फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Meerut News ›   Showed the suffering and human sympathy of Kashmir

Meerut News: कश्मीर की पीड़ा और मानवीय संवेदना को दर्शाया

Tue, 09 Jun 2026 05:09 PM IST
Meerut Bureau मेरठ ब्यूरो
Updated Tue, 09 Jun 2026 05:09 PM IST
विज्ञापन
Showed the suffering and human sympathy of Kashmir
माई सिटी रिपोर्टर
विज्ञापन




मेरठ। कला रंग भारती के तत्वावधान में लहर नाट्य मंच की ओर से नौचंदी मेला के पटेल मंडप में चर्चित हिंदी मनोवैज्ञानिक सस्पेंस नाटक बर्फ का प्रभावशाली मंचन किया गया। नाटक का निर्देशन अनुज शर्मा ने किया। नाटक की रचना प्रसिद्ध रंगकर्मी सौरभ शुक्ला ने की है। नाटक में कश्मीर की पीड़ा और मानवीय संवेदना को प्रभावपूर्ण ढंग से दर्शाया गया।



कार्यक्रम के मुख्य अतिथि एमएलसी धर्मेंद्र भारद्वाज रहे। अध्यक्षता कैंट विधायक अमित अग्रवाल ने की। नाटक कश्मीर की कड़ाके की ठंड में घटित एक संवेदनशील कहानी पर आधारित है। इसमें आतंकवाद, विस्थापन और मानवीय भावनाओं के बीच उम्मीद और विश्वास की शक्ति को दर्शाया गया। कहानी गुलाम रसूल, उसकी पत्नी नफीसा और उनके चाइनीज गुड्डे जिगरा के इर्द-गिर्द घूमती है। उन्होंने गुड्डे को अपनी संतान के रूप में स्वीकार कर लिया है। विज्ञान और तर्क में विश्वास रखने वाले डॉक्टर सिद्धांत कौल की गुलाम रसूल से मुलाकात के बाद घटनाक्रम ऐसा मोड़ लेता है जो दर्शकों को भावनाओं और यथार्थ के गहरे द्वंद्व से रूबरू कराता है।
विज्ञापन




नाटक का मुख्य संदेश यह रहा कि दर्द और संघर्ष के बीच भी प्रेम और विश्वास का एक धागा इंसान को उसकी जड़ों और जीवन से जोड़े रखता है। जिगरा केवल एक खिलौना नहीं बल्कि उन लाखों लोगों के सपनों और यादों का प्रतीक बनकर उभरता है जो अपने घरों और वतन से बिछड़ चुके हैं। निर्देशक अनुज शर्मा ने कहा कि यह नाटक सत्य और यकीन के बीच की उस महीन रेखा को तलाशने का प्रयास है जिसे समाज अक्सर अनदेखा कर देता है। कश्मीर की राजनीति, आतंकवाद सहित अन्य पहलुओं को एक साथ मंच पर उतारना कलाकारों के लिए बड़ी चुनौती के साथ उपलब्धि रही।
विज्ञापन
विज्ञापन




गुलाम रसूल की भूमिका में अनुज शर्मा, डॉक्टर सिद्धांत कौल के रूप में सुधीर सनवाल और नफीसा के रूप में सीमा समर ने अपने सशक्त अभिनय से दर्शकों को अंत तक बांधे रखा। संगीत एवं प्रकाश व्यवस्था का दायित्व विकास राज और संजीव ने संभाला। मंच संचालन कंवलजीत सिंह ने किया। संयोजक अनिरुद्ध गोयल, महामंत्री प्रदीप अग्रवाल, आलोक सिसौदिया, रामगोपाल कात्यायन और अजय वर्मा रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed