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ब्रह्मपुरी कांड का खुलासा, चीता गैंग के बदमाश धरे
अमर उजाला ब्यूरो
Updated Thu, 09 Mar 2017 02:07 AM IST
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फाइल फोटो
- फोटो : अमर उजाला
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चर्चित ब्रह्मपुरी कांड का बुधवार को खुलासा हो गया। गुटखा व्यापारी सुशील वर्मा के बेटे अभिषेक वर्मा उर्फ सोंटी की डकैती के दौरान हत्या होने की सनसनीखेज वारदात में पुलिस ने चीता गैंग के चार बदमाश दबोचे हैं। जिनमें तीन कुख्यात हैं। पुलिस का दावा है कि इन बदमाशों ने ढाई माह पूर्व साकेत में किन्नर की भी हत्या की थी। आरोपियों ने दोनों वारदात करना कबूल किया है।
सदर बाजार पुलिस का दावा है कि शारदा रोड ब्रह्मपुरी स्थित डॉ. गीता जैन वाली गली में गुटखा व्यापारी के गोदाम पर डकैती के दौरान अभिषेक वर्मा की हत्या लिसाड़ी गेट के चीता गैंग ने की है। पुलिस ने कुख्यात कासिफ उर्फ चीता निवासी जाकिर कॉलोनी लिसाड़ी गेट और शिवा निवासी मोरीपाड़ा, कोतवाली को दिल्ली से गिरफ्तार किया है। दोनों आरोपियों की निशानदेही पर सदर बाजार पुलिस ने शाम को लिसाड़ी गेट में कई जगहों पर दबिश देकर छोटा और इलियास निवासी लिसाड़ी गेट को भी दबोच लिया।
पुलिस की पूछताछ में कुख्यात कासिफ उर्फ चीता ने कबूला कि अभिषेक की हत्या उसके गैंग ने की थी। ढाई महीने पूर्व भी इसी गैंग ने साकेत में किन्नर शमशाद निवासी लालकुर्ती को गोलियां से भूनकर मारा था। पुलिस का दावा है कि अभिषेक हत्याकांड में दो आरोपी अभी फरार हैं, जिनकी तलाश जारी है। बृहस्पतिवार को इस वारदात का पुलिस खुलासा कर सकती है।
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माल अभी भी बरामद नहीं
ब्रह्मपुरी में डकैती के दौरान हत्या में बदमाश दो सोने की चेन, दो मोबाइल फोन और करीब 50 हजार रुपये ले गए थे। देर रात तक पुलिस डकैती में गया सामान बरामद नहीं कर सकी। इस बात को लेकर पुलिस भी चिंतित है। क्योंकि इससे पहले भी पुलिस ब्रह्मपुरी के दो युवकों को उठाकर खुलासे का दावा कर चुकी थी। लेकिन सामान बरामद न होने पर खुलासा अटक गया था। हालांकि इसमें पुलिस का दावा है कि आरोपी वारदात खुद कबूल कर रहे हैं।
चीता और नदीम ने मारी थी गोली
पुलिस का दावा है कि अभिषेक को चीता और नदीम ने गोली मारी थी। पूछताछ में चीता बार-बार नदीम पर गोली मारने की बात बता रहा है। पुलिस नदीम की तलाश में लगी है। पुलिस ने बताया कि शिवा को अभिषेक ने पकड़ लिया था। जिसके बाद उसे छुड़ाने के लिए फायरिंग की थी।
हिस्ट्रीशीटर सारिक सुपारी किलर
पुलिस ने बताया कि किन्नर हत्याकांड में नामजद हिस्ट्रीशीटर सारिक सुपारी लेकर हत्या की वारदात करता है। सारिक और कासिफ उर्फ चीता की गहरी दोस्ती है। साकेत में किन्नर की हत्या सारिक ने अपने विरोधी जेल में बंद कुख्यात सलमान को कमजोर करने के लिए कराई थी। क्योंकि सलमान को किन्नर जेल में सारी सुविधाएं मुहैया करा रहा था। इस मामले की भी पुलिस जांच कर रही है।
यह हुई थी ब्रह्मपुरी में वारदात
दो फरवरी की शाम गुटखा व्यापारी के गोदाम में बदमाश घुसे थे। डकैती के बाद भागते समय व्यापारी के युवा पुत्र अभिषेक ने एक बदमाश को पकड़ लिया था। जिस पर बदमाश के अन्य पांच साथियों ने ताबड़तोड़ गोलियां चलाई। अभिषेक की मौत हो गई थी जबकि व्यापारी सुशील वर्मा, पड़ोसी परचून व्यापारी उमेश अग्रवाल, बर्तन व्यापारी निखिल अग्रवाल, मुकेश कुमार और पुजारी विनोद गोली लगने से घायल हो गए थे। इस वारदात को लेकर स्थानीय लोगों में अभी तक गुस्सा है।
किन्नर की हत्या में नामजद आरोपी
सिविल लाइन थानाक्षेत्र के साकेत में किन्नर शमशाद की हत्या 27 दिसंबर 2016 को सरेशाम गोलियां बरसा कर हुई थी। शमशाद अपने दोस्त कुख्यात सलमान से जेल से मुलाकात करके लौट रहा था। शमशाद के साथ उसके तीन दोस्त भी थे। साकेत में बदमाशों ने घेराबंदी कर किन्नर पर ताबड़तोड़ गोलियां बरसाई। जिसमें शमशाद की मौत हुई। इस मामले में सारिक, चीता, छोटा, शिवा, इलियास, मोहसिन समेत आठ लोगों पर हत्या का केस दर्ज हुआ था। इस मामले में सिविल लाइन पुलिस सिर्फ मोहसिन को ही गिरफ्तार कर सकी थी।
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सदर बाजार पुलिस का दावा है कि शारदा रोड ब्रह्मपुरी स्थित डॉ. गीता जैन वाली गली में गुटखा व्यापारी के गोदाम पर डकैती के दौरान अभिषेक वर्मा की हत्या लिसाड़ी गेट के चीता गैंग ने की है। पुलिस ने कुख्यात कासिफ उर्फ चीता निवासी जाकिर कॉलोनी लिसाड़ी गेट और शिवा निवासी मोरीपाड़ा, कोतवाली को दिल्ली से गिरफ्तार किया है। दोनों आरोपियों की निशानदेही पर सदर बाजार पुलिस ने शाम को लिसाड़ी गेट में कई जगहों पर दबिश देकर छोटा और इलियास निवासी लिसाड़ी गेट को भी दबोच लिया।
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पुलिस की पूछताछ में कुख्यात कासिफ उर्फ चीता ने कबूला कि अभिषेक की हत्या उसके गैंग ने की थी। ढाई महीने पूर्व भी इसी गैंग ने साकेत में किन्नर शमशाद निवासी लालकुर्ती को गोलियां से भूनकर मारा था। पुलिस का दावा है कि अभिषेक हत्याकांड में दो आरोपी अभी फरार हैं, जिनकी तलाश जारी है। बृहस्पतिवार को इस वारदात का पुलिस खुलासा कर सकती है।
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माल अभी भी बरामद नहीं
ब्रह्मपुरी में डकैती के दौरान हत्या में बदमाश दो सोने की चेन, दो मोबाइल फोन और करीब 50 हजार रुपये ले गए थे। देर रात तक पुलिस डकैती में गया सामान बरामद नहीं कर सकी। इस बात को लेकर पुलिस भी चिंतित है। क्योंकि इससे पहले भी पुलिस ब्रह्मपुरी के दो युवकों को उठाकर खुलासे का दावा कर चुकी थी। लेकिन सामान बरामद न होने पर खुलासा अटक गया था। हालांकि इसमें पुलिस का दावा है कि आरोपी वारदात खुद कबूल कर रहे हैं।
चीता और नदीम ने मारी थी गोली
पुलिस का दावा है कि अभिषेक को चीता और नदीम ने गोली मारी थी। पूछताछ में चीता बार-बार नदीम पर गोली मारने की बात बता रहा है। पुलिस नदीम की तलाश में लगी है। पुलिस ने बताया कि शिवा को अभिषेक ने पकड़ लिया था। जिसके बाद उसे छुड़ाने के लिए फायरिंग की थी।
हिस्ट्रीशीटर सारिक सुपारी किलर
पुलिस ने बताया कि किन्नर हत्याकांड में नामजद हिस्ट्रीशीटर सारिक सुपारी लेकर हत्या की वारदात करता है। सारिक और कासिफ उर्फ चीता की गहरी दोस्ती है। साकेत में किन्नर की हत्या सारिक ने अपने विरोधी जेल में बंद कुख्यात सलमान को कमजोर करने के लिए कराई थी। क्योंकि सलमान को किन्नर जेल में सारी सुविधाएं मुहैया करा रहा था। इस मामले की भी पुलिस जांच कर रही है।
यह हुई थी ब्रह्मपुरी में वारदात
दो फरवरी की शाम गुटखा व्यापारी के गोदाम में बदमाश घुसे थे। डकैती के बाद भागते समय व्यापारी के युवा पुत्र अभिषेक ने एक बदमाश को पकड़ लिया था। जिस पर बदमाश के अन्य पांच साथियों ने ताबड़तोड़ गोलियां चलाई। अभिषेक की मौत हो गई थी जबकि व्यापारी सुशील वर्मा, पड़ोसी परचून व्यापारी उमेश अग्रवाल, बर्तन व्यापारी निखिल अग्रवाल, मुकेश कुमार और पुजारी विनोद गोली लगने से घायल हो गए थे। इस वारदात को लेकर स्थानीय लोगों में अभी तक गुस्सा है।
किन्नर की हत्या में नामजद आरोपी
सिविल लाइन थानाक्षेत्र के साकेत में किन्नर शमशाद की हत्या 27 दिसंबर 2016 को सरेशाम गोलियां बरसा कर हुई थी। शमशाद अपने दोस्त कुख्यात सलमान से जेल से मुलाकात करके लौट रहा था। शमशाद के साथ उसके तीन दोस्त भी थे। साकेत में बदमाशों ने घेराबंदी कर किन्नर पर ताबड़तोड़ गोलियां बरसाई। जिसमें शमशाद की मौत हुई। इस मामले में सारिक, चीता, छोटा, शिवा, इलियास, मोहसिन समेत आठ लोगों पर हत्या का केस दर्ज हुआ था। इस मामले में सिविल लाइन पुलिस सिर्फ मोहसिन को ही गिरफ्तार कर सकी थी।