फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Meerut News ›   Online education reduces writing speed, teachers worried over time management in board exams

Exclusive: ऑनलाइन पढ़ाई ने लिखने की गति घटाई, बोर्ड परीक्षाओं में टाइम मैनेजमेंट को लेकर बढ़ी शिक्षकों की चिंता

Sun, 25 Oct 2020 03:55 PM IST
Dimple Sirohi शालू अग्रवाल, अमर उजाला, मेरठ
शालू अग्रवाल, अमर उजाला, मेरठ Published by: Dimple Sirohi Updated Sun, 25 Oct 2020 03:55 PM IST
सार

  • सात महीने बाद स्कूल पहुंचे विद्यार्थियों को लिखने में आ रही परेशानी
  • बोर्ड परीक्षा में टाइम मैनेजमेंट को लेकर शिक्षक भी चिंतित

विज्ञापन
Online education reduces writing speed, teachers worried over time management in board exams
Writing - फोटो : Pexels

विस्तार

कोरोना महामारी के कारण बंद हुए स्कूल और ऑनलाइन पढ़ाई के कारण छात्रों की लिखने की गति भी मंद हो गई है। आम दिनों में जो छात्र एक मिनट में दो से तीन लाइनें लिख लेते थे, वे अब प्रति मिनट में एक से डेढ़ लाइन ही लिख पा रहे हैं।
विज्ञापन


दरअसल, ऑनलाइन कक्षाओं में छात्रों को लिखने का काम अधिक नहीं दिया गया और ऐसे में उनकी राइटिंग स्पीड कम हो रही है। अनलॉक के बाद स्कूल खुलने पर इसका खुलासा हुआ। अब विद्यार्थी और शिक्षक दोनों परेशान हैं कि बोर्ड परीक्षाओं में छात्र टाइम मैनेजमेंट करते हुए उत्तर कैसे लिखेंगे।
विज्ञापन


अनलॉक के बाद स्कूल खुलने पर लगभग सभी विद्यालयों ने ऑनलाइन-ऑफलाइन क्लास को जोड़ दिया गया। जब छात्र स्कूल पहुंचे और कक्षा अटैंड करते समय जब कॉपी पर उन्होंने लिखना शुरू किया तो वो लिख ही नहीं पाए। अंगुलियों हाथों में दर्द, ठीक से कलम न चला पाना, लिखने की गति कम होने की समस्या हुई। 
विज्ञापन
विज्ञापन

थ्योरी के विषयों में ज्यादा परेशानी
12वीं में कला संवर्ग और थ्योरी वाले विषयों के विद्यार्थियों के लिए अब राइटिंग स्पीड बढ़ाना चुनौती है। गणित, विज्ञान जैसे प्रयोगात्मक विषयों में तो छात्र प्रैक्टिकल और सवालों को हल करके टाइम मैनेजमेंट कर सकते हैं लेकिन इतिहास, भूगोल, हिंदी, अंग्रेजी, समाजशास्त्र जैसे अन्य थ्योरी विषयों में अधिक दिक्कत है। इसमें छात्र को प्रश्नों के उत्तर लिखने होते हैं। थ्योरी के आधार पर ही अंक मिलते हैं। 

कलम-कॉपी कम, कीबोर्ड से चला काम
मार्च में लॉकडाउन के कुछ समय बाद सभी विद्यालयों में ऑनलाइन पढ़ाई शुरू हो गई। पहले छात्रों को ऑनलाइन पढ़ाई से जुड़ने में समस्या आई। जब सिलसिलेवार ऑनलाइन कक्षाएं शुरू हुई तो कीबोर्ड और स्क्रीन पर काम अधिक हुआ। कलम, कॉपी और लिखने का काम कम हो गया। सीमित समय के लिए कक्षाएं हुईं। होमवर्क व प्रोजेक्ट वर्क व लिखने के अन्य गतिविधियां भी नहीं हो सकी। इसका सीधा असर छात्रों की लेखन गति पर आया।

गति पर पड़ा है असर 
लगभग सात महीने से छात्र ऑनलाइन कक्षा में थे। इसमें लिखने का काम रुटीन क्लास से कम था। इससे राइटिंग स्पीड कम हुई है। अब राइटिंग सेशन में लिखने का अभ्यास भी कराएंगे। - एके दुबे, प्रिंसिपल, दीवान पब्लिक स्कूल

चलाएंगे राइटिंग सेशन

पहले जो छात्र क्लास में पांच से सात मिनट में एक पन्ना भर देता था, अब इसे लिखने में 10-12 मिनट लग रहे हैं। बोर्ड परीक्षा के रिवीजन के साथ राइटिंग सेशन भी चलाएंगे। - राहुल केसरवानी,  सचिव, सहोदय
 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed