फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Meerut News ›   Agreement on murder

हसन की हत्या का समझौता 10 लाख में

Sat, 26 Mar 2016 01:56 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो/ मेरठ
अमर उजाला ब्यूरो/ मेरठ Updated Sat, 26 Mar 2016 01:56 AM IST
विज्ञापन
Agreement on murder
हसन की हत्या के बाद जाम लगाकर हंगामा करते लोग।
सीने में गोली लगने से मरे हसन की मौत की बोली पुलिस-प्रशासन ने दस लाख रुपये लगाई। आरोपियों को क्लीनचिट देने से पहले पुलिस ने पीड़ित परिवार को दस लाख रुपये का चेक दिलवा दिया। इतना ही नहीं, कंकरखेड़ा पुलिस ने आरोपियों से दो लाख रुपये अपना भी खर्चा भी तय कर लिया। अब पुलिस मामले को हादसे का रूप देने की जुगत में लग गई है।
विज्ञापन


पीड़ित परिवार ने करीब दो घंटे तक शव नहीं उठने दिया। उनकी मांग थी कि आरोपियों को सजा और उन्हें 20 लाख रुपये मुआवजा दिया जाए। जिस पर आरोपी हर्षवर्धन गुप्ता व अरुण सैनी को पुलिस और प्रशासनिक अफसरों ने पकड़कर एक कमरे में बैठा लिया। पीड़ित परिवार और आरोपी पक्ष के बीच पुलिस अधिकारियों की मौजूदगी में मीटिंग हुई, जिसमें हर्षवर्धन ने दस लाख रुपये का चेक दे दिया।
विज्ञापन


वहीं, पुलिस और प्रशासनिक अफसरों ने दो लाख रुपये का मुआवजा शासन से दिलाने की बात कही। जिस पर पीड़ित परिवार सहमत हो गया। पुलिस ने बताया कि हसन और उसका बेटा हर्षवर्धन की दुकान पर नौकरी करते थे, जिसके चलते यह मामला जल्द ही निपट गया। 
विज्ञापन
विज्ञापन


हादसे में बदलना चाही हत्या
सेटिंग के बाद पुलिस इस मामले को हत्या से हादसे में बदलने की तैयारी में जुट गई। शुक्रवार दोपहर पुलिस ने बताया कि आरोपी हर्षवर्धन ने जानबूझकर गोली नहीं चलाई। उसका पैर फिसल गया था, जिसके चलते बंदूक से गोली चली। एक गोली हसन को लगी और दूसरी फिरोज को छूकर निकल गई। 

आरोपियों की मेहमाननवाजी 
हसन की हत्या के बाद पुलिस ने आरोपी हर्षवर्धन, श्रवण कुमार और अरुण सैनी को हिरासत में ले लिया। सेटिंग के बाद पुलिस तीनों आरोपियों की मेहमाननवाजी में जुटी हुई है। पुलिस मुकदमे को हादसे में तब्दील करने का खर्च बताकर दो लाख रुपये लेने की जुगत में लगी है। 
दूसरे पक्ष की तरफदारी करने पर मारी गोली 

ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि हसन हर्षवर्धन की दुकान पर बैठा था। दुकान के सामने ही हर्षवर्धन का मकान है। अरुण सैनी और हर्षवर्धन में कहासुनी होने लगी। तभी हसन ने अरुण पक्ष की तरफदारी कर दी। जिस पर हर्षवर्धन ने उसको गोली मारी। हालांकि कुछ ग्रामीणों का कहना है कि हर्षवर्धन और अरुण पक्ष के लोगों में विवाद में बीच बचाव करने में हसन को गोली लगी है। ग्रामीणों की बात को पुलिस मानने को तैयार नहीं है।


ये बोला एसओ ने  
एसओ कंकरखेड़ा यादराम यादव ने कहा कि आरोपी हर्षवर्धन ने दस लाख रुपये का चैक हसन के परिजनों को दिया है। मामला हत्या में दर्ज किया गया है। पुलिस की प्राथमिक जांच में मामला हादसे का लग रहा है। तीन आरोपी हिरासत में है। जांच पड़ताल के बाद ही आरोपियों को जेल भेजा जाएगा। 
विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें हर राज्य और शहर से जुड़ी क्राइम समाचार की
ब्रेकिंग अपडेट।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed