सर! मैं गैंगस्टर आसिफ उर्फ चीका, मुझे गिरफ्तार कर लो..., पुलिस से घबराकर खुद ही जा पहुंचा थाने
सर, मैं गोहत्या का आरोपी हूं, काफी समय से वांछित चल रहा हूं। तीन माह पहले मुझ पर गैंगस्टर भी लगा। मुझे पुलिस की गोली नहीं खानी है, गिरफ्तार करके जेल भेज दो। बाहर रहा तो किसी दिन पुलिस मुझे गोली मार देगी...। यह किसी फिल्म का दृश्य नहीं, बल्कि पुलिस के ऑपरेशन क्लीन से बदमाशों में पैदा हुए खौफ का नमूना है, जो गुरुवार को कुतुबशेर थाने में दिखाई दिया।
मामला गुरूवार का है। यहां दोपहर बाद एक युवक अचानक कुतुबशेर थाना पर पहुंचा और सीधे थाना प्रभारी के कक्ष में जा पहुंचा। थानाध्यक्ष के सामने जाते ही घबराते हुए बोला कि उसका नाम आसिफ उर्फ चीका है, वह ढोलीखाल का रहने वाला है। उस पर गो हत्या का मामला दर्ज है।
युवक ने थानाध्यक्ष को बताया कि तीन महीना पहले गैंगस्टर अधिनियम में निरुद्ध किया गया था। वह काफी समय से फरार चल रहा है। दो दिन पूर्व ही ढोलीखाल के ही शारिक उर्फ खच्चर को नगर कोतवाली पुलिस ने मुठभेड़ के दौरान गोली मारकर घायल किया और गिरफ्तार कर लिया।
अब उसे भी डर लग रहा है कि छुपता रहा, तो किसी दिन पुलिस उसे गोली न मार दे। गोली लगने पर गिरफ्तार होकर जेल जाने से बेहतर है कि पहले ही सरेंडर कर दूं। इसलिए उसे गिरफ्तार कर लो और जेल भेज दो।