फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Meerut News ›   Changing Meerut...everyone will have their own house, it will be easy to go anywhere

बनेंगी दो टाउनशिप: मेरठ में बहेगी विकास की गंगा, हर किसी का होगा अपना घर, फरवरी तक बदल जाएगी शहर की तस्वीर

Wed, 01 Nov 2023 09:19 AM IST
मेरठ ब्यूरो संकल्प रघुवंशी, अमर उजाला, मेरठ
संकल्प रघुवंशी, अमर उजाला, मेरठ Published by: मेरठ ब्यूरो Updated Wed, 01 Nov 2023 09:19 AM IST
सार

Meerut News : प्रदेश कैबिनेट ने मेरठ की नई आवासीय योजना के लिए 200 करोड़ रुपये की मंजूरी दी। यह योजनाएं आवास विकास परिषद और विकास प्राधिकरणों द्वारा लाईं जाएंगी।

विज्ञापन
Changing Meerut...everyone will have their own house, it will be easy to go anywhere
टाउनशिप की प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : सोशल मीडिया

विस्तार

हर किसी को आवास। शहर के चारों तरफ सड़कों की कनेक्टिविटी का जाल। दिल्ली तक जाने की सुगमता के लिए रैपिड रेल और शहर के हर छोर का मेरठ-दिल्ली एक्सप्रेसवे से जुड़ना, शहर के आसपास के पांच जिलों का आपस में जुड़ने से जाम से मुक्ति... ये सपना नहीं, बल्कि आने वाले दिनों में मेरठ की बदली तस्वीर है, जो अगले साल फरवरी तक दिखने लगेगी।

विज्ञापन


गंगा एक्सप्रेस-वे और हापुड़ रोड के बीच 1500 एकड़ जमीन पर नई टाउनशिप बसाने के लिए आवास विकास ने एक कदम और बढ़ा दिया है। कॉस्ट सर्वे पूरा कर लिया गया है। भूमि की दर प्रति वर्ग मीटर 30 हजार रुपए निर्धारित की गई है। टाउनशिप के लिए चिह्नित की गई जमीन के लिए किसानों को दोगुनी कीमत का मुआवजा दिया जाएगा।

विज्ञापन

इसके अलावा प्रदेश कैबिनेट ने मेरठ की नई आवासीय योजना के लिए मंगलवार को 200 करोड़ रुपये की मंजूरी दी। यह योजनाएं आवास विकास परिषद और विकास प्राधिकरणों द्वारा लाईं जाएंगी।

जागृति विहार एक्सटेंशन के बाद 19 साल बाद आवास विकास नई योजना ला रहा है। किसानों को नई भूमि अधिग्रहण नीति के तहत चार गुना मुआवजा देना होता है, लेकिन आवास विकास दोगुना कीमत ही किसानों को देगा।

अधीक्षण अभियंता राजीव कुमार ने बताया कि चंदसारा, जुर्रानपुर, शाकरपुर, बाजौट, जाहिदपुर, ततीना सानी, सलेमपुर, गगोल, नरहेड़ा, ढिकौली, गांव की 1500 एकड़ जमीन चिह्नित की गई है। किसानों से समझौते के आधार पर जमीन ली जाएगी। इसके लिए किसानों से लगातार वार्ता की जा रही है, काफी किसान राजी हो चुके हैं। जमीन की दर की दोगुना कीमत ही आवास विकास देगा।

इन गांवों की जमीन शामिल
चंदसारा, जुर्रानपुर, शाकरपुर, बाजौट, जाहिदपुर, ततीना सानी, सलेमपुर, गगोल, नरहेड़ा, ढिकौली

विज्ञापन

30 लाख का होगा 100 वर्ग मीटर का मकान
अधिशासी अभियंता टीके बनर्जी ने बताया कि कॉस्ट सर्वे किया गया है। टाउनशिप में 30 हजार रुपये प्रति वर्ग मीटर की दर होगी। ऐसे में 100 वर्ग मीटर का मकान 30 लाख रुपये के करीब होगा। उन्होंने बताया कि इसमें उच्च आय वर्ग, मध्यम आय वर्ग, दुर्बल आय वर्ग, ईडब्लूएस आवास का निर्माण होगा।

इसके अलावा जागृति विहार, शास्त्रीनगर आदि योजनाओं की ही तरह अलग-अलग क्षेत्रफल के भूखंड भी उपलब्ध होंगे। वर्टिकल कल्चर को भी इस योजना में अपनाया जाएगा और टावर भी बनाए जाएंगे। अनुमान के मुताबिक, एक लाख लोगों की मकान की जरूरत को यह टाउनशिप पूरा करेगी, जिसके तहत 28 से तीस हजार यूनिट बनाई जाएंगी।

हर तरफ से होगी टाउनशिप में कनेक्टिविटी
नई टाउनशिप के लिए चिह्नित क्षेत्र शहर के भीतर आ चुका है। यहां से चारों ओर जाने के लिए कनेक्टिविटी मिलेगी। गंगा एक्सप्रेस वे का तीस फीसदी से अधिक काम पूरा हो चुका है। इसके बन जाने के बाद मेरठ से प्रयागराज छह घंटे में पहुंच सकेंगे। आने वाले समय में गंगा एक्सप्रेस-वे और दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेस वे को भी जोड़े जाने की तैयारी है। मेडा भी इनर रिंग रोड के तहत दिल्ली रोड को एनएच-58 से जोड़ रहा है। इसके लिए 51 करोड़ की डीपीआर भी तैयार कर ली गई है।

मेडा की टाउनशिप में भी पूरा होगा 1.85 लाख लोगों का घर का सपना
मेरठ विकास प्राधिकरण (मेडा) की परतापुर-मोहिउद्दीनपुर में प्रस्तावित न्यू टाउनशिप में एक लाख 85 हजार लोगों को आशियाना मिलेगा। इसमें 41 हजार परिवार रह सकेंगे। परतापुर-मोहिउद्दीनपुर के बीच 142 हेक्टेयर में प्रदेश की पहली इंटीग्रेटेड टाउनशिप के लिए शासन 503 करोड़ रुपये के बजट की मंजूरी दे चुका है। यहां रिहाइश होने के साथ-साथ व्यवसायिक, औद्योगिक, शैक्षिक गतिविधियां भी होंगी।

नई टाउनशिप की भूमि अर्जन के लिए शासन ने मंजूर की निधि
मुख्यमंत्री की शहरी विस्तारीकरण योजना के तहत सरकार आवास विकास परिषद, विकास प्राधिकरण और विशेष क्षेत्र विकास प्राधिकरणों को भूमि की व्यवस्था करने के लिए सीड कैपीटल यानी पैसे उपलब्ध कराए जाने का प्रावधान है। नई टाउनशिप बसाने और उसे विकसित करने के लिए भूमि अर्जन की लागत का 50 प्रतिशत शासन अधिकतम 20 साल के लिए उपलब्ध कराता है। आवास विभाग दो किस्तों में पैसा देता है। टाउनशिप का न्यूनतम क्षेत्रफल 25 एकड़ होना चाहिए। विशेष परिस्थितियों में राज्य सरकार इसे 12.5 एकड़ कर सकती है। इसी कड़ी में सरकार ने सीट कैपिटल के तौर पर मेरठ के लिए 200 करोड़ रुपये देने का मंगलवार को लिया है।

पांच जिलों को जोड़ेगा शहर के बाहर का सड़कों का जाल
मेरठ शहर के बाहर चौतरफा सड़कों का जाल 2024 तक पूरा हो जाएगा। जनवरी 2024 तक सभी सड़कों पर कार्य पूरा कर लिया जाएगा। इससे शहर चारों तरफ के पांच जिलों से जुड़ जाएगा। साथ ही पांच जिलों की आपस में कनेक्टिविटी होने से इन जिलों में जाने वाले वाहन शहर के बाहर ही बाहर निकल जाएंगे। इससे शहर जाम से मुक्त होगा। कार्यों में तेजी लाने के लिए डीएम हर 10 दिन में विकास कार्यो की मॉनीटरिंग करेंगे। इसके साथ ही पीएमओ स्तर से भी वेस्ट यूपी में चल रहे बड़े प्रोजेक्टों को निगरानी शुरू कर दी गई है।

जिलाधिकारी दीपक मीणा ने मंगलवार को अधिकारियों के साथ बैठक कर कहा कि सड़कों की प्रगति कार्यो के प्रति कोई लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। एनएचएआई द्वारा मेरठ-बिजनौर, गढ़-मेरठ, मेरठ-बुलंदशहर के साथ-साथ आउटर रिंग रोड एनएच-58 से मवाना रोड, किला रोड, गढ़ रोड, हापुड़ रोड से होते हुए मेरठ-दिल्ली एक्सप्रेसवे तक कनेक्टिविटी का सड़क कार्य चल रहा है।

यहां सरपट दौड़ा काम
1-मेरठ-करनावल, मेरठ-बुलंदशहर का कार्य पूरा हो चुका है।
2-गढ़-मेरठ रोड का कार्य 95 फीसदी हो गया है।
3-आउटर रिंग रोड की मुख्य सड़क से कनेक्टिविटी करने के लिए इंटरचेंज बनाए जा चुके हैं।
4- आउटर रिंग रोड पर दौराला से सलारपुर-जलालपुर तक पहला चरण रखा गया है। जिस पर 95 फीसदी कार्य हो चुका व बाकी पांच फीसदी सड़क का कार्य तेजी से चल रहा है।
5-मवाना रोड से आउटर रिंग रोड पर सभी जमीन का अधिग्रहण हो गया और कार्य भी चल रहा है।

यह भी पढ़ें: वंदे भारत ट्रेन हादसा: खुद को कोसता रहा पिता, बोला- बेटी की मान लेता तो बच जाता परिवार, उजड़ गईं तीन जिंदगियां

हाईवे पर बस अड्डे बनेंगे
जिलाधिकारी दीपक मीणा ने बताया कि शहर के बाहर सड़कों का बिछा जाल मेरठ को बिजनौर, शामली, हापुड़, गाजियाबाद और बागपत को जोड़ देगा। किसी भी जनपद में जाने के लिए अब मेरठ शहर में नहीं घुसना पड़ेगा। इसको देखते हुए एनएच-58 पर दो बस अड्डे बनाने की तैयारी भी लगभग पूरी हो चुकी है। दावा है कि एक बस अड्डा पल्लवपुरम और दूसरा वेदव्यासपुरी में बनेगा। इन दोनों बस अड्डे से पांच जनपदों से आने वाले लोगों को काफी फायदा मिलेगा। रैपिड़ में सफर करने वाले की आवाजाही भी बढ़ेगी।

यह भी पढ़ें: UP: मुजफ्फरनगर में दर्दनाक हादसा, डीसीएम से टकराई बाइक, पिता-पुत्री समेत तीन की मौत, मचा कोहराम

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed