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भगवान का नाम लेने से जन्म जन्मातंर के पाप कट जाते हैं
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मेरठ..कंवलजीत..डालंपाडा स्थिर रामनवमी मंदिर में भागवत कथा सुनाते आचार्य प्रदीप नौटियाल व कथा सु
डालमपाड़ा श्रीराम नवमी मंदिर में श्रीमद्भागवत कथा में बोले आचार्य प्रदीप नौटियाल
माई सिटी रिपोर्टर
मेरठ। डालमपाड़ा श्रीराम नवमी मंदिर में श्रीमद्भागवत कथा के चौथे दिन शुक्रवार को आचार्य प्रदीप नौटियाल ने भरत, अजामिल, गजेंद्र मोक्ष, वामन, राम कथा और कृष्ण जन्म का प्रसंग सुनाए। उन्होंने भगवान के नाम का महत्व बताया। भगवान का नाम लेने से वर्तमान जन्म के पाप के साथ जन्म जन्मांतर के पाप भी कट जाते हैं।
कथा व्यास आचार्य प्रदीप नौटियाल ने बताया कि भगवान के नाम का उच्चारण प्रेम, श्रद्धा से करने मात्र से व्यक्ति के सभी पाप समाप्त हो जाते हैं। चाहे व्यक्ति का जीवन किसी भी तरह का हो। वह भगवान का नाम लेकर सच्चे मन से प्रेम के साथ स्मरण करे तो भगवान उसे माफ कर देते हैं। उसकी आत्मा को शांति मिलती है, इसलिए प्रभु का नाम लेते समय दिखावा नहीं करना चाहिए। गजेंद्र मोक्ष की कथा में हाथी को मगरमच्छ से बचाने के लिए स्वयं भगवान पृथ्वी पर आए। कथा के दौरान श्रीराम और भगवान कृष्ण की सुंदर झाकियों ने सभी को मंत्रमुग्ध कर दिया। कथा श्रवण करने वालों में पंडित सीपी डिमरी, मयंक अग्रवाल, आशीष रस्तोगी, वासु चौरसिया, राहुल बंसल, मनीष सिंघल, प्रदीप शर्मा रहे।
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माई सिटी रिपोर्टर
मेरठ। डालमपाड़ा श्रीराम नवमी मंदिर में श्रीमद्भागवत कथा के चौथे दिन शुक्रवार को आचार्य प्रदीप नौटियाल ने भरत, अजामिल, गजेंद्र मोक्ष, वामन, राम कथा और कृष्ण जन्म का प्रसंग सुनाए। उन्होंने भगवान के नाम का महत्व बताया। भगवान का नाम लेने से वर्तमान जन्म के पाप के साथ जन्म जन्मांतर के पाप भी कट जाते हैं।
कथा व्यास आचार्य प्रदीप नौटियाल ने बताया कि भगवान के नाम का उच्चारण प्रेम, श्रद्धा से करने मात्र से व्यक्ति के सभी पाप समाप्त हो जाते हैं। चाहे व्यक्ति का जीवन किसी भी तरह का हो। वह भगवान का नाम लेकर सच्चे मन से प्रेम के साथ स्मरण करे तो भगवान उसे माफ कर देते हैं। उसकी आत्मा को शांति मिलती है, इसलिए प्रभु का नाम लेते समय दिखावा नहीं करना चाहिए। गजेंद्र मोक्ष की कथा में हाथी को मगरमच्छ से बचाने के लिए स्वयं भगवान पृथ्वी पर आए। कथा के दौरान श्रीराम और भगवान कृष्ण की सुंदर झाकियों ने सभी को मंत्रमुग्ध कर दिया। कथा श्रवण करने वालों में पंडित सीपी डिमरी, मयंक अग्रवाल, आशीष रस्तोगी, वासु चौरसिया, राहुल बंसल, मनीष सिंघल, प्रदीप शर्मा रहे।
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