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फिर जाम, आखिर कब होगा समाधान, जानिए, यैलो लाइन सिस्टम में कौन बना है रोड़ा

Fri, 28 Jul 2017 09:29 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो/ मेरठ
अमर उजाला ब्यूरो/ मेरठ Updated Fri, 28 Jul 2017 09:29 AM IST
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jaam in city, when solution
फाइल फोटो - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो

शहर में हर रोज लगने वाले भीषण जाम का कोई समाधान नहीं निकल पा रहा है। बृहस्पतिवार को भी शहर के लोगों को जाम से लड़ना पड़ा। रोज की तरह स्कूलों की छुट्टी के बाद जाम लगा। पुलिस मौके पर नहीं पहुंची और लोगों को समस्या से समाधान दिलाने के लिए लीपापोती करती रही। हापुड़ अड्डे पर जाम से लोग जूझते रहे।

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दिल्ली रोड, हापुड़ रोड और मवाना रोड पर दोपहर में भीषण जाम लगा। वेस्टर्न कचहरी रोड, बुढ़ाना गेट, घंटाघर और कैंट स्थित वेस्ट एंड रोड पर लोगों को जाम में फंसना पड़ा। लोग पुलिस को फोन करते रहे, लेकिन समाधान नहीं हुआ। जाम में फंसे लोगों ने एक दूसरे के वाहनों को हटवाकर खुद रास्ता बनाया। 
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वेस्ट एंड रोड के बाद हापुड़ अड्डा जाम की सबसे बड़ी समस्या बन चुका है। यहां अतिक्रमण, ई रिक्शा और ऑटो को हटाया गया तो कुछ दिन राहत रही। लेकिन अब फिर जाम लोगों की परेशानी का कारण बना है। यहां ट्रैफिक व्यवस्था बिगड़ने का कारण चौराहे पर अवैध ई रिक्शा और आटो का स्टैंड है। सबसे व्यस्त चौराहों में से शामिल होने के बावजूद यहां व्यवस्था होमगार्ड के हवाले रहती है
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निगम और पुलिस मिलकर करें कार्रवाई तो बनें बात
जाम का सबसे बड़ा कारण अतिक्रमण है। हालत ये है कि पूरे शहर में सड़कों तक अवैध कब्जे हो चुके हैं। निगम अधिकारी पुलिस पर सहयोग ने करने का आरोप लगाते हैं तो पुलिस का कहना होता है कि निगम के अफसर खुद ही कार्रवाई से पीछे हटते हैं। दोनों विभागों में समन्वय की कमी आम लोगों की परेशानी का कारण बनी है। अतिक्रमण हटाने की छोटी मोटी कार्रवाई तो होती रहती है, लेकिन अतिक्रमण हटाने के लिए कोई बड़ा अभियान निगम नहीं चला सका है। यहां तक कि निगम सड़कों पर होने वाली अवैध पार्किंग पर रोक तक नहीं लगा सका है। नतीजा सड़कों पर अवैध पार्किंग होती है और निगम अधिकारी चुपचाप जनता को परेशान होता देखते रहते हैं। इस मामले में पुलिस भी अपनी तरफ से कार्रवाई में संकोच कर रही है।

अवैध ई रिक्शा और ऑटो पर क्यों नहीं होती कार्रवाई
पुलिस ने अवैध ई रिक्शा का रूट प्लान बनाया। रजिस्ट्रेशन की प्लानिंग भी हुई। लेकिन पुलिस का ये अभियान धड़ाम हो गया। सबसे ज्यादा अवैध ई रिक्शा गढ़ रोड पर ही चलती हैं। जहां मर्जी रोककर ट्रैफिक में बाधा बनते हैं। चौराहे पर अवैध ई रिक्शा और ऑटो का अड्डा बना हुआ है। पुलिस सख्ती करती है तो कुछ देर के लिए ये लोग यहां से हट जाते हैं और फिर यहीं आकर जम जाते हैं। 


यैलो लाइन सिस्टम में कौन बना है रोड़ा
यैलो लाइन सिस्टम से भी ट्रैफिक जाम से निजात मिल सकती है। यैलो लाइन से सड़कों पर होने वाली पार्किंग नहीं होगी, यदि होगी तो पुलिस सख्ती से इससे निपट सकेगी। हालांकि पुलिस ने कई बार यैला लाइन सिस्टम बनाने का प्रयास किया, लेकिन आज तक ये लागू नहीं हो सका है।

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