कांवड़ यात्रा 2019: 17 जुलाई से एनएच-58 पर बंद होंगे भारी वाहन, 25 से होगा रूट डायवर्जन
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कांवड़ यात्रा में सुरक्षा और ट्रैफिक व्यवस्था को देखते कड़े बंदोबस्त किए जा रहे हैं। मेरठ जिले को 24 जोन और 61 सेक्टरों में बांटा गया है। ट्रैफिक व्यवस्था के मद्देनजर 17 जुलाई से हाईवे पर भारी वाहन प्रतिबंध होंगे तो कई मार्गों पर 25 जुलाई से रूट डायवर्जन किया जाएगा। कांवड़ यात्रा के दौरान स्वच्छता, सुरक्षा और शालीनता पर ज्यादा फोकस रहेगा। जिसके चलते पुलिसकर्मियों को तीन दिन की ट्रेनिंग दी जाएगी।
हरिद्वार से चलकर मेरठ शहर से गुजरने जाने वाले कांवड़ियों की संख्या तीन करोड़ होने का आकलन है। इसको देखते पुलिस-प्रशासन पूरी तरह से तैयारी में जुट गया है। नोएडा में डीजीपी की मीटिंग के बाद एडीजी मेरठ जोन प्रशांत कुमार ने बाहरी जिलों से फोर्स मांगने के लिए चिट्ठी लिख दी है। पीएसी व आरएएफ को बुलाया जा रहा है, ताकि संवेदनशील इलाकों को पहले से चिह्नित किया जा सके।
एसएसपी अजय साहनी के मुताबिक मेरठ जिले को 24 जोन और 61 सेक्टर में बांटा गया है। जिसमें सेक्टर में दो इंस्पेक्टर और चार कांस्टेबल की ड्यूटी निर्धारित की गई है। जोकि 24 घंटे निगरानी करेेंगे। डीएम के साथ कांवड़ यात्रा मार्ग का निरीक्षण किया गया है। कई जगहों पर मार्ग ठीक करने का काम चल रहा है। कांवड़ यात्रा मार्ग पर लाइटें लगने का सिलसिला जारी है। पुलिस-प्रशासन के अधिकारी रोजाना कांवड़ मार्ग पर निरीक्षण कर पूरी तैयारियों कराने में लगे हैं।
25 जुलाई से तीन अगस्त तक डायवर्जन
एसएसपी ने बताया कि एनएच-58 पर 17 जुलाई से भारी वाहनों पर प्रतिबंध लगाया जाएगा। लेकिन इससे पहले भारी वाहनों के लिए रूट डायवर्जन होगा। जिसके लिए कई मार्गों का निरीक्षण किया गया है। ट्रैफिक डायवर्जन का काम 25 जुलाई से तीन अगस्त तक किया जाएगा।
व्यापारियों को नोटिस भी भेजे
इस बार पुलिस ने 25 जुलाई से रूट डायवर्जन करने से पहले व्यापारियों को नोटिस देकर अवगत करने की तैयारी की है। ताकि व्यापारी पहले से इंतजाम कर लें। रूट डायवर्जन से पहले सुरक्षित मार्ग का एक चार्ट पहले से जारी होगा।
कुंभ की तर्ज पर कांवड़ यात्रा
एसएसपी का कहना है कि दो साल से कांवड़ यात्रा सकुशल हो रही है, जिसकी मुख्यमंत्री भी सराहना करते हैं। मुख्यमंत्री का कहना है कि इलाहाबाद कुंभ की तर्ज पर कांवड़ यात्रा संपन्न कराई जाए। इस बार स्वच्छता, सुरक्षा और शालीनता पर ज्यादा फोकस रहेगा। कांवड़ यात्रा में उन्हीं पुलिसकर्मियों को लगाया जाएगा, जोकि पहले से कांवड़ यात्रा करा चुके हैं।
दो ड्रोन से करेंगे निगरानी
मेरठ पुलिस दो ड्रोन से 17 जुलाई से निगरानी करनी शुरू कर देगी। आठ लाख रुपये कीमत का एक ड्रोन दो साल से खराब पड़ा था। बृहस्पतिवार को कंपनी मैनेजर को बुलाया गया। हिदायत दी कि अगर ड्रोन ठीक नहीं हुआ तो उनको जेल भेजा जाएगा। क्योंकि ड्रोन गारंटी में था और मैनेजर के खिलाफ मुकदमा सिविल लाइन में लिखा हुआ है। जिस पर मैनेजर ने दूसरा ड्रोन देने की बात कहीं। एक ड्रोन पुलिस के पास पहले से है। ड्रोन से कांवड़ यात्रा की निगरानी होगी।
दिल्ली के एक्सपर्ट देंगे ट्रेनिंग
आईजी रेंज आलोक सिंह का कहना है कि कांवड़ यात्रा में पुलिस स्वच्छता, सुरक्षा और शालीनता का परिचय देगी। इसको लेकर पुलिस लाइन में तीन दिन की ट्रेनिंग देने का सिलसिला चलेगा। अबकी बार दिल्ली से कुछ एक्सपर्टों को बुलाया जाएगा, ताकि व्यवस्था बेहतर की जाए। इसको लेकर दिल्ली के एक्सपर्टों को बुलाया जा रहा है।
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