{"_id":"5b7dd6db42c79246494d31a9","slug":"91534973659-meerut-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"स्पोर्ट्स कारोबार की आड़ में चलता मिला ऑनलाइन कैसिनो","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
स्पोर्ट्स कारोबार की आड़ में चलता मिला ऑनलाइन कैसिनो
Updated Thu, 23 Aug 2018 03:04 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मेरठ। वेदव्यासपुरी स्थित एक शापिंग कांप्लेक्स में एसपी सिटी ने बुधवार देर शाम छापा मारकर ऑनलाइन कैसिनो का खुलासा किया है। मौके से दो भाइयों समेत 15 आरोपी गिरफ्तार करने के साथ 13 कंप्यूटर-लैपटॉप 20 मोबाइल फोन और आठ बाइक सहित 31 हजार रुपये बरामद किए गए।
एसपी सिटी रणविजय सिंह ने बताया कि उन्हें सूचना मिली थी कि वेदव्यासपुरी में स्पोर्ट्स गुड्स कारोबार की आड़ में ऑनलाइन कैसिनो चलाया जा रहा है। जिस पर अपनी टीम के साथ वहां छापामारी की गई। जब बताए गए ऑफिस में पुलिस पहुंची तो वहां कई लोग कंप्यूटरों पर काम कर रहे थे। जांच की गई तो सूचना सही निकली। सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर और सामान कब्जे में लेकर थाने लाया गया।
पहले जा चुका जेल
इंस्पेक्टर टीपी नगर गिरजाशंकर त्रिपाठी के अनुसार ऑनलाइन कैसिनो चलाने का मुख्य आरोपी ब्रह्मपुरी निवासी प्रियांक सिंघल है जो साल 2015 में भी ब्रह्मपुरी थाना क्षेत्र से जेल जा चुका है। इसके अलावा मौके से उसका भाई अजय, ब्रह्मपुरी निवासी प्रदीप पाल, शिवम, अनुज, देवेंद्र, मलियाना निवासी सुरेश, रमेश चंद, चेतन, लिसाड़ी गेट निवासी अमजद, शास्त्रीनगर निवासी प्रवीण कुमार भोला रोड निवासी अमित कुमार और दबथुवा सरधना निवासी योगेश, लोकेंद्र के अलावा एक नाबालिग पकड़ा गया। इनमें एक आरोपी पशु चिकित्सक है जबकि कुछ दुकानदार और प्राइवेट नौकरी पेशा हैं। इंस्पेक्टर के अनुसार आरोपियों के खिलाफ जुआ अधिनियम में मुकदमा दर्ज किया जा रहा है।
विज्ञापन
ऐसे चलता था कसीनो
इंस्पेक्टर के अनुसार ये लोग एक से 20 नंबर में कोई एक नंबर चुनने को देते थे। कोई व्यक्ति कितने भी नंबर चुन सकता था। रात को ऑनलाइन रिजल्ट खुलने पर जिसका नंबर निकलता था, उसे 16 गुना तक रकम दी जाती थी। बाकी नंबरों पर लगी रकम इनकी हो जाती थी।
बाहर फर्म का बोर्ड, अंदर जुआ
एसपी सिटी के अनुसार आरोपियों ने कांप्लेक्स की दुकान को ऑफिस बनाया गया था। बाहर स्पोर्ट्स फर्म का बोर्ड लगाया हुआ था। उस पर एक ऑनलाइन शॉपिंग साइट का भी नाम लिखा था। अंदर लोग कंप्यूटरों पर काम करते थे। ऐसे में किसी को शक नहीं होता था। लोग यही समझते थे कि यहां ऑनलाइन स्पोर्ट्स गुड्स की कंपनी चल रही है।
थाना पुलिस को बाद में जानकारी
एसपी सिटी ने गोपनीय ढंग से कार्रवाई की। सूचना मिलते ही वे अपनी एस्कार्ट के साथ छापामारी के लिए निकले। रास्ते में ही उन्होंने इंस्पेक्टर टीपी नगर और उनकी टीम को साथ लिया। लेकिन उन्हें भी ये नहीं बताया गया कि कहां जाना है। बाद में मौके पर जाकर इसके बारे में बताया गया।
खास बातें:
एसपी सिटी ने की वेदव्यासपुरी के कांप्लेक्स में की छापामारी, मौके से 15 गिरफ्तार
20 मोबाइल फोन, 13 कंप्यूटर-लैपटॉप, 8 बाइक और 31 हजार रुपये बरामद
विज्ञापन
एसपी सिटी रणविजय सिंह ने बताया कि उन्हें सूचना मिली थी कि वेदव्यासपुरी में स्पोर्ट्स गुड्स कारोबार की आड़ में ऑनलाइन कैसिनो चलाया जा रहा है। जिस पर अपनी टीम के साथ वहां छापामारी की गई। जब बताए गए ऑफिस में पुलिस पहुंची तो वहां कई लोग कंप्यूटरों पर काम कर रहे थे। जांच की गई तो सूचना सही निकली। सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर और सामान कब्जे में लेकर थाने लाया गया।
विज्ञापन
पहले जा चुका जेल
इंस्पेक्टर टीपी नगर गिरजाशंकर त्रिपाठी के अनुसार ऑनलाइन कैसिनो चलाने का मुख्य आरोपी ब्रह्मपुरी निवासी प्रियांक सिंघल है जो साल 2015 में भी ब्रह्मपुरी थाना क्षेत्र से जेल जा चुका है। इसके अलावा मौके से उसका भाई अजय, ब्रह्मपुरी निवासी प्रदीप पाल, शिवम, अनुज, देवेंद्र, मलियाना निवासी सुरेश, रमेश चंद, चेतन, लिसाड़ी गेट निवासी अमजद, शास्त्रीनगर निवासी प्रवीण कुमार भोला रोड निवासी अमित कुमार और दबथुवा सरधना निवासी योगेश, लोकेंद्र के अलावा एक नाबालिग पकड़ा गया। इनमें एक आरोपी पशु चिकित्सक है जबकि कुछ दुकानदार और प्राइवेट नौकरी पेशा हैं। इंस्पेक्टर के अनुसार आरोपियों के खिलाफ जुआ अधिनियम में मुकदमा दर्ज किया जा रहा है।
विज्ञापन
ऐसे चलता था कसीनो
इंस्पेक्टर के अनुसार ये लोग एक से 20 नंबर में कोई एक नंबर चुनने को देते थे। कोई व्यक्ति कितने भी नंबर चुन सकता था। रात को ऑनलाइन रिजल्ट खुलने पर जिसका नंबर निकलता था, उसे 16 गुना तक रकम दी जाती थी। बाकी नंबरों पर लगी रकम इनकी हो जाती थी।
बाहर फर्म का बोर्ड, अंदर जुआ
एसपी सिटी के अनुसार आरोपियों ने कांप्लेक्स की दुकान को ऑफिस बनाया गया था। बाहर स्पोर्ट्स फर्म का बोर्ड लगाया हुआ था। उस पर एक ऑनलाइन शॉपिंग साइट का भी नाम लिखा था। अंदर लोग कंप्यूटरों पर काम करते थे। ऐसे में किसी को शक नहीं होता था। लोग यही समझते थे कि यहां ऑनलाइन स्पोर्ट्स गुड्स की कंपनी चल रही है।
थाना पुलिस को बाद में जानकारी
एसपी सिटी ने गोपनीय ढंग से कार्रवाई की। सूचना मिलते ही वे अपनी एस्कार्ट के साथ छापामारी के लिए निकले। रास्ते में ही उन्होंने इंस्पेक्टर टीपी नगर और उनकी टीम को साथ लिया। लेकिन उन्हें भी ये नहीं बताया गया कि कहां जाना है। बाद में मौके पर जाकर इसके बारे में बताया गया।
खास बातें:
एसपी सिटी ने की वेदव्यासपुरी के कांप्लेक्स में की छापामारी, मौके से 15 गिरफ्तार
20 मोबाइल फोन, 13 कंप्यूटर-लैपटॉप, 8 बाइक और 31 हजार रुपये बरामद