फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Meerut News ›   shadow of corona in rakshabandan fair

रक्षाबंधन मेले पर कोरोना की छाया

Sat, 25 Jul 2020 01:36 AM IST
Meerut Bureau मेरठ ब्यूरो
Updated Sat, 25 Jul 2020 01:36 AM IST
विज्ञापन
shadow of corona in rakshabandan fair
लावड़। कोरोना का ग्रहण इस बार हिंदू-मुस्लिम एकता के प्रतीक मेला रक्षाबंधन पर भी है। करीब 100 सालों बाद ऐसा होगा जब कस्बे में रक्षाबंधन के त्योहार पर मेला नहीं लगेगा। कोरोना संक्रमण को देखते हुए नगर पंचायत ने इस बार मेले को लेकर ठेका नहीं छोड़ा है।
विज्ञापन

वर्षों से लगता आ रहा है मेला रक्षाबंधन
कस्बे में रक्षाबंधन के त्योहार पर करीब 100 साल से मेला आयोजित किया जा रहा है। कस्बे के बुजुर्गों की माने तो इस मेले की सबसे पहले मोहल्ला पैठ चौड़ा से शुरुआत हुई थी। उस दौरान मेला एक दिन का लगता था। धीरे-धीरे मेला दो, तीन, सात, दस व अंत में बारह दिन का लगने लगा। पैठ चौड़ा से हटकर यह मेला लावड़-मसूरी मार्ग पर लगने लगा। इस मेले को हिंदू-मुस्लिम एकता के प्रतीक के रूप में पहचान मिली। दरअसल मेले का शुभारंभ हिंदू रीति रिवाज हवन पूजन के साथ होता है। जिसमें दोनों समुदाय के लोग बढ़-चढ़कर हिस्सा लेते हैं। यही नहीं मेले में आने वाले दुकानदार अधिकतर मुस्लिम होते हैं।
विज्ञापन

करीब आठ लाख में छोड़ा जाता है ठेका
मेला लगाने के लिए नगर पंचायत लावड़ सबसे पहले जमीन का ठेका छोड़ती है। जिसके लिए बोली लगाई जाती है। करीब आठ लाख में भूमि का ठेका छोड़ा जाता है। साथ ही बिजली, टैंट व साउंड का ठेका भी छोड़ा जाता है। रक्षाबंधन वाले दिन मेले में भाई-बहन के प्यार के प्रतीक रक्षाबंधन को लेकर मेले में गीत बजाए जाते है।
विज्ञापन
विज्ञापन

लोगों में छाई निराशा
रक्षाबंधन के त्योहार पर इस बार ऐसा हुआ है, जब मेला नहीं लगाया जाएगा। मेला नहीं लगाए जाने से आसपास के गांवों के ग्रामीणों में निराशा छा गई है। मेला देखने के लिए दूरदराज से ग्रामीण कस्बे में पहुंचते हैं। मेले में लगने वाले सर्कस, झूला, रागिनी, माता का जागरण, कव्वाली, मुशायरा आदि का आनंद उठाते हैं। इस बार मेला नहीं लगने से लोगों को कार्यक्रम देखने को नहीं मिलेेंगे।

वर्जन
कोरोना संक्रमण के चलते सरकार की ओर से सभी आयोजन पर रोक है। मेले में भीड़ उमड़ती है। इसलिए इस बार मेला नहीं लगाया जाएगा।-सुधीर सिंह, अधिशासी अधिकारी नगर पंचायत लावड़
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed