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फजी मुख्तारनामे से कर दिया बैनामा, होगा एक् शन

Fri, 20 Apr 2018 02:52 AM IST
Updated Fri, 20 Apr 2018 02:52 AM IST
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फजी मुख्तारनामे से कर दिया बैनामा, होगा एक्
शन
मेरठ। आयुक्त मित्र दिवस की अध्यक्षता करते हुए आयुक्त डॉ. प्रभात कुमार ने कहा कि फर्जी मुख्तारनामे से बैनामा करने वाले एमडीए अधिकारियों पर कड़ी कार्रवाई हो। उन्होंने एमडीए के एक मामले में निर्देश दिए।
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विपिन चंद गुलाटी निवासी नई दिल्ली ने शिकायत की थी। कहा कि उनके द्वारा प्राधिकरण की सरधना रोड स्थित आवासीय कालोनी सैनिक विहार में भूखंड़ सं. सी-101 आवंटित करायी गयी थी। लेकिन समस्त धनराशि जमा करने के उपरांत भी प्राधिकरण द्वारा उक्त भूखंड का कब्जा नहीं दिया गया। आरोप था कि उक्त भूखंड का बैनामा फर्जी मुख्तारनामे के आधार पर भागमल सिंह पुत्र नत्थू सिंह के नाम कर दिया गया। उनके द्वारा किसी अन्य को इसे बेच दिया गया। यही नहीं, खरीददार ने एमडीए से इसका मानचित्र स्वीकृत भी करा लिया और प्राधिकरण के अभिलेखों में अपना नाम दर्ज करा दिया। वर्तमान में फर्जी मुख्तारेआम के आधार पर हुए बैनामे के निरस्तीकरण हेतु वाद सक्षम न्यायालय में विचाराधीन है।
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प्रकरण की सुनवाई के बाद आयुक्त ने उपाध्यक्ष एमडीए को निर्देशित किया कि सिविल न्यायालय में आवंटी द्वारा योजित वाद में मेरठ विकास प्राधिकरण को भी पक्षकार बनाया जाए। इस संबंध में जिला शासकीय अधिवक्ता (सिविल) से इस आशय की विधिक राय प्राप्त की जाए कि क्या प्रश्नगत प्रकरण में सिविल न्यायालय में विचाराधीन प्रश्नगत वाद में प्राधिकरण वादी बन सकता है अथवा उसके द्वारा अन्य वाद योजित किया जाना उचित होगा। उन्होंने निर्देशित किया कि एमडीए के अभिलेखों में मूल आवंटी का नाम आवंटी के रूप में दर्ज कराएं। साथ ही ऐसे अधिकारियों, कर्मचारियों को चिह्नित करें, जिनकी मिलीभगत से फर्जी मुख्तारनामे के आधार पर फर्जी बैनामा हुआ। उन पर सख्त एक्शन हो।
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वहीं, दूसरे प्रकरण में शिकायतकर्ता देवदास निवासी गांव रजापुर, गाजियाबाद की शिकायत को सुना गया। कहा गया कि प्रार्थी के पिता चंद्रपाल सिंह की भूमि पर राजस्व अभिलेखों में प्रार्थी का नाम अभी तक दर्ज नहीं कराया गया। उन्होंने राजस्व विभाग के कर्मचारियों से पूर्व में हुई त्रुटि का निराकरण कर खतौनी में अमल दरामद कराने के लिये निर्देशित किया। इस अवसर पर सभी विभागीय अधिकारी मौजूद रहे।
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