{"_id":"6924404cc12f1ff08002a0f1","slug":"meerut-house-illegally-built-in-middle-of-road-housing-board-team-stops-construction-amid-chaos-2025-11-24","type":"story","status":"publish","title_hn":"Meerut: जागृति विहार में बीच सड़क पर बना दिया मकान, अवकाश के दिन पहुंची टीम, हंगामा शांत कराया","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Meerut: जागृति विहार में बीच सड़क पर बना दिया मकान, अवकाश के दिन पहुंची टीम, हंगामा शांत कराया
Mon, 24 Nov 2025 04:54 PM IST
डिंपल सिरोही
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मेरठ
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मेरठ
Published by: डिंपल सिरोही
Updated Mon, 24 Nov 2025 04:54 PM IST
सार
मेरठ के जागृति विहार में सड़क के बीचोंबीच अवैध रूप से मकान बना देने पर रविवार को आवास एवं विकास परिषद की टीम पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंची। चहारदीवारी तैयार थी और लिंटर डालने की तैयारी चल रही थी। स्थानीय लोगों के विरोध और हंगामे के बीच अधिकारियों ने निर्माण रुकवाया और लोगों को समझाकर शांत कराया।
विज्ञापन
बीच सड़क पर कर दिया अवैध निर्माण
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
मेरठके जागृति विहार में सड़क के बीचों बीच मकान बनकर तैयार हो गया। चहारदीवार पूरी कर लिंटर डालने की तैयारी थी। लोगों के विरोध के बाद रविवार को अवकाश के दिन आवास एवं विकास परिषद की टीम पुलिस के साथ पहुंची और निर्माण रुकवाया। वहीं लोग निर्माण ढहाने पर अड़ गए। काफी देर तक जमकर हंगामा हुआ। पुलिस ने जैसे-तैसे समझाकर शांत कराया।
विज्ञापन
जागृति विहार में मंशा देवी मंदिर के सामने सेक्टर-6 में नौ मीटर माार्ग है।
आरोप है कि अरविंद सैनी की ओर से सड़क पर अवैध कब्जा कर बीचों बीच निर्माण कर लिया गया। लोगों ने आरोप लगाया कि शनिवार से निर्माण कार्य शुरू किया गया और रविवार दोपहर तक सड़क पर ही चहारदीवारी बना दी गई। अब लिंटर डालने की तैयारी थी।
विज्ञापन
यह भी पढ़ें: Meerut: सौरभ हत्याकांड की आरोपी मुस्कान अस्पताल में भर्ती, आज हो सकती है डिलीवरी, बच्चे के पिता को लेकर संशय
विज्ञापन
सूचना पर आवास एवं विकास परिषद के अधिशासी अभियंता एसपी सिंह पुलिस फोर्स के साथ पहुंचे। निर्माणकर्ता की ओर से अदालत द्वारा चिह्नांकन कराए जाने की दलील दी गई। दावा किया गया कि सड़क पर उनकी जमीन है। इस पर निर्माण किया जा रहा है।
अधिकारियों और पुलिस ने लोगों को समझाकर शांत कराया गया। अधिशासी अभियंता एसपी सिंह ने बताया कि अरविंद सैनी की ओर से अदालत के आदेश पर चिह्नांकन का दावा किया गया। एसपी सिंह ने बताया कि विभाग की किसी भी योजना में कोई भी जमीन होती है तो उसके लिए असुधार शुल्क जमा कर नक्शा पास करवाना अनिवार्य होता है। बिना नक्शा पास कराए निर्माण कराया जा रहा था, जिसे रुकवाया गया।