जिला पंचायत बोर्ड बैठक : जमीनों को किराए पर देने का रखा प्रस्ताव, विधायक अतुल प्रधान बोले-काली नदी प्रदूषित न करें
बुधवार को शुरू हुई बैठक में सरधना विधायक अतुल प्रधान ने काली नदी को प्रदूषण मुक्त कराने के मुद्दे को प्रमुखता से रखा। वहीं जिला पंचायत की जमीनों को किराए पर देने के प्रस्ताव पर भी मुहर लग गई।
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मेरठ में बुधवार को जिला पंचायत की बोर्ड बैठक का आयोजन किया गया। इस दौरान पंचम वित्त की करोड़ों रुपयों की कार्य योजनाओं के गठन पर बात हुई। हालांकि बैठक में कई अधिकारी अनुपस्थित रहे। काली नदी के किनारे अतिक्रमण मुक्त के लिए प्रस्ताव रखा गया। वहीं सरधना विधायक अतुल प्रधान ने बैठक के दौरान कहा कि काली नदी को प्रदूषित करना बंद करें केवल अतिक्रमण मुक्त करने से ही काली नदी का उद्धार नहीं होगा। वहीं बैठक में छुट्टा पशुओं को पकड़ने के लिए कैटल केचअप खरीदे जाएंगे। इन पशुओं को पकड़कर गौशाला भेजा जाएगा।
बुधवार को शुरू हुई बैठक में सरधना विधायक अतुल प्रधान ने काली नदी को प्रदूषण मुक्त कराने के मुद्दे को प्रमुखता से रखा। उन्होंने कहा कि काली नदी को अतिक्रमण मुक्त किया जाएगा। वहीं काली नदी के दोनों तरफ पिलर लगाए जाएंगे जिससे कोई भी अतिक्रमण न कर सके। इसके लिए वन विभाग और राजस्व विभाग की टीम को गठित कर दिया गया है।
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मुख्य विकास अधिकारी ने जिला पंचायत की बैठक में काली नदी को अतिक्रमण मुक्त रखने का प्रस्ताव रखा, जिस पर अतुल प्रधान ने कहा कि काली नदी में डलने वाले गंदे पानी को रोकिए, अतिक्रमण मुक्त से कुछ नही होगा।
बैठक में जमीनों को किराए पर देने का भी प्रस्ताव रखा गया। विधायक अतुल प्रधान ने जिला पंचायत की जमीनों को व्यावसायिक तौर पर उपयोग करने की भी सराहना की। बोर्ड बैठक में प्रस्ताव पास किया गया।
जिला पंचायत सदस्य ऋषि त्यागी ने कहा कि बिजौली पीएचसी में डॉक्टर की व्यवस्था नही है, जबकि कोरोना काल मे मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बिजौली गांव का दौरा किया था।
सरधना विधायक अतुल प्रधान ने अधिकारियों से तीखे सवाल भी किए। उन्होंने कहा कि बेसिक शिक्षा अधिकारी आरटीई के तहत जरूरतमंद बच्चों का दाखिला नही करा रहे कहा कि अस्पतालों में उगाही चल रही है। 500 रुपये की दवाई 5000 में दी जा रही है। प्रदूषण विभाग के अधिकारियों के अनुपस्थित पर भी उन्होंने नाराजगी जताई।