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सहारनपुर राज्य विवि से नहीं, सीसीएसयू से ही होंगे प्रवेश
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सहारनपुर राज्य विवि से नहीं, सीसीएसयू से ही होंगे प्रवेश
मेरठ। मुजफ्फरनगर, शामली और सहारनपुर के कॉलेजों में नए सत्र में एडमिशन चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय (सीसीएसयू) ही कराएगा। लॉकडाउन की वजह से सहारनपुर राज्य विवि का काम अटक गया है, जिस कारण सीसीएसयू ही रजिस्ट्रेशन कराएगा। विवि प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि नए सत्र में रजिस्ट्रेशन में किसी भी तरह से देरी नहीं की जाएगी। विवि सत्र को लेट नहीं होने देगा।
सहारनपुर राज्य विवि बनने के बाद इस बार नए सत्र से शामली, मुजफ्फरनगर और सहारनपुर के 200 से ज्यादा कॉलेजों में एडमिशन सहारनपुर विवि द्वारा किए जाने थे। लेकिन कोरोना वायरस के कारण विवि की परीक्षाएं स्थगित की जा चुकी हैं। दूसरे सारे काम भी बंद हो गए हैं। ऐसे में अब सहारनपुर विवि द्वारा प्रवेश प्रक्रिया कराया जाना संभव नहीं लग रहा है। ऐसे में पूर्व की तरह सीसीएसयू ही एडमिशन कराएगा। शासन ने 20 फीसदी स्टाफ सीसीएसयू से सहारनपुर विवि को उपलब्ध कराने की बात कही थी। ऐसे में पेंडिंग कामों को निपटाने के लिए सीसीएसयू को भी काफी मशक्कत करनी पड़ेगी। ऐसी स्थिति में इस बार सहारनपुर राज्य विवि द्वारा प्रवेश प्रक्रिया कराना संभव नहीं लग रहा है।
18 लाख कॉपियों का मूल्यांकन भी चुनौती
सीसीएसयू में 22 फरवरी से परीक्षाएं शुरू हुईं थी। ये परीक्षाएं 27 अप्रैल तक चलनी थी। 18 मार्च से आगे की सारी परीक्षाएं विवि स्थगित कर चुका है। ऐसे में 14 अप्रैल के बाद लॉकडाउन खत्म हो गया तो भी परीक्षाएं पूरी कराना और 18 लाख कॉपियों का मूल्यांकन तेजी से करना विवि प्रशासन के लिए बड़ी चुनौती होगा। कुलपति प्रो. एनके तनेजा बताते हैं कि इस बार मूल्यांकन की प्रक्रिया में बदलाव करना होगा। अधिक से अधिक संख्या में शिक्षकों की मूल्यांकन में ड्यूटी लगानी होगी। इसके अलावा मूल्यांकन केंद्रों की संख्या भी बढ़ानी होगी ताकि नए सत्र पर इसका असर न पड़े। साथ ही कैंपस में पीजी, एमफिल और अन्य में प्रवेश के लिए कर्मचारियों को तैयार रहने को कहा गया है। विवि प्रशासन की नजर अब 14 अप्रैल पर है। अगर इसके बाद भी लॉकडाउन जारी रहता है तो मूल्यांकन के लिए विवि प्रशासन को खास रणनीति बनानी होगी। अगर ऐसा नहीं किया गया तो आगामी सत्र पर संकट खड़ा हो जाएगा।
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मेरठ। मुजफ्फरनगर, शामली और सहारनपुर के कॉलेजों में नए सत्र में एडमिशन चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय (सीसीएसयू) ही कराएगा। लॉकडाउन की वजह से सहारनपुर राज्य विवि का काम अटक गया है, जिस कारण सीसीएसयू ही रजिस्ट्रेशन कराएगा। विवि प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि नए सत्र में रजिस्ट्रेशन में किसी भी तरह से देरी नहीं की जाएगी। विवि सत्र को लेट नहीं होने देगा।
सहारनपुर राज्य विवि बनने के बाद इस बार नए सत्र से शामली, मुजफ्फरनगर और सहारनपुर के 200 से ज्यादा कॉलेजों में एडमिशन सहारनपुर विवि द्वारा किए जाने थे। लेकिन कोरोना वायरस के कारण विवि की परीक्षाएं स्थगित की जा चुकी हैं। दूसरे सारे काम भी बंद हो गए हैं। ऐसे में अब सहारनपुर विवि द्वारा प्रवेश प्रक्रिया कराया जाना संभव नहीं लग रहा है। ऐसे में पूर्व की तरह सीसीएसयू ही एडमिशन कराएगा। शासन ने 20 फीसदी स्टाफ सीसीएसयू से सहारनपुर विवि को उपलब्ध कराने की बात कही थी। ऐसे में पेंडिंग कामों को निपटाने के लिए सीसीएसयू को भी काफी मशक्कत करनी पड़ेगी। ऐसी स्थिति में इस बार सहारनपुर राज्य विवि द्वारा प्रवेश प्रक्रिया कराना संभव नहीं लग रहा है।
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18 लाख कॉपियों का मूल्यांकन भी चुनौती
सीसीएसयू में 22 फरवरी से परीक्षाएं शुरू हुईं थी। ये परीक्षाएं 27 अप्रैल तक चलनी थी। 18 मार्च से आगे की सारी परीक्षाएं विवि स्थगित कर चुका है। ऐसे में 14 अप्रैल के बाद लॉकडाउन खत्म हो गया तो भी परीक्षाएं पूरी कराना और 18 लाख कॉपियों का मूल्यांकन तेजी से करना विवि प्रशासन के लिए बड़ी चुनौती होगा। कुलपति प्रो. एनके तनेजा बताते हैं कि इस बार मूल्यांकन की प्रक्रिया में बदलाव करना होगा। अधिक से अधिक संख्या में शिक्षकों की मूल्यांकन में ड्यूटी लगानी होगी। इसके अलावा मूल्यांकन केंद्रों की संख्या भी बढ़ानी होगी ताकि नए सत्र पर इसका असर न पड़े। साथ ही कैंपस में पीजी, एमफिल और अन्य में प्रवेश के लिए कर्मचारियों को तैयार रहने को कहा गया है। विवि प्रशासन की नजर अब 14 अप्रैल पर है। अगर इसके बाद भी लॉकडाउन जारी रहता है तो मूल्यांकन के लिए विवि प्रशासन को खास रणनीति बनानी होगी। अगर ऐसा नहीं किया गया तो आगामी सत्र पर संकट खड़ा हो जाएगा।
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