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Meerut News: रंग, रस और बांके बिहारी की तान पर झूमा नौचंदी मेला
Mon, 18 May 2026 02:14 AM IST
मेरठ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, मेरठ
संवाद न्यूज एजेंसी, मेरठ
Updated Mon, 18 May 2026 02:14 AM IST
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नौचंदी मेला: 14 मिनट में जीवंत हुई संपूर्ण श्रीकृष्ण लीला
माई सिटी रिपोर्टर
मेरठ।
पटेल मंडप की रंगीन रोशनियों के बीच रविवार की शाम जैसे अचानक द्वापर युग में बदल गई। बांसुरी की मधुर तान, माखन चुराते नटखट कान्हा की छवि और फिर कंस के अंत का विजय घोष। महज 14 मिनट की प्रस्तुति ने ऐसा समां बांधा कि दर्शक भावनाओं और भक्ति की धारा में बह निकले। नौचंदी मेले की इस सांस्कृतिक संध्या में कला, संगीत और श्रद्धा का ऐसा संगम दिखा, जिसने हर किसी के मन में कृष्ण नाम की मधुर गूंज छोड़ दी।
प्रांतीय नौचंदी मेला 2026 के अंतर्गत पटेल मंडप में आयोजित सांस्कृतिक कार्यक्रम ने दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया। नोएडा नृत्य कला संस्थान की छात्राओं द्वारा प्रस्तुत नृत्य नाटिका ‘लीला नट नागर’ ने भगवान श्रीकृष्ण की संपूर्ण जीवन यात्रा को मात्र 14 मिनट में जीवंत कर दिया। दीप प्रज्ज्वलन के साथ कार्यक्रम का शुभारंभ हुआ और फिर मंच पर जैसे वृंदावन उतर आया। श्रीकृष्ण जन्म से लेकर माखन चोरी, कालिया नाग मर्दन, गोपी रास और अंत में कंस वध तक की लीलाओं का ऐसा भावपूर्ण मंचन हुआ कि दर्शक देर तक तालियां बजाते रहे। संगीत की मधुर लय, रंग-बिरंगी वेशभूषा और कलाकारों की सजीव भाव-भंगिमाओं ने वातावरण को भक्तिमय बना दिया। नृत्य नाटिका का निर्देशन शिक्षिका एवं टीम लीडर मोनिशका ने किया। रान्या गोस्वामी, लक्षिता, गुनी, कृति, श्रेया और जानवी ने अपनी प्रस्तुति से दर्शकों का मन जीत लिया।
बांके बिहारी की बांकी मरोर
प्रसिद्ध लोक गायक महावीर सिंह चाहर ने अपने लोक गायन से समां बांध दिया। “बांके बिहारी की बांकी मरोर, चित लीनो है चोर” की प्रस्तुति होते ही पूरा पंडाल कृष्णमय हो उठा। “तेरी मुरली पर जाऊं बलिहार रसिया” और “कह दीजो ऊधो थोड़ी सी बात हमारी” जैसे लोकप्रिय गीतों ने श्रोताओं को भाव-विभोर कर दिया। लोक और शास्त्रीय संगीत के अद्भुत संगम ने नौचंदी मेले की इस शाम को अविस्मरणीय बना दिया।
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माई सिटी रिपोर्टर
मेरठ।
पटेल मंडप की रंगीन रोशनियों के बीच रविवार की शाम जैसे अचानक द्वापर युग में बदल गई। बांसुरी की मधुर तान, माखन चुराते नटखट कान्हा की छवि और फिर कंस के अंत का विजय घोष। महज 14 मिनट की प्रस्तुति ने ऐसा समां बांधा कि दर्शक भावनाओं और भक्ति की धारा में बह निकले। नौचंदी मेले की इस सांस्कृतिक संध्या में कला, संगीत और श्रद्धा का ऐसा संगम दिखा, जिसने हर किसी के मन में कृष्ण नाम की मधुर गूंज छोड़ दी।
प्रांतीय नौचंदी मेला 2026 के अंतर्गत पटेल मंडप में आयोजित सांस्कृतिक कार्यक्रम ने दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया। नोएडा नृत्य कला संस्थान की छात्राओं द्वारा प्रस्तुत नृत्य नाटिका ‘लीला नट नागर’ ने भगवान श्रीकृष्ण की संपूर्ण जीवन यात्रा को मात्र 14 मिनट में जीवंत कर दिया। दीप प्रज्ज्वलन के साथ कार्यक्रम का शुभारंभ हुआ और फिर मंच पर जैसे वृंदावन उतर आया। श्रीकृष्ण जन्म से लेकर माखन चोरी, कालिया नाग मर्दन, गोपी रास और अंत में कंस वध तक की लीलाओं का ऐसा भावपूर्ण मंचन हुआ कि दर्शक देर तक तालियां बजाते रहे। संगीत की मधुर लय, रंग-बिरंगी वेशभूषा और कलाकारों की सजीव भाव-भंगिमाओं ने वातावरण को भक्तिमय बना दिया। नृत्य नाटिका का निर्देशन शिक्षिका एवं टीम लीडर मोनिशका ने किया। रान्या गोस्वामी, लक्षिता, गुनी, कृति, श्रेया और जानवी ने अपनी प्रस्तुति से दर्शकों का मन जीत लिया।
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बांके बिहारी की बांकी मरोर
प्रसिद्ध लोक गायक महावीर सिंह चाहर ने अपने लोक गायन से समां बांध दिया। “बांके बिहारी की बांकी मरोर, चित लीनो है चोर” की प्रस्तुति होते ही पूरा पंडाल कृष्णमय हो उठा। “तेरी मुरली पर जाऊं बलिहार रसिया” और “कह दीजो ऊधो थोड़ी सी बात हमारी” जैसे लोकप्रिय गीतों ने श्रोताओं को भाव-विभोर कर दिया। लोक और शास्त्रीय संगीत के अद्भुत संगम ने नौचंदी मेले की इस शाम को अविस्मरणीय बना दिया।
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