फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Meerut News ›   The embankment broke: Life went back 15 years in one night

तटबंध टूटा : एक ही रात में 15 साल पीछे पहुंच गई जिंदगी

Thu, 07 Aug 2025 12:32 AM IST
Meerut Bureau मेरठ ब्यूरो
Updated Thu, 07 Aug 2025 12:32 AM IST
विज्ञापन
The embankment broke: Life went back 15 years in one night
बिजनौर के ग्राम ब्रहमपुरी में झोपड़ीनुमा घर में भरा मालन नदी का पानी और नाव के सहारे जाते ग्राम - फोटो : नैमिषारण्य में बाढ़ का नजारा।
बाढ़ का लाइव...
विज्ञापन

- हमीदपुर और बाकरपुर के बीच टूट गया मालन का तटबंध
- गांवों में बह रही मालन की जलधारा, गलियों में भी चल रही नाव
- पशुओं के चारे को लेकर परेशान ग्रामीण, पानी आते ही बिजली गुल
नंबर गेम
- 08 गांव में मालन का पानी भर गया
- 36 घंटे से इन गांवों में नहीं है बिजली आपूर्ति
- 01 बजे के आसपास टूट गया मालन का तटबंध
- 18 घंटे बीतने के बाद भी तटबंध से पानी नहीं रोका जा सका
- 08 किलोमीटर जिला मुख्यालय से बाढ़ प्रभावित गांवों की दूरी
रजनीश त्यागी
बिजनौर। बिजनौर-रावली रोड पर करीब आठ ऐसे गांव हैं, जिनकी जिला मुख्यालय से दूरी छह से आठ किलोमीटर ही है। मंगलवार की रात हमीदपुर-बाकरपुर के बीच मालन का तटबंध टूटते ही ये लोग अपने घरों तक से बाहर नहीं निकल पा रहे। घरों के बाहर मालन का पानी ऐसे बह रहा, मानो यहां से नई जलधारा ने अपना रास्ता बना लिया हो। बुधवार को इन गांवों के हालात पर लाइव करने निकली संवाद की टीम ने न सिर्फ यहां परेशानियों को देखा, बल्कि वहां की समस्याओं के कारणों को भी जाना।
-- गांव मुकीमपुर धारू, समय: दोपहर 12 बजे
इस गांव तक पहुंचने के लिए ट्रैक्टर का सहारा लेना पड़ा। रावली रोड से गांव तक की दूरी महज एक किमी भी न थी, जबकि यहां पहुंचने में दस मिनट से अधिक का समय लग गया। रास्ते में चार फिट तक पानी था और इसकी रफ्तार भी काफी थी। ट्रैक्टर से पार करते हुए इस गांव में पहुंचे तो लोग अपने घरों के चबूतरों पर बैठे हुए थे। वहां हर तरफ सड़क पर पानी ही पानी नजर आ रहा था। जिनके घरों के चबूतरे ऊंचे बने थे, वह सूखे में बैठे थे, जिनके पुराने घर थे, वहां अंदर तक पानी घुस गया। पंचायत घर का आंगन भी तालाब बना नजर आया। वहां के ग्रामीणों से बात की तो, उनका 15 साल पुराना दर्द फिर से उभर आया।
विज्ञापन

-- 2012 के बाद अब देखा ऐसा हाल : सतेंद्र कुमार
सतेंद्र कुमार ने बताया कि पिछले कुछ साल से राहत थी। रात में धीरे-धीरे पानी आया तो मालन का तटबंध टूटने का पता चला। तभी से चिंता बढ़ गई। सुबह उठे तो चारों ओर पानी था। ऐसा हाल वर्ष 2012-13 में था। पानी नहीं क्यों, इसका स्थाई समाधान नहीं मिलता।
विज्ञापन
विज्ञापन

-- जिंदगी ठहर सी गई है : पवन कुमार
पवन कुमार ने कहा कि लोग बाढ़ देखने आ रहे हैं और जा रहे हैं। हम अपना घर भी छोड़कर नहीं जा सकते। पशुओं के लिए चारे का संकट भी बढ़ रहा है। अब चारों ओर पानी हैं, क्या करें समझ में ही नहीं आ रहा।
- तटबंध बंद होने के नहीं अभी आसार : हरपाल सिंह
हरपाल सिंह ने कहा कि जो हाल तटबंध का है और मालन में पानी जिस रफ्तार से आ रहा है, अभी कोई आसार नहीं है कि वह ठीक हो जाए। बल्कि अभी तक कई और ऐसी जगह है, जहां से पानी रिसने की आशंका है। प्रशासन को उन जगहों को ठीक करके बाकी जगह को बचाना चाहिए।
- मदद मिलनी चाहिए : सोनू कुमार
सोनू कुमार ने कहा कि अभी तक किसी ने मदद नहीं है। जिनके पास भूसा है, वह तो पशुओं को खिला रहे हैं। लेकिन जिनके पास नहीं है, वह परेशान है। बिजली भी नहीं है। ऐसे में कई लोगों के घरों में आटा भी नहीं है।
-- गांव: मुजफ्फरपुर केशो : समय : दोपहर 12: 35
मुजफ्फरपुर केशो में जाने के लिए जो रास्ते हैं, उन पर चार फीट तक पानी चल रहा है। आसपास के खेत से पानी होता हुआ मुख्य मार्ग को जा रहा है। धान के खेत पूरी तरह डूब चुके हैं, वहीं गन्ने की फसल आधी से ज्यादा डूबी हुई है। गांव के अंदर के हालात ऐसे हैं कि लोग पैदल आ रहे हैं और रास्ता न दिखने पर नाले में पैर गिरने पर लड़खड़ाते नजर आए। एक जगह से दूसरी जगह जाने के लिए नाव या ट्रैक्टर का ही सहारा लिया जा रहा है। यहां स्कूल स्वीमिंग पूल जैसा हो चुका है, जिसमें बच्चे पढ़ने नहीं, बल्कि स्वीमिंग करने पहुंच रहे हैं। गांव के मंदिर के चारों ओर पानी भरा है।
- कई साल बाद देखा ऐसा पानी : सत्यपाल सिंह
सत्यपाल सिंह ने बताया कि 15 साल पहले तक लगभग हर साल ऐसा ही हाल रहता था। बाद में यह कम हो गया। करीब चार साल पहले भी पानी आया, लेकिन वह जल्दी ही उतर गया। इस साल पानी बहुत है। खेतों पर पहुंचना तो असंभव हो गया। केवल भूसा खिलाकर काम चला रहे हैं। संपर्क मार्ग पानी के कारण बंद है।
- रिश्तेदार ले रहे खबर : अनुज कुमार
जब से पानी आने का पता चला है रिश्तेदार परेशान हैं। कहीं बाहर तो जाना हो ही नहीं रहा, गांव में बिजली भी नहीं है। जिस हिसाब से बारिश हो रही है, यह समस्या जल्दी ठीक नहीं होने वाली।
-- गांव रावली : समय : दोपहर : 1.30 बजे
यह गांव गंगा और मालन के संगम के पास ही बसा है। इस पूरे गांव में गलियां छोटी नदियों की तरह बन गई है। पानी की रफ्तार इतनी कि खड़े होना भी मुश्किल है। यहां पर पैदल आना जाना बहुत मुश्किल हो रहा है, बल्कि लोग गलियों में भी नाव से सामान पहुंचा रहे हैं। बहुत से ऐसे घर हैं, जिनके सामने पांच फिट से भी ज्यादा पानी भरा है। वह लोग दूर से ही आने-जाने वालों को देख रहे हैं।
-- रावली गंगा तटबंध : समय दोपहर : 02 बजे
रावली गंगा तटबंध पर इस समय करीब 11 परिवार हैं, तो तिरपाल डालकर रह रहे हैं। यह परिवार कण्व ऋषि आश्रम के पास ही बनी झोपड़ी में रह रहे थे। मालन और गंगा में पानी बढ़ा तो झोपड़ी डूब गई। यह सभी लोग वहां से अपना सामान निकाल लाए और अब गंगा के तटबंध पहुंच गए। बाढ़ से तो बच गए, लेकिन अब इन्हें बारिश से परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
-- इन गांव में बाढ़ जैसे हालात, हजारों बीघा जंगल जलमग्न
हमीदपुर-बाकरपुर के बीच यूसुफपुर बाखर तटबंध टूटने के कारण मालन का पानी हजारों बीघा जंगल में फैल चुका है। बिजनौर से रावली मार्ग पर तीन जगहों पर यह पानी सड़क के ऊपर से उतर रहा है। यदि ऐसे ही पानी उतरता रहा तो बृहस्पतिवार तक यह बिजनौर-बैराज मार्ग को भी पार करने लगेगा। उधर, इस क्षेत्र के ग्राम धारूवाला, खजानपुर खादर, काजी वाला, नसरूल्लापुर हफीज, मधुसूदनपुर मसीद, बाकरपुर गढ़ी तथा रावली गांव में पानी भर चुका है। - तटबंध ठीक कराया जा रहा है : डीएम

डीएम जसजीत कौर ने बताया कि सिंचाई विभाग को तटबंध ठीक करने के निर्देश दिए हैं। काम शुरू करा दिया गया है। जल्द ही समस्या का समाधान कराया जाएगा। जहां तटबंध कमजोर नजर आ रहा है, वहां भी मरम्मत कराई जा रही है।

बिजनौर के ग्राम ब्रहमपुरी में झोपड़ीनुमा घर में भरा मालन नदी का पानी और नाव के सहारे जाते ग्राम

बिजनौर के ग्राम ब्रहमपुरी में झोपड़ीनुमा घर में भरा मालन नदी का पानी और नाव के सहारे जाते ग्राम- फोटो : नैमिषारण्य में बाढ़ का नजारा।

बिजनौर के ग्राम ब्रहमपुरी में झोपड़ीनुमा घर में भरा मालन नदी का पानी और नाव के सहारे जाते ग्राम

बिजनौर के ग्राम ब्रहमपुरी में झोपड़ीनुमा घर में भरा मालन नदी का पानी और नाव के सहारे जाते ग्राम- फोटो : नैमिषारण्य में बाढ़ का नजारा।

बिजनौर के ग्राम ब्रहमपुरी में झोपड़ीनुमा घर में भरा मालन नदी का पानी और नाव के सहारे जाते ग्राम

बिजनौर के ग्राम ब्रहमपुरी में झोपड़ीनुमा घर में भरा मालन नदी का पानी और नाव के सहारे जाते ग्राम- फोटो : नैमिषारण्य में बाढ़ का नजारा।

बिजनौर के ग्राम ब्रहमपुरी में झोपड़ीनुमा घर में भरा मालन नदी का पानी और नाव के सहारे जाते ग्राम

बिजनौर के ग्राम ब्रहमपुरी में झोपड़ीनुमा घर में भरा मालन नदी का पानी और नाव के सहारे जाते ग्राम- फोटो : नैमिषारण्य में बाढ़ का नजारा।

बिजनौर के ग्राम ब्रहमपुरी में झोपड़ीनुमा घर में भरा मालन नदी का पानी और नाव के सहारे जाते ग्राम

बिजनौर के ग्राम ब्रहमपुरी में झोपड़ीनुमा घर में भरा मालन नदी का पानी और नाव के सहारे जाते ग्राम- फोटो : नैमिषारण्य में बाढ़ का नजारा।

बिजनौर के ग्राम ब्रहमपुरी में झोपड़ीनुमा घर में भरा मालन नदी का पानी और नाव के सहारे जाते ग्राम

बिजनौर के ग्राम ब्रहमपुरी में झोपड़ीनुमा घर में भरा मालन नदी का पानी और नाव के सहारे जाते ग्राम- फोटो : नैमिषारण्य में बाढ़ का नजारा।

बिजनौर के ग्राम ब्रहमपुरी में झोपड़ीनुमा घर में भरा मालन नदी का पानी और नाव के सहारे जाते ग्राम

बिजनौर के ग्राम ब्रहमपुरी में झोपड़ीनुमा घर में भरा मालन नदी का पानी और नाव के सहारे जाते ग्राम- फोटो : नैमिषारण्य में बाढ़ का नजारा।

बिजनौर के ग्राम ब्रहमपुरी में झोपड़ीनुमा घर में भरा मालन नदी का पानी और नाव के सहारे जाते ग्राम

बिजनौर के ग्राम ब्रहमपुरी में झोपड़ीनुमा घर में भरा मालन नदी का पानी और नाव के सहारे जाते ग्राम- फोटो : नैमिषारण्य में बाढ़ का नजारा।

बिजनौर के ग्राम ब्रहमपुरी में झोपड़ीनुमा घर में भरा मालन नदी का पानी और नाव के सहारे जाते ग्राम

बिजनौर के ग्राम ब्रहमपुरी में झोपड़ीनुमा घर में भरा मालन नदी का पानी और नाव के सहारे जाते ग्राम- फोटो : नैमिषारण्य में बाढ़ का नजारा।

बिजनौर के ग्राम ब्रहमपुरी में झोपड़ीनुमा घर में भरा मालन नदी का पानी और नाव के सहारे जाते ग्राम

बिजनौर के ग्राम ब्रहमपुरी में झोपड़ीनुमा घर में भरा मालन नदी का पानी और नाव के सहारे जाते ग्राम- फोटो : नैमिषारण्य में बाढ़ का नजारा।

बिजनौर के ग्राम ब्रहमपुरी में झोपड़ीनुमा घर में भरा मालन नदी का पानी और नाव के सहारे जाते ग्राम

बिजनौर के ग्राम ब्रहमपुरी में झोपड़ीनुमा घर में भरा मालन नदी का पानी और नाव के सहारे जाते ग्राम- फोटो : नैमिषारण्य में बाढ़ का नजारा।

बिजनौर के ग्राम ब्रहमपुरी में झोपड़ीनुमा घर में भरा मालन नदी का पानी और नाव के सहारे जाते ग्राम

बिजनौर के ग्राम ब्रहमपुरी में झोपड़ीनुमा घर में भरा मालन नदी का पानी और नाव के सहारे जाते ग्राम- फोटो : नैमिषारण्य में बाढ़ का नजारा।

बिजनौर के ग्राम ब्रहमपुरी में झोपड़ीनुमा घर में भरा मालन नदी का पानी और नाव के सहारे जाते ग्राम

बिजनौर के ग्राम ब्रहमपुरी में झोपड़ीनुमा घर में भरा मालन नदी का पानी और नाव के सहारे जाते ग्राम- फोटो : नैमिषारण्य में बाढ़ का नजारा।

बिजनौर के ग्राम ब्रहमपुरी में झोपड़ीनुमा घर में भरा मालन नदी का पानी और नाव के सहारे जाते ग्राम

बिजनौर के ग्राम ब्रहमपुरी में झोपड़ीनुमा घर में भरा मालन नदी का पानी और नाव के सहारे जाते ग्राम- फोटो : नैमिषारण्य में बाढ़ का नजारा।

बिजनौर के ग्राम ब्रहमपुरी में झोपड़ीनुमा घर में भरा मालन नदी का पानी और नाव के सहारे जाते ग्राम

बिजनौर के ग्राम ब्रहमपुरी में झोपड़ीनुमा घर में भरा मालन नदी का पानी और नाव के सहारे जाते ग्राम- फोटो : नैमिषारण्य में बाढ़ का नजारा।

बिजनौर के ग्राम ब्रहमपुरी में झोपड़ीनुमा घर में भरा मालन नदी का पानी और नाव के सहारे जाते ग्राम

बिजनौर के ग्राम ब्रहमपुरी में झोपड़ीनुमा घर में भरा मालन नदी का पानी और नाव के सहारे जाते ग्राम- फोटो : नैमिषारण्य में बाढ़ का नजारा।

बिजनौर के ग्राम ब्रहमपुरी में झोपड़ीनुमा घर में भरा मालन नदी का पानी और नाव के सहारे जाते ग्राम

बिजनौर के ग्राम ब्रहमपुरी में झोपड़ीनुमा घर में भरा मालन नदी का पानी और नाव के सहारे जाते ग्राम- फोटो : नैमिषारण्य में बाढ़ का नजारा।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed