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बच्चों के मौलिक अधिकारों का उल्लंघन, शिक्षा की जगह शोषण

Sun, 31 Aug 2025 10:16 PM IST
Meerut Bureau मेरठ ब्यूरो
Updated Sun, 31 Aug 2025 10:16 PM IST
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Violation of children's fundamental rights, exploitation instead of education
सरूरपुर। कस्बा हर्रा में ​​स्थित प्राथमिक विद्यालय में बच्चे से हवा करवाती सहायक अध्यापिका। वीड
-हर्रा प्राथमिक विद्यालय में तैनात सहायक अध्यापिका बच्चों से करा रही है निजी काम
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सरूरपुर। कस्बा हर्रा में स्थित प्राथमिक विद्यालय में तैनात सहायक अध्यापिका काे विद्यार्थी द्वारा हाथ के पंखे से हवा करते हुए वीडियो वायरल हो रहा है। वीडियो वायरल होने के बाद स्थानीय निवासियों ने 11 अगस्त को अध्यापिका के खिलाफ महानिदेशक बेसिक शिक्षा विभाग लखनऊ से शिकायत कर कार्रवाई की मांग थी। रविवार को सोशल मीडिया पर शिकायत पत्र व वीडियो जमकर वायरल हुआ।
स्थानीय निवासी विनोद कुमार, सुरेंद्र व तुषार ने शिकायत पत्र में आरोप लगाया है कि विद्यालय में तैनात अध्यापिका विद्यार्थियों का मानसिक व शारीरिक उत्पीड़न कर रही है। बच्चों से वह अपने निजी काम करवाती हैं। साथ ही शिक्षा पर कोई ध्यान नहीं देती। कक्षा के अंदर वह आराम से बैठकर विद्यार्थियों से हाथ के पंखे से हवा करवाती हैं। जबकि विद्यार्थी कक्षा के अंदर ही खेलते रहते हैं। निशुल्क बाल शिक्षा अधिकार लागू होने के बाद भी आरोपी सहायक अध्यापिका विद्यालय में नामांकन बढ़ाने में कोई रूचि नहीं ले रही हैं।
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आरोप है कि वह पास के ही मान्यता प्राप्त स्कूलों में सांठगांठ कर बच्चों के नामांकन करा रही हैं। जब विद्यालय स्तर से कोई इसका विरोध करता है तो वह उसे लखनऊ में उच्च अधिकारियोंं से संबंध होने का रोब गालिब करते हुए दबाव बनाती हैं। वायरल वीडियो में साफ दिखाई दे रहा है कि सहायक अध्यापिका बच्चों के मौलिक अधिकारों का सीधा उल्लंघन कर रही हैं।
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शिकायतकर्ता ने बताया कि विद्यालय शिक्षा और संस्कार देने की जगह है, न कि बच्चों से निजी कार्य कराने का केंद्र। बच्चों से काम लेना मानसिक और शारीरिक शोषण की श्रेणी में आता है और यह उनके आत्मसम्मान को ठेस पहुंचाता है। बच्चों को खेल, पढ़ाई और रचनात्मक गतिविधियों के लिए अवसर मिलना चाहिए। उनसे काम करवाना उनके विकास और सीखने की प्रक्रिया में बाधा डालता है। उन्होंने मांग की है कि आरोपी सहायक अध्यापक के खिलाफ कार्रवाई करने के लिए बेसिक शिक्षा अधिकारी को निर्देशित किया जाए।

वर्जन...
वायरल वीडियो के आधार पर मामले की जांच की जाएगी। जांच में दोषी पाए जाने पर अध्यापिका के खिलाफ विभागीय कार्रवाई की जाएगी। -कुसुम सैनी, खंड शिक्षा अधिकारी
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