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44 लाख उपभोक्ताओं को पीवीवीएनएल की तरफ से मिलेगी यह सुविधा
अमर उजाला ब्यूरो
Updated Sat, 21 Jan 2017 12:38 PM IST
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फाइल फोटो
- फोटो : अमर उजाला
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आनलाइन और बैंक एटीएम के जरिये बिजली बिल जमा कराने की सुविधा देने के बाद पीवीवीएनएल अब अपने 44 लाख उपभोक्ताओं को स्वैप मशीनों के जरिये बिजली बिल जमा करने का तोहफा देने जा रहा है। पश्चिमांचल के 14 जिलों के करीब 600 काउंटरों के लिए करीब 1 हजार स्वैप मशीनों के लिए एचडीएफसी बैंक से करार का प्रस्ताव बोर्ड आफ डायरेक्टर (बीओडी) को भेज दिया है। बीओडी की बैठक में मुहर लगने के बाद योजना पर अमल शुरू हो जाएगा।
पीवीवीएनएल के 14 जिलों में करीब 44 लाख बिजली उपभोक्ता है। उपभोक्ताओं से मुख्य बिजलीघरों पर बने कैश काउंटरों के अलावा आनलाइन, एचडीएफसी, आईसीआईसीआई बैंक एटीएम के जरिये बिल का भुगतान लिया जाता है। वहीं नोटबंदी के बाद कंपनी ने पीएम नरेंद्र मोदी की कैशलेस योजना के तहत कदमताल करने की शुरूआत कर दी है। उपभोक्ताओं को ज्यादा सहूलियत देने के लिए कंपनी के सभी 600 बिलिंग काउंटरों पर स्वैप मशीन लगाने की तैयारी शुरू कर दी है। इसके लिए एचडीएफसी बैंक से अनुबंध किया गया है। बैंक कंपनी को करीब 1 हजार स्वैप मशीन मुहैया कराएगा। इन मशीनों को बैंक व पीवीवीएनएल के सर्वर से सीधे कनेक्ट किया जाएगा। आधुनिक सॉफ्टवेयर के जरिये कंपनी के सभी उपभोक्ताओं का डाटा फीड होगा। उपभोक्ता जैसे ही मशीन में अपने बिजली कनेक्शन की अकाउंट आईडी फीड करेगा तो उसका करंट बिल डिस्पले पर शो करने लगेगा। उपभोक्ता अपने डेबिट व क्रेडिट कार्ड को मशीन में स्वैप करके बिल का भुगतान कर सकेगा। एचडीएफसी बैंक के प्रतिनिधि मैनेजर भूमेश कुमार ने बताया कि नई व्यवस्था से उपभोक्ताओं को पारदर्शिता के साथ सेवा दी जा सकेगी।
क्या कहते हैं अधिकारी
कैश काउंटरों पर स्वैप मशीन लगाने की तैयारी हो चुकी है। बीओडी में प्रस्ताव पर मुहर लगने के बाद योजना पर तेजी से काम शुरू हो जाएगा। स्वैप मशीनों के जरिये उपभोक्ता कैशलेस भुगतान कर सकेंगे। -अभिषेक प्रकाश, एमडी पीवीवीएनएल मेरठ
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पीवीवीएनएल के 14 जिलों में करीब 44 लाख बिजली उपभोक्ता है। उपभोक्ताओं से मुख्य बिजलीघरों पर बने कैश काउंटरों के अलावा आनलाइन, एचडीएफसी, आईसीआईसीआई बैंक एटीएम के जरिये बिल का भुगतान लिया जाता है। वहीं नोटबंदी के बाद कंपनी ने पीएम नरेंद्र मोदी की कैशलेस योजना के तहत कदमताल करने की शुरूआत कर दी है। उपभोक्ताओं को ज्यादा सहूलियत देने के लिए कंपनी के सभी 600 बिलिंग काउंटरों पर स्वैप मशीन लगाने की तैयारी शुरू कर दी है। इसके लिए एचडीएफसी बैंक से अनुबंध किया गया है। बैंक कंपनी को करीब 1 हजार स्वैप मशीन मुहैया कराएगा। इन मशीनों को बैंक व पीवीवीएनएल के सर्वर से सीधे कनेक्ट किया जाएगा। आधुनिक सॉफ्टवेयर के जरिये कंपनी के सभी उपभोक्ताओं का डाटा फीड होगा। उपभोक्ता जैसे ही मशीन में अपने बिजली कनेक्शन की अकाउंट आईडी फीड करेगा तो उसका करंट बिल डिस्पले पर शो करने लगेगा। उपभोक्ता अपने डेबिट व क्रेडिट कार्ड को मशीन में स्वैप करके बिल का भुगतान कर सकेगा। एचडीएफसी बैंक के प्रतिनिधि मैनेजर भूमेश कुमार ने बताया कि नई व्यवस्था से उपभोक्ताओं को पारदर्शिता के साथ सेवा दी जा सकेगी।
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क्या कहते हैं अधिकारी
कैश काउंटरों पर स्वैप मशीन लगाने की तैयारी हो चुकी है। बीओडी में प्रस्ताव पर मुहर लगने के बाद योजना पर तेजी से काम शुरू हो जाएगा। स्वैप मशीनों के जरिये उपभोक्ता कैशलेस भुगतान कर सकेंगे। -अभिषेक प्रकाश, एमडी पीवीवीएनएल मेरठ
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