फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Meerut News ›   Strictness in TGT exam: Center administrator and sector magistrate will be responsible if mobile is found

टीजीटी : मोबाइल मिला तो केंद्र व्यवस्थापक और सेक्टर मजिस्ट्रेट होंगे जिम्मेदार

Wed, 14 Jan 2026 02:19 AM IST
Meerut Bureau मेरठ ब्यूरो
Updated Wed, 14 Jan 2026 02:19 AM IST
विज्ञापन
Strictness in TGT exam: Center administrator and sector magistrate will be responsible if mobile is found
मेरठ। उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग की सहायक अध्यापक परीक्षा (टीजीटी) के लिए प्रशासन ने दिशा-निर्देश जारी किए हैं। परीक्षा केंद्र पर यदि किसी अभ्यर्थी, शिक्षक या कर्मचारी के पास मोबाइल फोन मिला तो केंद्र व्यवस्थापक और सेक्टर मजिस्ट्रेट सीधे जिम्मेदार ठहराए जाएंगे।
विज्ञापन

बता दें कि मेरठ जिले में 17 और 18 जनवरी को दो-दो पालियों में यह परीक्षा होगी। प्रथम पाली सुबह 9 से 11 बजे और द्वितीय पाली दोपहर बाद 3 से शाम 5 बजे तक चलेगी। परीक्षा के लिए 28 केंद्र बनाए गए हैं। यहां पहले दिन 19,968 और दूसरे दिन 15,456 अभ्यर्थी शामिल होंगे। जिले में कुल 35,424 अभ्यर्थी परीक्षा के लिए पंजीकृत हैं।
विज्ञापन

निर्देशों में कहा गया है कि केवल केंद्र व्यवस्थापक, सेक्टर मजिस्ट्रेट और स्टेटिक मजिस्ट्रेट ही मोबाइल फोन लेकर केंद्र पर आ सकेंगे। बाकी किसी को भी मोबाइल ले जाने की इजाजत नहीं होगी। केंद्र के मुख्य द्वार पर सघन तलाशी होगी लेकिन महिला अभ्यर्थियों की नाक में पहनी जाने वाली लौंग जैसी सामान्य आभूषणों को उतरवाने की जरूरत नहीं पड़ेगी। तलाशी का मुख्य फोकस मोबाइल, इलेक्ट्रॉनिक गैजेट, डिजिटल घड़ी, ब्लूटूथ डिवाइस या किसी भी ऐसी वस्तु पर रहेगा जो परीक्षा की गोपनीयता को खतरे में डाल सकती है।
विज्ञापन
विज्ञापन

केंद्रों पर डेढ़ घंटे पहले शुरू होगा प्रवेश
प्रथम पाली में सुबह 7:30 बजे और द्वितीय पाली में दोपहर 1:30 बजे से अभ्यर्थियों का प्रवेश शुरू होगा। परीक्षा शुरू होने से 45 मिनट पहले यानी सुबह 8:15 बजे और दोपहर 2:15 बजे द्वार बंद हो जाएंगे। इसके बाद किसी को भी अंदर नहीं आने दिया जाएगा। प्रवेश के दौरान अभ्यर्थियों से उनकी आईडी की स्व प्रमाणित फोटोकॉपी भी ली जाएगी। डीआईओएस राजेश कुमार ने बताया कि 40 प्रतिशत या उससे अधिक दिव्यांगता वाले अभ्यर्थी श्रुतलेखक की सुविधा मांग सकते हैं और उन्हें प्रति घंटा 20 मिनट अतिरिक्त समय मिलेगा। ऐसे अभ्यर्थी दिव्यांगता प्रमाणपत्र, परिचय पत्र, दो फोटो और मूल आईडी साथ लाएं।

50 प्रतिशत बाह्य निरीक्षक होंगे
जीआईसी के उप प्रधानाचार्य प्रशांत चौधरी ने बताया कि हर केंद्र पर एक सेक्टर मजिस्ट्रेट, स्टेटिक मजिस्ट्रेट, सह-केंद्र व्यवस्थापक और 50 प्रतिशत बाह्य निरीक्षक तैनात रहेंगे। शेष निरीक्षक केंद्र व्यवस्थापक नियुक्त करेंगे। आयोग के प्रतिनिधि धीरेंद्र कुमार सिंह और अजित पाल सिंह ने सभी से निर्देशों का पालन करने की अपील की है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed