फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Meerut News ›   More than five thousand inquiries from collectors of old notes, central bank decided to withdraw

पांच हजार से ज्यादा के पुराने नोट जमा करने वालों से पूछताछ का फैसला आरबीआई ने लिया वापस

Thu, 22 Dec 2016 01:15 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो, मेरठ
अमर उजाला ब्यूरो, मेरठ Updated Thu, 22 Dec 2016 01:15 PM IST
विज्ञापन
More than five thousand inquiries from collectors of old notes, central bank decided to withdraw
फाइल फोटो - फोटो : अमर उजाला

बैंक में पांच हजार से ज्यादा के पुराने नोट जमा करने वालों से पूछताछ का फैसला आरबीआई ने वापस ले लिया है। बैंकों को इस आदेश की जानकारी दोपहर बाद हुई, लेकिन इससे पहले लोगों को बैंक अफसरों की पूछताछ से गुजरना पड़ा। उन्हें बताना पड़ा कि ये पुराने नोट कहां से आए? वे अब तक इन्हें क्यों जमा नहीं कर सके। अमर उजाला ने शहर के कुछ बैंकों में जाकर जानकारी ली।

विज्ञापन


रोज नए नियम बना रही सरकार
रेलवे रोड स्थित एसबीआई शाखा में शास्त्रीनगर निवासी प्राइवेट जॉब करने वाले अंकित जैन 13 हजार रुपये जमा कराने पहुुंचे। सभी 500 के पुराने नोट थे। काउंटर से उन्हें ब्रांच मैनेजर के केबिन में भेज दिया गया। वहां दो अफसरों ने अंकित से पूछताछ की, तो वह बिफर गया। बोला, मोदी जी ने कहा था कि पुराने नोट 30 दिसंबर तक जमा होंगे, जल्दबाजी ना करें, आराम से जमा कराना। वह बैंकों में भीड़ कम होने का इंतजार कर रहा था, तो अचानक सरकार को अब क्या आफत आ गई। हर रोज नए-नए नियम कायदे बना रही है।
विज्ञापन


उधार में फंसी रकम आई है
रेलवे रोड स्थित एसबीआई शाखा में घंटाघर निवासी लोकेश साढे़ छह हजार रुपये जमा कराने आया था। अफसरों ने पूछताछ की तो बोला काफी समय से एक पार्टी पर उधारी फंसी थी। अब पुराने नोटों में उधारी आई है, तो आ गया जमा कराने। सरकार ने जब 30 दिसंबर तक का वक्त दिया था, तो अब पूछताछ क्यों हो रही है।
विज्ञापन
विज्ञापन


लिखकर दिया दोबारा पुराने नोट जमा नहीं कराऊंगा
एसबीआई स्पोर्ट्स कांपलेक्स शाखा में 80 हजार के पुराने नोट जमा कराने पहुंचे शास्त्रीनगर के महेश कुमार ने बताया कि वह एसी मेकेनिक है। बैंक में भीड़ अधिक होने की वजह से वह अब आया है। महेश ने लिखकर दिया कि अब वह अपने अकाउंट में पुराने नोट जमा नहीं कराएगा।

मजदूरी का पैसा है, इसमें भी पूछताछ
एसबीआई स्पोर्ट्स कांपलेक्स शाखा में साढे़ सात हजार के पुराने नोट जमा कराने आए लिसाड़ी गेट के इरशाद से पूछताछ हुई तो बिफर गया। बोला मोदी जी हर रोज नए नियम कानून बना रहे हैं। लोगों को परेशान कर दिया है। उसने लिखकर दिया कि ये रकम मजदूरी में उसे मिली है। इसके बाद ही रुपये जमा किए गए।


शाम को बंद कर दी पूछताछ
एसबीआई स्पोर्ट्स कांपलेक्स के शाखा प्रबंधक डीपी सिंह, रेलवे रोड के ब्रांच मैनेजर सुजीत कुमार और यूनियन बैंक के ब्रांच मैनेजर पीएन गरोठिया के अनुसार, लोगों ने कन्यादान, बच्चों की गुल्लक से मिलना, मजदूरी और उधारी में फंसे रुपये आने जैसे कई कारण बताए। दोपहर बाद आदेश आने के बाद पूछताछ बंद कर दी गई।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed