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डेढ़ लाख लोग पाइप लाइन के पानी को तरसे
Updated Thu, 28 Sep 2017 03:03 AM IST
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मेरठ। रोहटा रोड स्थित गोलाबढ़ गांव में डेढ़ लोग पीने के पानी के लिए तरस गए हैं। पांच दिन से टूटी पड़ी लाइन को जोड़ने के लिए नगर निगम, डूडा और राजकीय निर्माण निगम एक दूसरे के पाले में गेंद डाल रहे हैं। पानी न मिलने से परेशान जनता हैंडपंपों का दूषित पानी पीने के लिए मजबूर है।
गोलाबढ़ गांव नगर निगम के नए वार्ड 22 के अंतर्गत आता है। गांव में साफ पानी उपलब्ध कराने के लिए डूडा ने ट्यूबवेल लगाया। इसके संचालन की जिम्मेदारी अभी तक राजकीय निर्माण निगम के पास है। गत शनिवार को ट्यूबवेल के निकट पानी की पाइप लाइन फट गई। इससे पूरे गांव की जलापूर्ति ठप हो गई। लोगों को पाने का पानी नहीं मिलने से काफी परेशानी हो रही है। इस संबंध में समाजसेवी भरत सिंह सैनी का कहना है कि नगर निगम और डूडा में टूटी पाइप लाइन को ठीक करने के लिए प्रार्थना पत्र दे चुके हैं, लेकिन अधिकारी सुनने के लिए तैयार नहीं हैं।
हैंडपंपों का पानी खराब
गोलाबढ़ के हैंडपंपों का पानी पीने योग्य नहीं है। यह रिपोर्ट पूर्व में जल निगम ने भूगर्भ जल की जांच के उपरांत प्रस्तुत की थी। इसके बाद ही ट्यूबवेल लगाई गई। सभी लोग हाउस टैक्स के साथ पानी का टैक्स भी देते हैं।
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शहर में नहीं राजकीय निर्माण निगम के अधिकारी
राजकीय निर्माण निगम ने जहां महानगर में अरबों रुपये से सड़क भवनों का निर्माण किया है वहीं विभिन्न स्थानों पर ट्यूबवेल लगाए। ये ट्यूबवेल अभी तक नगर निगम को हैंडओवर नहीं किए गए हैं। वहीं एक साल पहले से उप्र राजकीय निर्माण निगम के अधिकारियों ने मेरठ छोड़ दिया। उन्होंने अपना कार्यालय भी रुड़की में खोल लिया है। इसलिए उनके विभाग की सभी योजना रामभरोसे हैं।
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वर्जन.........
आई थी शिकायत
टूटी पाइप लाइन की शिकायत हमारे पास आई थी, चूंकि ट्यूबवेल का संचालन उप्र राजकीय निर्माण निगम कर रहा है। उनको शिकायत से अवगत करा दिया गया है। वह पाइप लाइन ठीक कराएंगे। -आरपी सिंह, परियोजना प्रबंधक डूडा।
नगर निगम को नहीं की हैंडओवर
गोलाबढ़ की ट्यूबवेल नगर निगम के हैंडओवर नहीं हुई है। जो संस्था ट्यूबवेल का संचालन कर रही है। वहीं पाइप लाइन को ठीक करेगी। हमने डूडा अधिकारियों को जनता की समस्या से अवगत करा दिया है। - सुनील सिंहल, अवर अभियंता जलकल विभाग नगर निगम।
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गोलाबढ़ गांव नगर निगम के नए वार्ड 22 के अंतर्गत आता है। गांव में साफ पानी उपलब्ध कराने के लिए डूडा ने ट्यूबवेल लगाया। इसके संचालन की जिम्मेदारी अभी तक राजकीय निर्माण निगम के पास है। गत शनिवार को ट्यूबवेल के निकट पानी की पाइप लाइन फट गई। इससे पूरे गांव की जलापूर्ति ठप हो गई। लोगों को पाने का पानी नहीं मिलने से काफी परेशानी हो रही है। इस संबंध में समाजसेवी भरत सिंह सैनी का कहना है कि नगर निगम और डूडा में टूटी पाइप लाइन को ठीक करने के लिए प्रार्थना पत्र दे चुके हैं, लेकिन अधिकारी सुनने के लिए तैयार नहीं हैं।
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हैंडपंपों का पानी खराब
गोलाबढ़ के हैंडपंपों का पानी पीने योग्य नहीं है। यह रिपोर्ट पूर्व में जल निगम ने भूगर्भ जल की जांच के उपरांत प्रस्तुत की थी। इसके बाद ही ट्यूबवेल लगाई गई। सभी लोग हाउस टैक्स के साथ पानी का टैक्स भी देते हैं।
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शहर में नहीं राजकीय निर्माण निगम के अधिकारी
राजकीय निर्माण निगम ने जहां महानगर में अरबों रुपये से सड़क भवनों का निर्माण किया है वहीं विभिन्न स्थानों पर ट्यूबवेल लगाए। ये ट्यूबवेल अभी तक नगर निगम को हैंडओवर नहीं किए गए हैं। वहीं एक साल पहले से उप्र राजकीय निर्माण निगम के अधिकारियों ने मेरठ छोड़ दिया। उन्होंने अपना कार्यालय भी रुड़की में खोल लिया है। इसलिए उनके विभाग की सभी योजना रामभरोसे हैं।
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आई थी शिकायत
टूटी पाइप लाइन की शिकायत हमारे पास आई थी, चूंकि ट्यूबवेल का संचालन उप्र राजकीय निर्माण निगम कर रहा है। उनको शिकायत से अवगत करा दिया गया है। वह पाइप लाइन ठीक कराएंगे। -आरपी सिंह, परियोजना प्रबंधक डूडा।
नगर निगम को नहीं की हैंडओवर
गोलाबढ़ की ट्यूबवेल नगर निगम के हैंडओवर नहीं हुई है। जो संस्था ट्यूबवेल का संचालन कर रही है। वहीं पाइप लाइन को ठीक करेगी। हमने डूडा अधिकारियों को जनता की समस्या से अवगत करा दिया है। - सुनील सिंहल, अवर अभियंता जलकल विभाग नगर निगम।