फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Meerut News ›   murder in samaspur

गोविंद ने एक माह पहले ही कर दिया रविंद्र की हत्या का एलान

Mon, 28 Mar 2016 01:33 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो/मेरठ
अमर उजाला ब्यूरो/मेरठ Updated Mon, 28 Mar 2016 01:33 AM IST
विज्ञापन
murder in samaspur
मेरठ के समसपुर में हत्या के बाद मौके पर पहुंचे अतुल प्रधान को जानकारी देते ग्रामीण। - फोटो : अमर उजाला

समसपुर गांव में गोविंद ने एक माह पहले ही एलान कर दिया था कि वह अपनी बहन के प्रेमी नीरज से दोस्ती निभाने वाले रविंद्र को छोड़ेगा नहीं। पुलिस तक भी उसकी यह धमकी पहुंची थी, लेकिन उसने समय रहते कोई कदम नहीं उठाया। नतीजा रविवार शाम रविंद्र का बेरहमी से कत्ल कर दिया गया। हत्या के विरोध में परिजनों और ग्रामीणों ने तीन घंटे तक महलका-समसपुर मार्ग जाम कर हंगामा काटा। पुलिस को खरीखोटी सुनाई। उधर, पुलिस ने कह दिया कि हमसे कोई शिकायत नहीं की गई थी।

विज्ञापन


बहन के अपहरण के प्रकरण में गोविंद को शक था कि आरोपी नीरज का साथ गांव के ही रविंद्र ने दिया था। बरामदगी के बाद जब बहन ने कोर्ट में बयान दिए तो यह शक यकीन में बदल गया। उसके बाद से बहन और नीरज गांव नहीं लौटे। बताया गया कि दोनों नोएडा में रहने लगे। इस बीच गोविंद ने कई बार रविंद्र को धमकी भी दी थी, जिसको लेकर उसने खतरा भी जताया था। परिजनों का आरोप है कि शिकायत के बावजूद पुलिस ने कोई कार्रवाई नहीं की।
विज्ञापन


दोस्त छोड़कर भाग गया
रविवार शाम रविंद्र अपने दोस्त आशू के साथ घर लौट रहा था। अपने साथियों के साथ वहां पहुंचे गोविंद ने जब रविंद्र पर चाकू से हमला बोला तो आशू उसे वहीं छोड़कर भाग खड़ा हुआ। गोविंद रविंद्र के गर्दन और सीने पर तब तक चाकू से ताबड़तोड़ वार करता रहा, जब तक उसने दम नहीं तोड़ दिया। अब पुलिस भी कह रही है कि नीरज से दोस्ती निभाने में रविंद्र की जान चली गई।
विज्ञापन
विज्ञापन


नौकरी ढूंढ रहा था रविंद्र
रविंद्र ने एमएससी की पढ़ाई की थी। पिता राजपाल गांव में खेती करते हैं। रविंद्र के दो छोटे भाई हरेंद्र और गौतम हैं। वहीं, बहन पिंकी की शादी हो चुकी है। परिवार के लोगों का रो रोकर बुरा हाल था। 

बचाव में मारा रवींद्र को
खून से सना चाकू लेकर थाने पहुंचे हत्यारोपी गोविंद ने दावा किया कि रवींद्रसे उसका दिन में झगड़ा हुआ था। वह देर शाम महलका मार्ग स्थित अपने खेत पर जा रहा था। इसी दौरान रवींद्र ने अपने साथियों के साथ उसे रोककर लाठी-डंडे से हमला बोल दिया। उसने रवींद्र का छुरा छीनकर उसकी हत्या कर दी।


हमें पुलिस पर नहीं भरोसा
रविंद्र की मौत के बाद परिजनों और ग्रामीणों ने पुलिस को शव नहीं उठाने दिया। जिसके बाद पुलिस मे हड़कंप मच गया। जैसे-जैसे फोर्स बढ़ती रही, मौके पर भीड़ भी बढ़ती रही। पीड़ित लोगों ने महलका चौकी के पुलिसकर्मियों पर भी संगीन आरोप लगाए। आरोप था कि चौकी पुलिस आरोपी पक्ष से मिली है और आरोपी को हमारे हवाले किया जाए। पुलिस पर उनको विश्वास नहीं है। सीओ मवाना अब्दुल कादिर ने किसी तरह परिजनों को समझाकर शांत कराया। वहीं, सपा प्रत्याशी अतुल प्रधान ने भी गांव में पहुंचकर परिजनों को सांत्वना दी। आश्वासन दिया कि आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई कराई जाएगी।

विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें हर राज्य और शहर से जुड़ी क्राइम समाचार की
ब्रेकिंग अपडेट।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed