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विवादों के बीच फंसकर रह गया जिला पंचायत का विकास

Mon, 05 Mar 2018 01:56 AM IST
Updated Mon, 05 Mar 2018 01:56 AM IST
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विवादों के बीच फंसकर रह गया जिला पंचायत का विकास
मेरठ।
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जिला पंचायत के विकास कार्य विवादों के बीच फंस कर रह गए हैं। पहले जिला पंचायत अध्यक्ष और सदस्यों का विवाद हुआ तो बाद में अध्यक्ष और एएमए का विवाद हो गया। इन सब विवादों का निपटारा हुआ तो एएमए का ट्रांसफर होने के बाद खाली कुर्सी के न भरने से विकास कार्य प्रभावित हो रहे हैं।
जिला पंचायत का यह बोर्ड शुरुआत से ही विवादित हो गया था। शपथ ग्रहण तो जैसे तैसे सही हुआ, लेकिन उसके बाद एक भी बैठक बिना हंगामे के नहीं हुई। हाल ये रहा कि इन्हीं विवादों के बीच जिला पंचायत अध्यक्ष सीमा प्रधान के खिलाफ अविश्वास का नोटिस जारी हो गया और उन्होंने अपने पद से इस्तीफा दे दिया। इसके बाद हुए उप चुनाव में कुलविंदर सिंह अध्यक्ष चुने गए, लेकिन विवादों ने उनका भी पीछा नहीं छोड़ा। जब विकास कार्यों के प्रस्ताव पास हुए तो उनके विरोधी ही नहीं समर्थक सदस्य भी उनके विरोध में खड़े हो गए। इस विवाद का परिणाम यह रहा कि टेंडर प्रक्रिया ही निरस्त हो गई। विकास कार्यों को पटरी पर लाने के लिए जिला पंचायत अध्यक्ष कुलविंदर सिंह और विरोधी सदस्यों के बीच समझौता हुआ तो सप्ताह भर बाद ही एएमए शिशुपाल शर्मा से उनका विवाद हो गया। यह विवाद कई दिन तक गहराया और पूरी प्रक्रिया अटक गई। बाद में यह विवाद भी सुलझ गया और मंडलायुक्त के सामने सभी पक्षाें ने पेश होकर आपसी सद्भाव और सहमति से जिला पंचायत के विकास कार्य कराने की बात कही।
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इसके बाद माना जा रहा था कि अब जिला पंचायत के विकास कार्य गति पकडे़ंगे। लेकिन इस बीच एएमए शिशुपाल शर्मा का ट्रांसफर हो गया। उनकी जगह करीब 15 दिन बाद भी किसी एएमए की तैनाती नहीं हुई है। जिससे तमाम कार्य फिर से अटके पड़े हैं। वहीं अब वित्तीय वर्ष का अंतिम माह चल रहा है।
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10-12 दिन में हो जाएंगे टेंडर
यह सही है कि जिला पंचायत के विकास कार्य पूरी तरह प्रभावित हो गए हैं। मैं पांच माह में दो बार कार्य योजना बनवा चुका हूं। इसमें पहले 13.50 करोड़ और उसके बाद 17.50 करोड़ की योजना बनाई, लेकिन किसी न किसी कारण से मामला फंसता रहा। एएमए की अनुपस्थिति में अब सीडीओ के माध्यम से टेंडर प्रक्रिया का आदेश कराया है। उम्मीद है कि 10-12 दिन में टेंडर हो जाएंगे और जिला पंचायत के विकास कार्य गति पकड़ लेंगे। कुलविंदर सिंह, जिला पंचायत अध्यक्ष
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