दौराला। कस्बे की जेपी कॉलोनी में चल रही श्रीमद्भागवत कथा के तीसरे दिन कथा वाचक योगेश्वर विजय सुंदरियाल ने महाराजा दक्ष प्रजापति की कथा का वर्णन किया। कथा के बीच में उन्होंने भजनों की प्रस्तुति दी, जिसे सुनकर श्रद्धालु झूम उठे।
कथा वाचक ने बताया कि महाराजा दक्ष ने भगवान भोलेनाथ का अनादर किया, जिस पर माता सती ने हवन कुंड में कूदकर अपनी जान दे दी। भोलेनाथ ने क्रोधित होकर दक्ष प्रजापति का शीश धड़ से अलग कर दिया। बाद में भगवान भोलेनाथ ने फिर क्षमा करते हुए दक्ष को बकरे का शीश लगाकर पुन: जीवित किया। इस दौरान पुरुषोत्तम उपाध्याय, विकास गुप्ता, स्वामी प्रेम प्रकाश, नितिन शर्मा, रोहित, राजीव, मोहित, चांदवीर, धीरज, संचित, आशीष, संध्या, पूजा, विपिन, टिंकू, पप्पू आदि मौजूद रहे।

दौराला- कस्बे की जेपी कॉलोनी में चल रही कथा में कथा वाचक योगेश्वर विजय सुंदरियाल को सम्मानित कर