अवैध हथियारों का 'हेडमास्टर', तीन पिस्टल समेत जखीरा बरामद
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शिक्षा के मंदिर में ‘मौत’ का सौदा करने वाला हेड मास्टर अवैध हथियारों के साथ पुलिस ने गिरफ्तार किया है। पुलिस के मुताबिक आरोपी हेड मास्टर वेस्ट यूपी के मेरठ, मुजफ्फरनगर समेत कई जिलों में करीब दो साल से हथियार सप्लाई कर रहा था। आरोपी एमएससी मैथ्स टॉपर है। उससे तीन पिस्टल और 35 कारतूस बरामद हुए है। पुलिस ने उसके साथियों की तलाश शुरू कर दी।
एसपी देहात श्रवण कुमार सिंह ने शनिवार को पुलिस लाइन में प्रेसवार्ता कर अवैध हथियार सप्लाई का भंडाफोड़ किया। वेस्ट यूपी के जिलों में हथियार सप्लाई होनी की शिकायतें आ रही थी। आईपीएस सुकीर्ति माधव, सीओ सदर देहात यूएन मिश्रा व सीओ विकास जायसवाल की टीम बनी। मुखबिर की सूचना पर शुक्रवार को पुलिस अफसरों की टीम ने इंचौली थाने में तैनात एसएसआई अजय चौधरी ने मिठेपुर गांव के जंगल से आरोपी दीपक कुमार पुत्र स्व. ओमवीर सिंह निवासी अझौता दौराला को गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस पूछताछ में पता चला कि आरोपी दीपक खतौली, मुजफ्फरनगर के जिसौरा गांव के प्राथमिक स्कूल में प्रिंसिपल है। इतना सुनकर पुलिस अधिकारी भी हैरान रह गए। आरोपी दीपक ने बताया कि उसने खतौली के एक बैंक से तीन लाख रुपये का लोन लिया था, जिसको वह नहीं चुका सका। पुलिस के मुताबिक आरोपी दो साल से हथियारों की सप्लाई कर रहा था। प्रिंसिपल होने के चलते कोई उस पर शक भी नहीं करता था। पुलिस का दावा है कि तस्करी में दीपक के साथ उसके तीन साथी भी है, जिनकी तलाश जारी है।
स्कूल में होती थी डीलिंग
पुलिस का दावा है कि दीपक कुमार अक्सर अवैध हथियारों की डीलिंग स्कूल में करता था। वह प्रिंसिपल था, यह सोचकर कभी किसी को उस पर शक भी नहीं हुआ। सरकारी स्कूल में अवैध हथियारों की सौदेबाजी करने की जानकारी गांव के एक युवक को थी। जिसने एक सप्ताह पहले पुलिस को जानकारी दी थी। जिसके बाद ही पुलिस अधिकारियों की टीम बनी थी।
पिस्टल पर पांच, तमंचे पर दो हजार मिलते थे
पुलिस की पूछताछ में दीपक ने बताया कि पिस्टल पर पांच और तमंचे पर दो हजार मिलते थे। प्रिंसिपल दो या तीन हथियार रोजाना सप्लाई कर देते थे। जिसके चलते उनका धंधा बहुत जोर शोर से चल रहा था। दौराला में दो साल पहले भी पुलिस ने उनको अवैध हथियारों की सप्लाई करने के शक में पकड़कर जेल भेजा था। पुलिस ने सरकारी शिक्षक होने के चलते गंभीर धारा नहीं लगाई थी। जिसके चलते वह एक सप्ताह बाद ही जेल से छूट गया था।