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फिर लगी तहसील मार्ग पर साप्ताहिक पैंठ
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मवाना। क्षेत्र में रविवार को लगने वाली साप्ताहिक पैंठ एक बार फिर तहसील मार्ग पर लगी। जिसके कारण यहां से गुजरने वाले लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा।
उल्लेखनीय है कि सीओ पंकज कुमार का स्थानांतरण हो जाने के बाद से रविवार को लगने वाली साप्ताहिक पैंठ बेखौफ होकर तहसील मार्ग पर लग रही है। तत्कालीन सीओ पंकज कुमार ने अपने कार्यालय में साप्ताहिक पैंठ को सड़क पर नहीं लगने दिया था। लेकिन उनके स्थानांतरण होते ही ठेकेदार बेखौफ हो गया।
आज रविवार को भी बेखौफ होकर साप्ताहिक पैंठ की दुकानें तहसील मार्ग पर लगी। यह हाल तो तब था कि जब आज तहसील खुली थी तथा अधिकारी व कर्मचारी तहसील के अंदर उपस्थित थे। लेकिन किसी ने भी इस ओर ध्यान नहीं दिया। आरोप है कि राजनीतिक दवाब के चलते पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी अनजान बने रहते हैं। इसी कारण बेखौफ हो साप्ताहिक पैंठ की दुकानें सड़क पर लगती हैं। साप्ताहिक पैंठ में युवतियों से छेड़छाड़ भी होती है। शिकायत के बाद भी कार्रवाई नहीं होती जिससे लोग परेशान है।
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उल्लेखनीय है कि सीओ पंकज कुमार का स्थानांतरण हो जाने के बाद से रविवार को लगने वाली साप्ताहिक पैंठ बेखौफ होकर तहसील मार्ग पर लग रही है। तत्कालीन सीओ पंकज कुमार ने अपने कार्यालय में साप्ताहिक पैंठ को सड़क पर नहीं लगने दिया था। लेकिन उनके स्थानांतरण होते ही ठेकेदार बेखौफ हो गया।
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आज रविवार को भी बेखौफ होकर साप्ताहिक पैंठ की दुकानें तहसील मार्ग पर लगी। यह हाल तो तब था कि जब आज तहसील खुली थी तथा अधिकारी व कर्मचारी तहसील के अंदर उपस्थित थे। लेकिन किसी ने भी इस ओर ध्यान नहीं दिया। आरोप है कि राजनीतिक दवाब के चलते पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी अनजान बने रहते हैं। इसी कारण बेखौफ हो साप्ताहिक पैंठ की दुकानें सड़क पर लगती हैं। साप्ताहिक पैंठ में युवतियों से छेड़छाड़ भी होती है। शिकायत के बाद भी कार्रवाई नहीं होती जिससे लोग परेशान है।
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