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शहर में 29 फीसदी ओबीसी, उठे सवाल
अमर उजाला ब्यूरो/ मेरठ
Updated Fri, 05 May 2017 11:50 AM IST
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फाइल फोटो
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
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नगर निकाय चुनाव कराने से पहले निगम क्षेत्र में कराई जा रही ओबीसी जनगणना की रिपोर्ट आ गई है। शहरी आबादी के करीब 29 फीसदी आबादी ओबीसी वर्ग की है। निगम की जनगणना रिपोर्ट पर पहले दिन ही करीब आधा दर्जन आपत्ति पहुंच गई। शिकायत करने वालों ने जनगणना को गलत बताते हुए ओबीसी जनसंख्या को 5 लाख बताया।
शासन ने नगर निकाय चुनाव से पहले निगम क्षेत्र में निवास कर रही ओबीसी की जनगणना कराने के आदेश दिए थे। करीब 15 दिन पहले निगम प्रशासन ने कई विभागों को लगाकर ओबीसी वर्ग की जनगणना कराई। जनगणना कर रही टीम ने रिपोर्ट नगर निगम को सौंप दी। इसमें ओबीसी के 71 हजार 459 परिवार शहर में हैं। जिनकी कुल संख्या 3 लाख 84 हजार 354 है। निगम के 90 वार्डों में ओबीसी का प्रतिशत 29 फीसदी मिला। निगम ने जनगणना रिपोर्ट पर दो दिन के अंदर आपत्ति मांगते हुए नोटिस चस्पा कर दिया है। पहले ही दिन आधा दर्जन आपत्तियां पहुंची। लोगों ने जनगणना पर सवाल उठाया। लोगों का कहना है इनके यहां कोई टीम नहीं पहुंची। औपचारिकता पूरी कर झूठी रिपोर्ट दी गई है। शहर में करीब 5 लाख लोग ओबीसी वर्ग के हैं।
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शासन ने नगर निकाय चुनाव से पहले निगम क्षेत्र में निवास कर रही ओबीसी की जनगणना कराने के आदेश दिए थे। करीब 15 दिन पहले निगम प्रशासन ने कई विभागों को लगाकर ओबीसी वर्ग की जनगणना कराई। जनगणना कर रही टीम ने रिपोर्ट नगर निगम को सौंप दी। इसमें ओबीसी के 71 हजार 459 परिवार शहर में हैं। जिनकी कुल संख्या 3 लाख 84 हजार 354 है। निगम के 90 वार्डों में ओबीसी का प्रतिशत 29 फीसदी मिला। निगम ने जनगणना रिपोर्ट पर दो दिन के अंदर आपत्ति मांगते हुए नोटिस चस्पा कर दिया है। पहले ही दिन आधा दर्जन आपत्तियां पहुंची। लोगों ने जनगणना पर सवाल उठाया। लोगों का कहना है इनके यहां कोई टीम नहीं पहुंची। औपचारिकता पूरी कर झूठी रिपोर्ट दी गई है। शहर में करीब 5 लाख लोग ओबीसी वर्ग के हैं।
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