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युवकों को अवैध हिरासत में रखने के मामले में रिपोर्ट मांगी

Mon, 13 Sep 2021 01:20 AM IST
Meerut Bureau मेरठ ब्यूरो
Updated Mon, 13 Sep 2021 01:20 AM IST
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Report sought in the case of keeping youths in illegal custody
युवकों को अवैध हिरासत में रखने के मामले में रिपोर्ट मांगी
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मेरठ। परतापुर पुलिस द्वारा दो युवकों को अवैध तरीके से हिरासत में रखने के मामले में डीजीपी मुकुल गोयल ने संज्ञान लिया है। उन्होंने एडीजी जोन को मामले की जांच कराकर 15 दिन में रिपोर्ट भेजने के निर्देश दिए हैं।
शोषित क्रांति दल के राष्ट्रीय अध्यक्ष रविकांत ने परतापुर पुलिस पर दो युवकों को अवैध रूप से हिरासत में रखने का आरोप लगाते हुए डीजीपी से शिकायत की थी। उन्होंने बताया था कि 21 अगस्त की सुबह परतापुर थाने की फैंटम ने इटायरा निवासी उमेश प्रजापति और धर्मवीर जाटव को अपराधियों की तरह घेरकर रोका और फिर चार घंटे तक पुलिस चौकी कताई मिल में अवैध हिरासत में रखकर उनका मानसिक उत्पीड़न किया। उन्होेंने जब इंस्पेक्टर परतापुर नजीर अली खां से बात की तो उन्होंने किसी हिस्ट्रीशीटर का हवाला देकर मदद से इनकार कर दिया।
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रविकांत का आरोप है कि इंस्पेक्टर के इशारे पर ही दोनों को अवैध हिरासत में रखा गया था। दरअसल, धर्मवीर व उमेश ने गांव के ही एक भूमाफिया के खिलाफ मोर्चा खोला है। उन्होंने 17 अगस्त को आईजी रेंज प्रवीण कुमार और इससे पूर्व एसपी सिटी विनीत भटनागर से मिलकर भूमाफिया पर कार्रवाई की मांग की थी। इसके बाद ही मानसिक दबाव बनाने के उद्देश्य से हिरासत में लेने का आरोप लगाया गया है। डीजीपी मुकुल गोयल ने अब मामले का संज्ञान लिया और जांच के निर्देश दिए।
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