{"_id":"6ac8f1b81da73e282e09b1dd","slug":"investigation-launched-into-the-damaged-road-divider-in-phalawda-meerut-news-c-40-1-mct1015-113678-2026-10-09","type":"story","status":"publish","title_hn":"Meerut News: फलावदा में खराब डिवाइडर रोड पर जांच शुरू","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Meerut News: फलावदा में खराब डिवाइडर रोड पर जांच शुरू
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
फलावदा। नगर पंचायत फलावदा द्वारा अटल चौक से पानी की टंकी तक बनाई गई डिवाइडर रोड की गुणवत्ता पर गंभीर सवाल उठे हैं। लाखों रुपये की लागत से बनी यह सड़क महज दो साल में ही जगह-जगह से क्षतिग्रस्त होने लगी है। सड़क की ऊपरी परत उखड़ने, गड्ढे बनने और बारिश में जलभराव से राहगीरों को भारी परेशानी हो रही है।
स्थानीय लोगों और नगर पंचायत के सात सभासदों ने सड़क की खराब स्थिति पर मंडलायुक्त से जांच की शिकायत की थी। मंडलायुक्त ने शिकायत पर गंभीरता दिखाते हुए संयुक्त जांच टीम गठित करने का निर्देश दिया। शुक्रवार को यह जांच टीम फलावदा पहुंची और मौके पर सड़क की वास्तविक स्थिति का जायजा लिया। टीएसी प्रमोद कुमार के नेतृत्व में टीम ने सड़क का बारीकी से निरीक्षण किया। टीम में लोक निर्माण विभाग के अधिशासी अभियंता तारिक अनवर और यदुनाथ शामिल थे। जांच के दौरान कई स्थानों पर सड़क की खुदाई कर निर्माण सामग्री के नमूने लिए गए। इन नमूनों के आधार पर निर्माण सामग्री और निर्धारित मानकों की जांच की जाएगी। अधिकारियों ने खराब स्थिति पर संबंधित ठेकेदार को मौके पर बुलाकर नाराजगी भी जताई।
निर्माण में खामियां और जनसमस्याएं
दुकानदारों ने लाखों रुपये खर्च के बाद भी सड़क के जल्द खराब होने पर सवाल उठाए। जगह-जगह गड्ढे बनने से वाहन चालकों को परेशानी होती है और दुर्घटनाओं का खतरा रहता है। बारिश के दौरान सड़क पर जलभराव से गड्ढे दिखाई नहीं देते, जिससे दोपहिया वाहन चालकों को सतर्क रहना पड़ता है। लोगों का मानना है कि यदि निर्माण मानकों के अनुरूप होता तो सड़क इतनी जल्दी खराब नहीं होती।
विज्ञापन
जांच रिपोर्ट पर टिकी निगाहें
अधिशासी अभियंता तारिक अनवर ने बताया कि मंडलायुक्त के आदेश पर जांच की जा रही है। जांच टीम ने मौके से आवश्यक नमूने ले लिए हैं। जांच प्रक्रिया पूरी होने के बाद रिपोर्ट मंडलायुक्त को सौंपी जाएगी। रिपोर्ट के तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई तय होगी। स्थानीय लोगों को उम्मीद है कि निष्पक्ष जांच से सड़क की समस्या का स्थायी समाधान निकलेगा।
विज्ञापन
फलावदा। नगर पंचायत फलावदा द्वारा अटल चौक से पानी की टंकी तक बनाई गई डिवाइडर रोड की गुणवत्ता पर गंभीर सवाल उठे हैं। लाखों रुपये की लागत से बनी यह सड़क महज दो साल में ही जगह-जगह से क्षतिग्रस्त होने लगी है। सड़क की ऊपरी परत उखड़ने, गड्ढे बनने और बारिश में जलभराव से राहगीरों को भारी परेशानी हो रही है।
स्थानीय लोगों और नगर पंचायत के सात सभासदों ने सड़क की खराब स्थिति पर मंडलायुक्त से जांच की शिकायत की थी। मंडलायुक्त ने शिकायत पर गंभीरता दिखाते हुए संयुक्त जांच टीम गठित करने का निर्देश दिया। शुक्रवार को यह जांच टीम फलावदा पहुंची और मौके पर सड़क की वास्तविक स्थिति का जायजा लिया। टीएसी प्रमोद कुमार के नेतृत्व में टीम ने सड़क का बारीकी से निरीक्षण किया। टीम में लोक निर्माण विभाग के अधिशासी अभियंता तारिक अनवर और यदुनाथ शामिल थे। जांच के दौरान कई स्थानों पर सड़क की खुदाई कर निर्माण सामग्री के नमूने लिए गए। इन नमूनों के आधार पर निर्माण सामग्री और निर्धारित मानकों की जांच की जाएगी। अधिकारियों ने खराब स्थिति पर संबंधित ठेकेदार को मौके पर बुलाकर नाराजगी भी जताई।
विज्ञापन
निर्माण में खामियां और जनसमस्याएं
दुकानदारों ने लाखों रुपये खर्च के बाद भी सड़क के जल्द खराब होने पर सवाल उठाए। जगह-जगह गड्ढे बनने से वाहन चालकों को परेशानी होती है और दुर्घटनाओं का खतरा रहता है। बारिश के दौरान सड़क पर जलभराव से गड्ढे दिखाई नहीं देते, जिससे दोपहिया वाहन चालकों को सतर्क रहना पड़ता है। लोगों का मानना है कि यदि निर्माण मानकों के अनुरूप होता तो सड़क इतनी जल्दी खराब नहीं होती।
विज्ञापन
जांच रिपोर्ट पर टिकी निगाहें
अधिशासी अभियंता तारिक अनवर ने बताया कि मंडलायुक्त के आदेश पर जांच की जा रही है। जांच टीम ने मौके से आवश्यक नमूने ले लिए हैं। जांच प्रक्रिया पूरी होने के बाद रिपोर्ट मंडलायुक्त को सौंपी जाएगी। रिपोर्ट के तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई तय होगी। स्थानीय लोगों को उम्मीद है कि निष्पक्ष जांच से सड़क की समस्या का स्थायी समाधान निकलेगा।