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Meerut News: सवालों को समझने में उलझे, लंबे पेपर ने किया मायूस
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संदीप,,,, सीबीएससी बोर्ड परीक्षा छात्रों के वर्जन फोटो अलंक्रिता चौधरी
सीबीएसई की बोर्ड परीक्षाएं शुरू, 35 केंद्रों पर 18, 500 पंजीकृत, 99 फीसदी ने दिया पेपर
-केंद्रों पर रही सख्ती, सीसीटीवी कैमरों से हुई निगरानी
-कई परीक्षार्थियों ने आसान तो कुछ ने कठिन बताया
संवाद न्यूज एजेंसी
मेरठ। केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सीबीएसई) की परीक्षाएं मंगलवार से शुरू हो गई। पहले दिन दसवीं गणित का पेपर हुआ। अधिकांश छात्रों और शिक्षकों का मानना है कि प्रश्नपत्र काफी सीधा और संतुलित था, लेकिन बहुत से छात्रों ने इसे लंबा और उलझाने वाला बताया। इस कारण कई परीक्षार्थी पूरा पेपर हल नहीं कर सके। सीबीएसई की सिटी कोऑर्डिनेटर सपना आहूजा ने बताया कि दसवीं की गणित की परीक्षा 35 परीक्षा केंद्रों पर नकल विहीन परीक्षा हुई। दसवीं में 18,500 परीक्षार्थी पंजीकृत हैं। जिनमें करीब 99 फीसदी उपस्थित रहे। सीसीटीवी कैमरों से निगरानी की गई।
परीक्षा के लिए बोर्ड द्वारा काफी सख्ती की गई थी। केंद्रों पर मुख्यद्वार में घुसते ही परीक्षार्थियों की तलाशी के बाद कक्ष में प्रवेश दिया गया।देहली पब्लिक स्कूल से परीक्षा देकर बाहर आए छात्रों ने बताया कि गणित का पेपर एनसीईआरटी के पाठ्यक्रम के अनुसार था। कोई भी प्रश्न सिलेबस से बाहर का नहीं लगा। हालांकि कई छात्रों ने पेपर को काफी लंबा बताया।कुछ केस स्टडी वाले प्रश्न और कैलकुलेशन वाले सवाल काफी उलझाऊ थे जिन्हें समझने में ही काफी समय लग गया। एक छात्र ने बताया, सवाल कठिन नहीं थे, लेकिन उन्हें हल करने में वक्त लग रहा था। आखिरी के कुछ मिनटों में स्पीड ढ़ानी पड़ी ताकि कोई सवाल छूट न जाए। कुछ परीक्षार्थियों ने बताया कि जिन्होंने एनसीईआरटी और पिछले वर्षों के सैंपल पेपर अच्छे से हल किए थे, उनके लिए यह पेपर बहुत अच्छा रहा।
5 अंकों वाले सवालों ने लिया अधिक समय
सीबीएसई दसवीं गणित के पेपर में कुल 80 अंकों के सवाल पूछे गए थे। जिन्हें हल करने के लिए छात्रों को 3 घंटे का समय दिया गया था। प्रश्न पत्र को कुल 5 सेक्शन में बांटा गया था। सेक्शन ए में 20 बहुविकल्पीय प्रश्न थे। जिनमें से प्रत्येक सवाल एक अंक का था। छात्रों को यह हिस्सा काफी आसान और स्कोरिंग लगा। सेक्शन बी में 2 अंकों वाले 5 अति-लघु उत्तरीय प्रश्न थे। सेक्शन सी में 3 अंकों वाले 6 लघु उत्तरीय प्रश्न शामिल थे। सेक्शन डी में 5 अंकों वाले 4 दीर्घ उत्तरीय प्रश्न थे जिन्हें बहुत से परीक्षार्थियों ने काफी लंबा बताया। छात्रों के अनुसार यही वह हिस्सा था जिसने सबसे ज्यादा समय लिया। सेक्शन ई में 4 अंकों वाले 3 केस स्टडी आधारित प्रश्न थे। केस स्टडी वाले प्रश्नों ने छात्रों की तार्किक क्षमता का परीक्षण किया।
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परीक्षार्थियों की प्रतिक्रिया
-गणित के कुछ प्रश्न काफी कठिन थे जिन्हें हल करने में अधिक समय लग गया। - सारांश
-कई भागों में पेपर आया था, पिछले वर्षों के मुकाबले इस बार काफी कठिन रहा। - अलंकारिता चौधरी
-सवाल पढ़े हुए आए थे। 80 से 90 प्रतिशत तक अंक आने की उम्मीद है। - अनमोल चौधरी
कई सवाल उलझाने वाले थे, समझने में ही काफी वक्त लगा, वैसे पेपर सरल रहा।- दीपाखी
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-केंद्रों पर रही सख्ती, सीसीटीवी कैमरों से हुई निगरानी
-कई परीक्षार्थियों ने आसान तो कुछ ने कठिन बताया
संवाद न्यूज एजेंसी
मेरठ। केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सीबीएसई) की परीक्षाएं मंगलवार से शुरू हो गई। पहले दिन दसवीं गणित का पेपर हुआ। अधिकांश छात्रों और शिक्षकों का मानना है कि प्रश्नपत्र काफी सीधा और संतुलित था, लेकिन बहुत से छात्रों ने इसे लंबा और उलझाने वाला बताया। इस कारण कई परीक्षार्थी पूरा पेपर हल नहीं कर सके। सीबीएसई की सिटी कोऑर्डिनेटर सपना आहूजा ने बताया कि दसवीं की गणित की परीक्षा 35 परीक्षा केंद्रों पर नकल विहीन परीक्षा हुई। दसवीं में 18,500 परीक्षार्थी पंजीकृत हैं। जिनमें करीब 99 फीसदी उपस्थित रहे। सीसीटीवी कैमरों से निगरानी की गई।
परीक्षा के लिए बोर्ड द्वारा काफी सख्ती की गई थी। केंद्रों पर मुख्यद्वार में घुसते ही परीक्षार्थियों की तलाशी के बाद कक्ष में प्रवेश दिया गया।देहली पब्लिक स्कूल से परीक्षा देकर बाहर आए छात्रों ने बताया कि गणित का पेपर एनसीईआरटी के पाठ्यक्रम के अनुसार था। कोई भी प्रश्न सिलेबस से बाहर का नहीं लगा। हालांकि कई छात्रों ने पेपर को काफी लंबा बताया।कुछ केस स्टडी वाले प्रश्न और कैलकुलेशन वाले सवाल काफी उलझाऊ थे जिन्हें समझने में ही काफी समय लग गया। एक छात्र ने बताया, सवाल कठिन नहीं थे, लेकिन उन्हें हल करने में वक्त लग रहा था। आखिरी के कुछ मिनटों में स्पीड ढ़ानी पड़ी ताकि कोई सवाल छूट न जाए। कुछ परीक्षार्थियों ने बताया कि जिन्होंने एनसीईआरटी और पिछले वर्षों के सैंपल पेपर अच्छे से हल किए थे, उनके लिए यह पेपर बहुत अच्छा रहा।
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5 अंकों वाले सवालों ने लिया अधिक समय
सीबीएसई दसवीं गणित के पेपर में कुल 80 अंकों के सवाल पूछे गए थे। जिन्हें हल करने के लिए छात्रों को 3 घंटे का समय दिया गया था। प्रश्न पत्र को कुल 5 सेक्शन में बांटा गया था। सेक्शन ए में 20 बहुविकल्पीय प्रश्न थे। जिनमें से प्रत्येक सवाल एक अंक का था। छात्रों को यह हिस्सा काफी आसान और स्कोरिंग लगा। सेक्शन बी में 2 अंकों वाले 5 अति-लघु उत्तरीय प्रश्न थे। सेक्शन सी में 3 अंकों वाले 6 लघु उत्तरीय प्रश्न शामिल थे। सेक्शन डी में 5 अंकों वाले 4 दीर्घ उत्तरीय प्रश्न थे जिन्हें बहुत से परीक्षार्थियों ने काफी लंबा बताया। छात्रों के अनुसार यही वह हिस्सा था जिसने सबसे ज्यादा समय लिया। सेक्शन ई में 4 अंकों वाले 3 केस स्टडी आधारित प्रश्न थे। केस स्टडी वाले प्रश्नों ने छात्रों की तार्किक क्षमता का परीक्षण किया।
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परीक्षार्थियों की प्रतिक्रिया
-गणित के कुछ प्रश्न काफी कठिन थे जिन्हें हल करने में अधिक समय लग गया। - सारांश
-कई भागों में पेपर आया था, पिछले वर्षों के मुकाबले इस बार काफी कठिन रहा। - अलंकारिता चौधरी
-सवाल पढ़े हुए आए थे। 80 से 90 प्रतिशत तक अंक आने की उम्मीद है। - अनमोल चौधरी
कई सवाल उलझाने वाले थे, समझने में ही काफी वक्त लगा, वैसे पेपर सरल रहा।- दीपाखी

संदीप,,,, सीबीएससी बोर्ड परीक्षा छात्रों के वर्जन फोटो अलंक्रिता चौधरी

संदीप,,,, सीबीएससी बोर्ड परीक्षा छात्रों के वर्जन फोटो अलंक्रिता चौधरी

संदीप,,,, सीबीएससी बोर्ड परीक्षा छात्रों के वर्जन फोटो अलंक्रिता चौधरी

संदीप,,,, सीबीएससी बोर्ड परीक्षा छात्रों के वर्जन फोटो अलंक्रिता चौधरी