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Meerut News: कोर्ट से स्टे के बावजूद तालाब की भूमि पर अवैध निर्माण
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सरूरपुर। थाना क्षेत्र के कस्बा हर्रा में तालाब की भूमि पर दबंगों ने अवैध कब्जा कर निर्माण कर लिया है। रोक के बावजूद सोमवार को फिर से निर्माण कार्य शुरू कर दिया है। शिकायत करने पर पुलिस ने उसे ही दौड़ा लिया। शिकायतकर्ता ने कमिश्नर व मुख्यमंत्री से शिकायत करने की बात कही है।
कस्बा हर्रा निवासी यूसुफ पुत्र मेहरबान ने बीते 17 अगस्त को तालाब पर अवैध कब्जा कर निर्माण की शिकायत मुख्यमंत्री पोर्टल पर की थी। शिकायत पत्र में बताया गया कि कस्बे के वार्ड 13 में तालाब की भूमि पर कस्बे के कुछ दबंग अवैध कब्जा कर निर्माण कर रहे हैं। शिकायत के बाद हरकत में आए प्रशासनिक अधिकारियों ने अगले आदेश तक निर्माण कार्य रुकवा दिया था। साथ ही अधिशासी अधिकारी हर्रा को जांच कर रिपोर्ट देने के लिए कहा गया था।
इस दौरान विवादित भूमि पर कोर्ट का स्टे भी लाया गया। दो माह बाद आरोपियों ने सोमवार को एक बार फिर से सरकारी भूमि पर निर्माण कार्य शुरू कर दिया। इसके बाद शिकायतकर्ता ने मामले की सूचना डायल 112 को दी। आरोप है कि मौके पर पहुंची पुलिस ने उल्टा शिकायतकर्ता को दौड़ा लिया। इसके बाद शिकायतकर्ता ने कमिश्नर व मुख्यमंत्री से शिकायत करने की बात कही है।
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एसडीएम महेश प्रसाद दीक्षित का कहना है कि हर्रा अधिशासी अधिकारी व लेखपाल को मौके पर भेजकर जांच कराई जाएगी। यदि तालाब की भूमि पर अवैध कब्जा पाया गया तो निर्माण गिराकर आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
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कस्बा हर्रा निवासी यूसुफ पुत्र मेहरबान ने बीते 17 अगस्त को तालाब पर अवैध कब्जा कर निर्माण की शिकायत मुख्यमंत्री पोर्टल पर की थी। शिकायत पत्र में बताया गया कि कस्बे के वार्ड 13 में तालाब की भूमि पर कस्बे के कुछ दबंग अवैध कब्जा कर निर्माण कर रहे हैं। शिकायत के बाद हरकत में आए प्रशासनिक अधिकारियों ने अगले आदेश तक निर्माण कार्य रुकवा दिया था। साथ ही अधिशासी अधिकारी हर्रा को जांच कर रिपोर्ट देने के लिए कहा गया था।
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इस दौरान विवादित भूमि पर कोर्ट का स्टे भी लाया गया। दो माह बाद आरोपियों ने सोमवार को एक बार फिर से सरकारी भूमि पर निर्माण कार्य शुरू कर दिया। इसके बाद शिकायतकर्ता ने मामले की सूचना डायल 112 को दी। आरोप है कि मौके पर पहुंची पुलिस ने उल्टा शिकायतकर्ता को दौड़ा लिया। इसके बाद शिकायतकर्ता ने कमिश्नर व मुख्यमंत्री से शिकायत करने की बात कही है।
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एसडीएम महेश प्रसाद दीक्षित का कहना है कि हर्रा अधिशासी अधिकारी व लेखपाल को मौके पर भेजकर जांच कराई जाएगी। यदि तालाब की भूमि पर अवैध कब्जा पाया गया तो निर्माण गिराकर आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।