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राशन घोटाले में आरोपी अफसरों को बचाया जा रहा
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मेरठ। भाजपा के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष डॉ. लक्ष्मीकांत वाजपेयी ने सपा सरकार में करोड़ों रुपये के राशन घोटाले को मुख्यमंत्री से शिकायत करके उठाया था। पहले इस मामले में जांच के नाम पर कुछ नहीं हुआ। अब भाजपा सरकार में एसआईटी जांच कर रही है। हालांकि आरोपी अफसरों को बचाया जा रहा है।
डॉ. लक्ष्मीकांत वाजपेयी ने कहा कि इस बाबत जल्द ही मुख्यमंत्री को अवगत कराया जाएगा। इसमें कई और बड़े नाम शामिल हैं। घोटाले के जिम्मेदार अफसरों को एसआईटी बचा रही है। इसलिए फूड कमिश्नर के यहां से जिलाधिकारी से सभी मुकदमों की जांच रिपोर्ट मांगी गई है। माना जा रहा है कि जांच यूपी पुलिस की आर्थिक अपराध शाखा (ईओडब्ल्यू) के पास जा सकती है। वहीं, ईओडब्ल्यू के अधिकारियों ने कहना है कि अभी तक इस संबंध में कोई आदेश नहीं आया है।
यह था मामला
भाजपा के पूर्व प्रदेशाध्यक्ष डॉ. लक्ष्मीकांत वाजपेयी ने कई जिलों में अपात्रों को राशन देने के नाम पर करोड़ों के घोटाले की शिकायत एक जनवरी 2016 को मुख्यमंत्री अखिलेश यादव से की थी। भाजपा सरकार में जुलाई 2018 में जिले में 81 मामले दर्ज हुए। इनकी जांच के लिए एसआईटी गठित की। मेरठ में दर्ज मुकदमों की विवेचना एसपी क्राइम के नेतृत्व में एसआईटी कर रही है। एसपी क्राइम रामअर्ज ने बताया कि इसमें 27 हजार अपात्रों के नाम पर राशन घोटाला किया गया। जिन 110 लोगों के आधार कार्ड आईडी व पासवर्ड प्रयोग किया उनमें 220 राशन एजेंसियां शामिल हैं। वहीं, छह लोग जेल भेजे गए। 10 मुकदमों में चार्जशीट दाखिल हुई, अन्य की जांच जारी है।
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अफसरों पर हो कार्रवाई
डॉ. लक्ष्मीकांत वाजपेयी ने कहा कि मेरठ में एक माह में 6 करोड़ रुपये का राशन घोटाला किया गया। यह लंबे समय जारी रहा। एसआईटी द्वारा जिम्मेदार एआरओ पर कार्रवाई नहीं की जा रही है। आरोपी आपूर्ति निरीक्षकों और डीएसओ को बचाया जा रहा है।
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डॉ. लक्ष्मीकांत वाजपेयी ने कहा कि इस बाबत जल्द ही मुख्यमंत्री को अवगत कराया जाएगा। इसमें कई और बड़े नाम शामिल हैं। घोटाले के जिम्मेदार अफसरों को एसआईटी बचा रही है। इसलिए फूड कमिश्नर के यहां से जिलाधिकारी से सभी मुकदमों की जांच रिपोर्ट मांगी गई है। माना जा रहा है कि जांच यूपी पुलिस की आर्थिक अपराध शाखा (ईओडब्ल्यू) के पास जा सकती है। वहीं, ईओडब्ल्यू के अधिकारियों ने कहना है कि अभी तक इस संबंध में कोई आदेश नहीं आया है।
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यह था मामला
भाजपा के पूर्व प्रदेशाध्यक्ष डॉ. लक्ष्मीकांत वाजपेयी ने कई जिलों में अपात्रों को राशन देने के नाम पर करोड़ों के घोटाले की शिकायत एक जनवरी 2016 को मुख्यमंत्री अखिलेश यादव से की थी। भाजपा सरकार में जुलाई 2018 में जिले में 81 मामले दर्ज हुए। इनकी जांच के लिए एसआईटी गठित की। मेरठ में दर्ज मुकदमों की विवेचना एसपी क्राइम के नेतृत्व में एसआईटी कर रही है। एसपी क्राइम रामअर्ज ने बताया कि इसमें 27 हजार अपात्रों के नाम पर राशन घोटाला किया गया। जिन 110 लोगों के आधार कार्ड आईडी व पासवर्ड प्रयोग किया उनमें 220 राशन एजेंसियां शामिल हैं। वहीं, छह लोग जेल भेजे गए। 10 मुकदमों में चार्जशीट दाखिल हुई, अन्य की जांच जारी है।
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अफसरों पर हो कार्रवाई
डॉ. लक्ष्मीकांत वाजपेयी ने कहा कि मेरठ में एक माह में 6 करोड़ रुपये का राशन घोटाला किया गया। यह लंबे समय जारी रहा। एसआईटी द्वारा जिम्मेदार एआरओ पर कार्रवाई नहीं की जा रही है। आरोपी आपूर्ति निरीक्षकों और डीएसओ को बचाया जा रहा है।