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पिछले चुनाव ने बदले कई समीकरण, जाट आरक्षण नहीं आया काम, ढह गया था रालोद का दुर्ग

Tue, 12 Mar 2019 11:31 AM IST
Dimple Sirohi मदन बालियान, अमर उजाला, बागपत
मदन बालियान, अमर उजाला, बागपत Published by: Dimple Sirohi Updated Tue, 12 Mar 2019 11:31 AM IST
सार

 -2014 में कांग्रेस के साथ मिलकर चुनावी मैदान में उतरा था रालोद

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Elections 2014 changed many equations, RLD has been defeated even after Jat reservation
रालोद अध्यक्ष अजित सिंह - फोटो : amar ujala

विस्तार

मुजफ्फरनगर दंगे और मोदी लहर में हुए साल 2014 के चुनाव में विपक्ष के समीकरण बिखरकर रह गए थे। यूपीए सरकार का हिस्सा रहे रालोद अध्यक्ष चौ. अजित सिंह ने चुनाव से ऐन पहले जाट आरक्षण का दांव खेला और कांग्रेस के साथ मिलकर चुनाव लड़ा, लेकिन अपने ही गढ़ में वह तीसरे स्थान पर रहे।

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यही वजह है कि भाजपा के डॉ. सत्यपाल सिंह ने जीत दर्ज की। दूसरे स्थान पर सपा प्रत्याशी गुलाम मोहम्मद रहे। मुजफ्फरनगर दंगे के बाद हुए लोस चुनाव में बागपत सीट पर भाजपा ने वापसी की। डॉ. सत्यपाल सिंह सांसद बने। युवा वोटर भाजपा के पक्ष में लामबंद रहे। रालोद का परंपरागत जाट वोट बैंक भी भाजपा की तरफ मुड़ गया। 

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छपरौली में ही हार गया रालोद
साल 2014 के चुनाव में कई समीकरण बदले। युवा वोटरों की ऐसी आंधी चली कि छपरौली सीट के 77 साल के इतिहास में यहां पहली बार भाजपा जीती। नतीजे खुले तो भाजपा के सत्यपाल सिंह ने छपरौली में 77339 और चौ. अजित सिंह ने 62625 वोट हासिल किए। यानी अपने ही गढ़ में रालोद मात खा गया।

दलित एवं मुस्लिम समीकरण टूट गया
दलित एवं मुस्लिम समीकरण साल 2014 में बागपत लोकसभा में टूट गया। मुस्लिम वोटरों ने गुलाम मोहम्मद का समर्थन किया। कुछ दलित और कुछ गुर्जर मतदाता बसपा के खाते में गए, इससे बसपा प्रत्याशी प्रशांत चौधरी चौथे स्थान पर रहे। 

इस तरह बना समीकरण
2009 के चुनाव में चौ. अजित सिंह की नजदीकी अंतर से जीत हुई। जाट आरक्षण और भाजपा से वोटों का ध्रुवीकरण अहम रहा। बसपा प्रत्याशी मुकेश पंडित के पक्ष में दलित एवं मुस्लिम समीकरण बना। बागपत  सीट पर 8576 वोट से मुकेश पंडित ने रालोद अध्यक्ष को हराया। बड़ौत सीट पर चौ. अजित सिंह ने सिर्फ बसपा से 7940 वोट ज्यादा हासिल किए। छपरौली में अजित सिंह 35606 वोट से जीतकर बसपा से आगे बढ़े।

रालोद को बसपा ने दी थी चुनौती
साल 2009 में रालोद और भाजपा ने साथ मिलकर चुनाव लड़ा था। लेकिन बसपा के मुकेश पंडित ने अजित सिंह को कड़ी टक्कर दी और जीत का अंतर सिर्फ 62987 ही रह गया। 
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2014 बागपत लोकसभा परिणाम 
पार्टी    
       प्रत्याशी                 वोट
भाजपा       सत्यपाल सिंह         423475    
सपा            गुलाम मोहम्मद      213609
रालोद एवं कांग्रेस    अजित सिंह  199516
बसपा           प्रशांत चौधरी       141743

साल 2009 बागपत लोकसभा 
पार्टी      
     प्रत्याशी                  वोट
रालोद-भाजपा    अजित सिंह        238589
बसपा            मुकेश पंडित         175602
कांग्रेस            सोमपाल शास्त्री    136927
सपा            साहब सिंह            46636

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