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सिख युवक से हटी धारा 307, बैकफुट पर खाकी  

Thu, 31 Mar 2016 01:40 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो/मेरठ
अमर उजाला ब्यूरो/मेरठ Updated Thu, 31 Mar 2016 01:40 AM IST
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 Begmpul Case
मेरठ में एसएसपी से मुलाकात करते सिक्ख समाज के लोग। - फोटो : अमर उजाला

बैकफुट पर आई पुलिस ने सिख युवक कुलदीप सिंह पर लगाई कातिलाना हमले की धारा 307 को हटा लिया है। जांच में कुलदीप के खिलाफ इस हमले का कोई पुख्ता प्रमाण पुलिस नहीं तलाश सकी। जिसके चलते जांच अधिकारी एसपी क्राइम ने कुलदीप को क्लीन चिट दे दी। एसएसपी ने कहा कि कुलदीप की जमानत अर्जी पर सुनवाई की डेट छह अप्रैल से पहले धारा हटाने की रिपोर्ट कोर्ट में भेज दी जाएगी।

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गुरुद्वारा गुरू सिंह साहिब गाजियाबाद के सेक्रेटरी इंद्रजीत सिंह, सिख खालसा सभा थापर नगर के सेक्रेटरी जसविंद्र सिंह, संयुक्त सिंह सभा के जनरल सेक्रेटरी एसपी सिंह ओबराय, बीर खालसा दल के प्रदेश उपाध्यक्ष मंजीत सिंह कोछड़, सरदार राजवीर सिंह आदि सिख समाज के लोग बुधवार दोपहर एसएसपी दफ्तर पहुंचे। उन्होंने एसएसपी डीसी दूबे से कहा कि बेगमपुल पर रविवार को हुई घटना में कुलदीप सिंह बेकसूर है। घटना के फोटो और सीसीटीवी फुटेज से भी यह बात स्पष्ट हो गई है कि जिस वक्त इंस्पेक्टर सदर बाजार के सिर में ईंट लगी, कुलदीप वहां था ही नहीं। पुलिस उसे पहले ही थाने ले जा चुकी थी।
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जब उसके खिलाफ कातिलाना हमले का कोई सुबूत ही नहीं है तो उस पर लगी धारा 307 हटनी चाहिए। इस प्रकरण की जांच कर रहे एसपी क्राइम अजय सहदेव भी इस बीच वहां पहुंच गए। एसएसपी ने उनसे जांच के बारे में पूछा तो उन्होंने भी सिख समाज के लोगाें की बात से सहमति जता दी। उन्होंने कह दिया कि कुलदीप पर कातिलाना हमले का मामला नहीं बन रहा। इस पर एसएसपी ने समाज के लोगों से कुलदीप से यह धारा हटाने की बात कह दी।
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यह था मामला
बीती 27 मार्च की रात बेगमपुल पर भारत की जीत के जश्न में बवाल हो गया था। धक्कामुक्की में एक दरोगा से सिख युवक कुलदीप का पटका गिरने और केश खुलने पर कुलदीप और दरोगा में मारपीट हो गई थी। पुलिस कुलदीप को थाने ले गई थी। इस बीच इंस्पेक्टर सदर सदर गजेंद्र पाल सिंह आबूलेन पर जब सिख समाज के लोगों से वार्ता करने पहुंचे थे तो अचानक एक पत्थर इंस्पेक्टर के सिर में आकर लगा था। जिससे वह लहूलुहान हो गए थे। इंस्पेक्टर ने कुलदीप सिंह को नामजद जबकि 25-30 अज्ञात युवकों के खिलाफ कातिलाना हमले समेत संगीन धाराओं में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। पुलिस ने 28 मार्च को कुलदीप को जेल भेज दिया था।

छह अप्रैल से पहले भेज दें रिपोर्ट
समाज के लोगों ने एसएसपी से अनुरोध किया कि कुलदीप की जमानत याचिका पर आगामी छह अप्रैल को सुनवाई होनी है। इस डेट से पहले वह धारा हटाने संबंधी अपनी रिपोर्ट कोर्ट में भेजकर उसकी जमानत में मदद करें। एसएसपी ने कहा कि छह अप्रैल से पहले पुलिस अपनी रिपोर्ट भेज देगी।


पहचाना गया हमलावर
बीते रविवार आबूलेन पर इंस्पेक्टर पर हमला करने वाले की भी पुलिस ने पहचान कर ली है। पुलिस उसकी गिरफ्तारी के प्रयास में लगी है। इसकी जानकारी एसएसपी ने देते हुए बताया कि इस प्रकरण में जिसका जितना दोष होगा, उतनी ही कार्रवाई की जाएगी।

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