फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Meerut News ›   Munna Bajrangi murder: Sunil Rathi was carrying a pistol in jail

मुन्ना बजरंगी हत्या: जेल में पिस्टल लेकर पहुंचा था सुनील राठी! ये रहे कई सबूत

Fri, 13 Jul 2018 02:00 PM IST
यूपी डेस्क, अमर उजाला, बागपत
यूपी डेस्क, अमर उजाला, बागपत Updated Fri, 13 Jul 2018 02:00 PM IST
विज्ञापन
Munna Bajrangi murder: Sunil Rathi was carrying a pistol in jail
फाइल फोटो

डॉन मुन्ना बजरंगी हत्याकांड के बाद सबसे बड़ा सवाल यह है कि आखिर जिला कारागार में पिस्टल कैसे पहुंची। जेल के अंदर और बाहर राठी के खौफ के चलते उसकी चेकिंग नहीं होती थी, इससे अंदेशा है कि कहीं बागपत जेल में एंट्री के वक्त खुद राठी ही पिस्टल लेकर तो नहीं पहुंचा। राठी के खौफ और जेल की लचर व्यवस्था के चलते ऐसा होना कोई बड़ी बात नहीं है। 

विज्ञापन


कुख्यात सुनील राठी का जेल में अपने तरीके से ही रहने का अंदाज है। रुड़की में जेलर की हत्या के बाद से जेलों में राठी का खौफ साफ नजर आता है। बागपत जेल में भी राठी की हुकूमत चली। जिस तरीके से राठी और उसके गुर्गों को खुली छूट मिली हुई थी, उससे इस बात को बल अधिक मिल जाता है कि राठी के पास पिस्टल पहले से ही होगा।
विज्ञापन


बता दें कि पिछले साल जब वह जेल में दाखिल हुआ तो संभव है कि तब भी पिस्टल उसके पास ही हो, क्योंकि बागपत जेल की लचर व्यवस्था को देखते हुए राठी ने खूब हुकूमत चलाई। राठी तो क्या उसके गुर्गों को छेड़ने की हिम्मत भी जेल प्रबंधन की नहीं है। जेल में ऐसे किसी भी बंदी को चैन से नहीं रहने दिया, इससे राठी को कभी खतरा हो सकता है। एक लाख के इनामी रहे अजित उर्फ हप्पू को मेरठ जेल शिफ्ट करा दिया। जेल प्रबंधन इस बात की जांच में जुटा है कि जेल में पिस्टल लापरवाही से गया या किसी कर्मचारी की मिलीभगत से गया। कब गया और कैसे गया। डीआईजी जेल संजीव त्रिपाठी ने कहा जेल में पिस्टल जाने की जांच चल रही है, जल्द ही सफलता मिलेगी।
विज्ञापन
विज्ञापन


पढ़ें : क्या वाकई 10 करोड़ की सुपारी देकर कराया मुन्ना डॉन का मर्डर, जांच में सामने आई नई जानकारी

मुंगेर की देसी पिस्टल की विदेशी शक्ल

Munna Bajrangi murder: Sunil Rathi was carrying a pistol in jail
मुन्ना बजरंगी

जिस पिस्टल से मुन्ना बजरंगी की हत्या की गई, उस पर विदेशी कंपनी का नाम लिखा है। कई अंक को मिटाने की कोशिश की गई है। पुलिस को आशंका है कि यह पिस्टल लूट का हो सकता है। इसके अलावा एसटीएफ के सूत्र बताते हैं कि पिस्टल पर विदेशी कंपनी के नाम और अन्य चीजें अंकित जरूर मिली है, लेकिन इसके बिहार के मुंगेर में बने होने की संभावना अधिक है, क्योंकि इससे पहले बरामद हुए ऐसे हथियारों का मुंगेर से सप्लाई होना, कई बार पुष्टी हो चुकी है।

यह भी अंदेशा जताया जा रहा है कि मुन्ना बजरंगी की हत्या में दो पिस्टल का इस्तेमाल किया, लेकिन अभी तक दूसरा पिस्टल बरामद नहीं हुआ है। पुलिस दूसरे पिस्टल की थ्योरी को खारिज कर रही है। उधर, इस बात की जांच भी की जा रही है कि कितने लोग वारदात में शामिल रहे। एसपी जयप्रकाश ने कहा यह जांच का विषय है कि पिस्टल विदेशी है या देसी। इसकी जांच की जा रही है।

पढ़ें : बागपत जेल में ऐसे कटी थी मुन्ना बजरंगी की 'आखिरी' रात... कुख्यात सुन्हैड़ा ने खोले कई राज

जेल में डटे डीआईजी, बैरकों की कराई चेकिंग 

Munna Bajrangi murder: Sunil Rathi was carrying a pistol in jail
फाइल फोटो

मुन्ना बजरंगी की हत्या के बाद से डीआईजी जेल संजीव त्रिपाठी बागपत जेल में डटे हैं। गुरुवार को भी डीआईजी ने जेल में चेकिंग अभियान चलवाया। मेरठ रेंज का उनके पास अतिरिक्त प्रभार है। उन्होंने बताया कि बैरकों की चेकिंग कराई गई है। किसी तरह का प्रतिबंधित सामान नहीं मिला है। 

राठी को शिफ्ट करने का आदेश नहीं पहुंचा 
डीआईजी जेल संजीव त्रिपाठी ने बताया कि देर शाम तक सुनील राठी को किसी अन्यत्र जेल में शिफ्ट करने का आदेश नहीं पहुंचा है। 31 जुलाई 2017 को राठी को रुड़की से बागपत जेल में शिफ्ट किया गया था। जिला कारागार प्रशासन ने राठी को शिफ्ट करने का प्रस्ताव बनाकर शासन को भेजा है। जल्द ही इस पर आदेश जिला जेल तक पहुंचने की संभावना जताई जा रही है।

शहर से लेकर देश तक की ताजा खबरें व वीडियो देखने लिए हमारे इस फेसबुक पेज को लाइक करें

https://www.facebook.com/AuNewsMeerut/

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed