{"_id":"6a29a4676801524b9a007903","slug":"acid-attacker-sentenced-to-10-years-in-prison-meerut-news-c-72-1-mct1011-154565-2026-06-10","type":"story","status":"publish","title_hn":"Meerut News: तेजाब फेंकने वाले को 10 साल की सजा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Meerut News: तेजाब फेंकने वाले को 10 साल की सजा
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
मेरठ। लिसाड़ी गेट क्षेत्र में पैसों के लेनदेन को लेकर हुए विवाद में तेजाब फेंकने के मामले में अदालत ने दोषी पाए गए लिसाड़ी गेट के दरियागंज निवासी शहजाद सैफी को 10 वर्ष के कारावास और 11 हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई है।
अभियोजन के अनुसार, लिसाड़ी गेट थाने में वर्ष 2022 में तैनात उपनिरीक्षक सुनील कुमार ने थाने पर प्राथमिकी दर्ज कराते हुए बताया था कि दरियागंज निवासी शहजाद सैफी, हापुड़ अड्डा क्षेत्र की नूरी और सोहराब गेट निवासी नूर आलम के बीच पैसों के लेनदेन को लेकर विवाद हो गया था। विवाद के दौरान मारपीट हुई और एक-दूसरे पर तेजाब फेंका गया, जिससे नूरी और नूर आलम गंभीर रूप से घायल हो गए थे। पुलिस ने 16 मार्च 2022 को प्राथमिकी दर्ज कर विवेचना के बाद आरोप पत्र न्यायालय में दाखिल किया था।
दोनों पक्षों को सुनने के बाद एडीजे-20 की अदालत ने बुधवार को शहजाद सैफी को 10 वर्ष के कठोर कारावास और 10 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। जुर्माना अदा नहीं करने पर अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा। ट्रायल के दौरान सह-अभियुक्त जीशान की मृत्यु हो गई थी।
विज्ञापन
-- -- -- -- -- -- -- -
विज्ञापन
मेरठ। लिसाड़ी गेट क्षेत्र में पैसों के लेनदेन को लेकर हुए विवाद में तेजाब फेंकने के मामले में अदालत ने दोषी पाए गए लिसाड़ी गेट के दरियागंज निवासी शहजाद सैफी को 10 वर्ष के कारावास और 11 हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई है।
अभियोजन के अनुसार, लिसाड़ी गेट थाने में वर्ष 2022 में तैनात उपनिरीक्षक सुनील कुमार ने थाने पर प्राथमिकी दर्ज कराते हुए बताया था कि दरियागंज निवासी शहजाद सैफी, हापुड़ अड्डा क्षेत्र की नूरी और सोहराब गेट निवासी नूर आलम के बीच पैसों के लेनदेन को लेकर विवाद हो गया था। विवाद के दौरान मारपीट हुई और एक-दूसरे पर तेजाब फेंका गया, जिससे नूरी और नूर आलम गंभीर रूप से घायल हो गए थे। पुलिस ने 16 मार्च 2022 को प्राथमिकी दर्ज कर विवेचना के बाद आरोप पत्र न्यायालय में दाखिल किया था।
विज्ञापन
दोनों पक्षों को सुनने के बाद एडीजे-20 की अदालत ने बुधवार को शहजाद सैफी को 10 वर्ष के कठोर कारावास और 10 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। जुर्माना अदा नहीं करने पर अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा। ट्रायल के दौरान सह-अभियुक्त जीशान की मृत्यु हो गई थी।
विज्ञापन