यूपी: जितेंद्र यादव ने यूरोप में जीता स्वर्ण पदक, 66 की उम्र में जयप्रकाश ने जीती मैराथन दौड़
यूरोप के चेक गणराज्य में आयोजित हुई तीन दिवसीय वर्ल्ड रेलवे चैंपियनशिप में एथलेटिक्स की भाला फेंक स्पर्धा में बालैनी क्षेत्र के हबीबपुर नंगला गांव निवासी रेलवे के सिपाही जितेंद्र यादव ने स्वर्ण पदक जीता है। उनके प्रदर्शन से परिजनों और ग्रामीणों में खुशी का माहौल है। गांव लौटने पर उनका भव्य स्वागत किया जाएगा।
बागपत के अमीनगर सराय निवासी जितेंद्र यादव रेलवे में सिपाही के पद पर हरियाणा के रोहतक में तैनात हैं। 10 सितंबर से 12 सितंबर तक यूरोप के चेक गणराज्य देश में वर्ल्ड रेलवे चैंपियनशिप का आयोजन हुआ था।
इसमें एथलेटिक्स की भाला फेंक स्पर्धा में प्रतिभाग किया। 65 मीटर भाला फेंककर स्वर्ण पदक अपने नाम कर देश और अपने गांव का नाम अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर रोशन किया। स्वर्ण पदक जीतने की खबर परिजन और ग्रामीणों को लगी तो उनकी खुशी से झुम उठे। गांव आने पर स्वागत किया जाएगा।
बागपत के ही सरूरपुर कलां गांव के रहने वाले 66 वर्षीय जयप्रकाश उर्फ राजा भाई सीनियर सिटीजन की मैराथन दौड़ में पदक जीता है। माउंट आबू में हुई उन्होंने प्रथम स्थान प्राप्त कर क्षेत्र का नाम रोशन किया है। उनकी दौड़ने के जज्बे की पूरा गांव सराहना कर रहा है।
माउंट आबू में 19 अगस्त को सीनियर सिटीजन की मैराथन दौड़ हुई। इसमें सरूरपुर कलां गांव निवासी जयप्रकाश उर्फ राजा भाई ने भी भाग किया। उन्होंने यहां अपने आयु वर्ग में सबसे तेज दौड़ लगा यहां प्रथम स्थान प्राप्त किया। इसके बाद आयोजकों ने उन्हें सम्मानित किया। शनिवार को गांव पहुंचने पर उन्हें परिवार के लोगों ने हौसला बढ़ाया और ग्रामीणों ने सम्मानित किया।
उन्होंने बताया कि अभी तक वह मैराथन दौड़ में 20 से भी अधिक पदक जीत चुके हैं। अधिकांश में प्रथम स्थान पर रहे। सबसे लंबी दौड़ 42 किलो मीटर रही है, इसको चार-पांच घंटे में पूरा कर जीत दर्ज कर प्रथम स्थान प्राप्त किया। जयप्रकाश ने कहा कि देश में जहां भी सीनियर सिटीजनों की मैराथन दौड़ होगी, वह वहीं पर भाग लेंगे। वह माउंट आबू में ओम शांति आश्रम में रहते हैं।