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लाइसेंस मेडिकल स्टोर का, की जा रही थी डॉक्टरी
Updated Thu, 15 Mar 2018 02:44 AM IST
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लाइसेंस मेडिकल स्टोर का, कर रहे ‘डॉक्टरी’
मेरठ। मेडिकल स्टोर के लाइसेंस पर चिकित्सीय प्रैक्टिस करने का मामला प्रकाश में आया है। शासन के शिकायत पोर्टल पर की गई शिकायत के बाद औषधि प्रशासन की टीम ने छापेमारी कर बिना लेबल की छह दवाओं के नमूने लिए हैं। साथ ही प्रैक्टिस करते पाए जाने पर थाने में तहरीर दी है।
औषधि इंस्पेक्टर पवन कुमार शाक्य ने बताया कि सहायक आयुक्त औषधि मेरठ मंडल द्वारा गठित टीम ने बुधवार दोपहर सरधना के बदरूद्दीनगर में छापा मारा। छापे के दौरान कंकरखेड़ा निवासी संचालक मिला। वह चिकित्सीय प्रैक्टिस से संबंधित अभिलेख नहीं दिखा सका। उसके पास मेडिकल स्टोर का लाइसेंस था, मगर वह आयुर्वेदिक और एलोपैथिक पद्धति से प्रैक्टिस भी कर रहा था। लिहाजा इस मामले में सरधना थाने में इंडियन मेडिसिन एक्ट 1939 की धारा 33 के अंतर्गत तहरीर दी गई है। दवाओं के छह नमूने लिए गए, जिनकी रिपोर्ट आने पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने बताया कि ये नमूने दो एलोपैथिक और चार आयुर्वेदिक दवाओं के लिए हैं। इन पर लेबल नहीं लगा था। बिना चिकित्सीय प्रैक्टिस के अभिलेखों के कोई प्रैक्टिस नहीं कर सकता है। न ही मेडिकल स्टोर के दस्तावेजों से प्रैक्टिस की जा सकती है।
खास बातें:
औषधि प्रशासन की टीम ने की छापेमारी
छह नमूने लिए, थाने में दी तहरीर
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मेरठ। मेडिकल स्टोर के लाइसेंस पर चिकित्सीय प्रैक्टिस करने का मामला प्रकाश में आया है। शासन के शिकायत पोर्टल पर की गई शिकायत के बाद औषधि प्रशासन की टीम ने छापेमारी कर बिना लेबल की छह दवाओं के नमूने लिए हैं। साथ ही प्रैक्टिस करते पाए जाने पर थाने में तहरीर दी है।
औषधि इंस्पेक्टर पवन कुमार शाक्य ने बताया कि सहायक आयुक्त औषधि मेरठ मंडल द्वारा गठित टीम ने बुधवार दोपहर सरधना के बदरूद्दीनगर में छापा मारा। छापे के दौरान कंकरखेड़ा निवासी संचालक मिला। वह चिकित्सीय प्रैक्टिस से संबंधित अभिलेख नहीं दिखा सका। उसके पास मेडिकल स्टोर का लाइसेंस था, मगर वह आयुर्वेदिक और एलोपैथिक पद्धति से प्रैक्टिस भी कर रहा था। लिहाजा इस मामले में सरधना थाने में इंडियन मेडिसिन एक्ट 1939 की धारा 33 के अंतर्गत तहरीर दी गई है। दवाओं के छह नमूने लिए गए, जिनकी रिपोर्ट आने पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने बताया कि ये नमूने दो एलोपैथिक और चार आयुर्वेदिक दवाओं के लिए हैं। इन पर लेबल नहीं लगा था। बिना चिकित्सीय प्रैक्टिस के अभिलेखों के कोई प्रैक्टिस नहीं कर सकता है। न ही मेडिकल स्टोर के दस्तावेजों से प्रैक्टिस की जा सकती है।
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खास बातें:
औषधि प्रशासन की टीम ने की छापेमारी
छह नमूने लिए, थाने में दी तहरीर