाम दिया।
5. मुजफ्फरनगर में हत्या, लूट, डकैती, जानलेवा हमला, रंगदारी और फिरौती के दर्जनों मामले दर्ज।
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शनिवार दोपहर पुलिस लाइन में हुई प्रेसवार्ता में एसपी सिटी आलोक प्रियदर्शी ने बताया कि मवाना की प्रीत नगर कॉलोनी में धनतेरस को दवा कारोबारी रवि मलिक के मकान में दिनदहाडे़ बदमाशों ने डकैती डाली थी। सदर पुलिस ने बृहस्पतिवार रात आरोपी नईम कुरैशी पुत्र यूसुफ और पप्पू भांजा उर्फ गुफरान पुत्र इरफान उर्फ इमरान निवासी खालापार मुजफ्फरनगर को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर एक लाख कैश, एक जोड़ी कंगन, दो जोड़ी टॉप्स, एक सोने की अंगूठी, दो तमंचे बरामद किए हैं। पुलिस के मुताबिक गिरोह का सरगना नईम कुरैशी है।
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पुलिस पूछताछ में नईम ने बताया कि नफीस उर्फ सपाटा निवासी सरधना ने दवा कारोबारी के घर की रेकी की थी। बाद में नईम अपने गिरोह के साथ कारोबारी के घर पहुंचा। वह त्योहार पर मिठाई देने की बात कहकर घर में एंट्री कर गया। नईम कुरैशी ने खुद को बड़ा अफसर बताया था। उसने बताया वह अक्सर वीआईपी बनकर ही घरों में प्रवेश करता था। नईम कुरैशी दसवी पास है। उसने नोएडा और गाजियाबाद में दर्जनों डकैती की वारदात इसी तरह से करने की बात कही है।
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पुलिस को इनकी तलाश
नईम कुरैशी ने बताया कि डकैती में नईम उर्फ चंबल पुत्र अब्दुल रशीद निवासी करीमनगर कोतवाली, नफीस उर्फ सपाटा पुत्र अब्दुल अजीज निवासी सरधना, साबिर पुत्र कालू निवासी निमलाना रोड जामा मस्जिद के पास कोतवाली मुजफ्फरनगर, चांद पुत्र मुन्ना ताहरी वाले निवासी रहमत नगर कोतवाली मुजफ्फरनगर और शौकीन उर्फ पहलवान थे। पुलिस ने इनकी तलाश में कई जगह पर दबिश दी, लेकिन सुराग नहीं लगा।
नफीस कालिया का शूटर है नईम
नईम कुरैशी मुजफ्फरनगर के कुख्यात नफीस कालिया का शूटर है। नफीस कालिया को 2004 में कुख्यात सुशील मूंछ के बदमाशों ने मारा था। बाद में नईम ने अपना अलग गिरोह बना लिया। वह लूट और डकैती की वारदात करता है। नईम अक्सर नोएडा और गाजियाबाद में बड़े घरानों को टारगेट करता है। नईम पर दो दर्जन से अधिक आपराधिक मुकदमे पंजीकृत है।
पुलिस टीम को पांच हजार का इनाम
एसपी सिटी ने बताया कि एसएसपी जे. रविंदर गौड़ की तरफ से इंस्पेक्टर सदर बाजार पंकज पंत, एसएसआई अजय कुमार, दरोगा सतवीर सिंह, एचसीपी जयवीर सिंह, देवेंद्र कुमार, कांस्टेबल विपिन भाटी, राजकुमार को पांच हजार का इनाम दिया गया है।
प्रमुख वारदातें, जो कबूली
1. 2012 में नोएडा में इन्कम टैक्स अधिकारी बनकर डकैती डाली।
2. 2012 में ही करोलबाग, दिल्ली में डकैती के दौरान हत्या को अंजाम दिया।
3. 2004 में गाजियाबाद में बिल्डर्स के यहां अधिकारी बनकर पहुंचे और डकैती डाली।
4. 2005 में कमला मार्केट, दिल्ली में डकैती के दौरान एक व्यक्ति की हत्या को अंजाम दिया।
5. मुजफ्फरनगर में हत्या, लूट, डकैती, जानलेवा हमला, रंगदारी और फिरौती के दर्जनों मामले दर्ज।